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लंबित मांगों को लेकर सरपंचों ने शुरू की क्रमिक भूख हड़ताल
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मांगों के लिए क्रमिक भूख हड़ताल पर बैठक सरपंच और पंच।
- फोटो : UDHAMPUR
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उधमपुर। मनरेगा की राशि का भुगतान करने, सरपंच व पंचों का मानदेय बढ़ाने व अन्य लंबित मांगों को पूरा करने की मांग को लेकर शुक्रवार को सरपंच व पंचों ने क्रमिक भूख हड़ताल शुरू कर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि सरकार ने सरपंच के मानदेय में 500 रुपये बढ़ोतरी कर मजाक किया है। मनरेगा की राशि का भुगतान न किए जाने के कारण ग्रामीणों की परेशानियां लगातार बढ़ती जा रही हैं।
आल जेएंडके पंचायत कांफ्रेंस के जिला प्रधान संसार सिंह जमवाल के नेेतृत्व में उधमपुर और जगानू ब्लाक के सरपंचों ने बीडीओ कार्यालय के बाहर धरना देकर क्रमिक भूख हड़ताल की शुरूआत की। इस दौरान केंद्र व राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी भी गई। प्रदर्शन के दौरान संसार सिंह जमवाल ने कहा कि कुछ दिन पहले सरकार ने सरपंच के मानदेय में 500 रुपये बढ़ोतरी करने का एलान किया। सरकार ने उनके साथ मजाक किया है। लंबे समय से सरपंच का मानदेय करीब 25 हजार और पंच का मानदेय करीब दस हजार रुपये करने की मांग की जा रही है, लेकिन सरकार इस मांग को नजर अंदाज कर रही है। पंचायत कांफ्रेंस की मांग है कि जल्द से जल्द मानदेय में बढ़ोतरी कर राहत प्रदान की जाए। सरकार की तरफ से मनरेगा की राशि का कई महीनों से भुगतान नहीं किया गया है, जबकि पूरे राज्य मे करीब एक हजार करोड़ रुपये की राशि का भुगतान किया जाना है।
मनरेगा की दिहाड़ी लगाने वाले ग्रामीणों को कई माह से राशि का भुगतान नहीं किया है। राशि न मिलने के कारण सभी ग्रामीण आर्थिक परेशानियों से जूझने को मजबूर हैं। मनरेगा की राशि का भुगतान को लेकर ग्रामीण सरपंच व पंचों पर दबाव बना रहे हैं और सरपंच व पंच कुछ नहीं कर पा रहे हैं। इसके कारण ग्रामीण इलाकों में कई विकास कार्य भी बुरी तरह से प्रभावित हैं। सभी की मांग है कि प्रत्येक पंचायत के विकास के लिए कम से कम 25 लाख रुपये के फंड उपलब्ध कराए जाने चाहिए। हर घर में पंचायत घर का भी निर्माण किया जाना चाहिए। प्रत्येक पंचायत में एक चौकीदार भी नियुक्त किया जाना चाहिए। उन्होंने बताया क्रमिक भूख हड़ताल 30 दिसंबर तक चलेगी। जब सरकार मांगों का पूरा नहीं करेगी, तब तक आंदोलन इसी तरह से जारी रहेगा।
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इस मौके पर पुरुषोत्तम लाल गुप्ता, मनमोहन रैना, कृष्ण सिंह, मदन लाल, मदन शर्मा, रमेश लाल, रतन सिंह, नीलमा देवी, बोध राज, सुदेश व अन्य मौजूद थे।
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आल जेएंडके पंचायत कांफ्रेंस के जिला प्रधान संसार सिंह जमवाल के नेेतृत्व में उधमपुर और जगानू ब्लाक के सरपंचों ने बीडीओ कार्यालय के बाहर धरना देकर क्रमिक भूख हड़ताल की शुरूआत की। इस दौरान केंद्र व राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी भी गई। प्रदर्शन के दौरान संसार सिंह जमवाल ने कहा कि कुछ दिन पहले सरकार ने सरपंच के मानदेय में 500 रुपये बढ़ोतरी करने का एलान किया। सरकार ने उनके साथ मजाक किया है। लंबे समय से सरपंच का मानदेय करीब 25 हजार और पंच का मानदेय करीब दस हजार रुपये करने की मांग की जा रही है, लेकिन सरकार इस मांग को नजर अंदाज कर रही है। पंचायत कांफ्रेंस की मांग है कि जल्द से जल्द मानदेय में बढ़ोतरी कर राहत प्रदान की जाए। सरकार की तरफ से मनरेगा की राशि का कई महीनों से भुगतान नहीं किया गया है, जबकि पूरे राज्य मे करीब एक हजार करोड़ रुपये की राशि का भुगतान किया जाना है।
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मनरेगा की दिहाड़ी लगाने वाले ग्रामीणों को कई माह से राशि का भुगतान नहीं किया है। राशि न मिलने के कारण सभी ग्रामीण आर्थिक परेशानियों से जूझने को मजबूर हैं। मनरेगा की राशि का भुगतान को लेकर ग्रामीण सरपंच व पंचों पर दबाव बना रहे हैं और सरपंच व पंच कुछ नहीं कर पा रहे हैं। इसके कारण ग्रामीण इलाकों में कई विकास कार्य भी बुरी तरह से प्रभावित हैं। सभी की मांग है कि प्रत्येक पंचायत के विकास के लिए कम से कम 25 लाख रुपये के फंड उपलब्ध कराए जाने चाहिए। हर घर में पंचायत घर का भी निर्माण किया जाना चाहिए। प्रत्येक पंचायत में एक चौकीदार भी नियुक्त किया जाना चाहिए। उन्होंने बताया क्रमिक भूख हड़ताल 30 दिसंबर तक चलेगी। जब सरकार मांगों का पूरा नहीं करेगी, तब तक आंदोलन इसी तरह से जारी रहेगा।
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इस मौके पर पुरुषोत्तम लाल गुप्ता, मनमोहन रैना, कृष्ण सिंह, मदन लाल, मदन शर्मा, रमेश लाल, रतन सिंह, नीलमा देवी, बोध राज, सुदेश व अन्य मौजूद थे।