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जम्मू-कश्मीर: हिजबुल के सरगना सैयद सलाहुद्दीन पर एनआईए का शिकंजा, कोर्ट ने जारी किया गैर जमानती वारंट
Sat, 20 Dec 2025 06:59 PM IST
निकिता गुप्ता
अमर उजाला नेटवर्क, श्रीनगर
अमर उजाला नेटवर्क, श्रीनगर
Published by: निकिता गुप्ता
Updated Sat, 20 Dec 2025 06:59 PM IST
सार
जम्मू-कश्मीर की एनआईए विशेष अदालत ने पाकिस्तान स्थित हिजबुल मुजाहिद्दीन के प्रमुख मोहम्मद यूसुफ शाह के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया है।अदालत ने गिरफ्तारी से बचने के आरोप में पुलिस को उसे पकड़ने का निर्देश दिया।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : Adobe Stock
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विस्तार
जम्मू-कश्मीर के बडगाम जिले की एनआईए विशेष अदालत ने पाकिस्तान स्थित हिजबुल मुजाहिद्दीन के प्रमुख मोहम्मद यूसुफ शाह उर्फ सैयद सलाहुद्दीन के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया है और पुलिस को उसे गिरफ्तारी का निर्देश दिया है।
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एनआईए एक्ट के तहत विशेष न्यायाधीश की अदालत ने यह कार्रवाई उन मामलों की सुनवाई के बाद की, जो अवैध गतिविधियों निवारण अधिनियम (यूएपीए) और रांबीर दंड संहिता (आरपीसी) की धारा 506 के तहत दर्ज थे। अदालत ने कहा कि जांच अधिकारी ने पर्याप्त साक्ष्य इकट्ठा किए हैं, जो प्रारंभिक रूप से शाह को सांप्रदायिक संप्रभुता के खिलाफ, आतंकवादी साजिश और आतंकवादी गतिविधियों में शामिल ठहराते हैं।
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अदालत ने कहा कि आरोपी गिरफ्तारी से बच रहा है, इसलिए उसके खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया गया है। साथ ही जम्मू-कश्मीर पुलिस को एफआईआर के संबंध में उसे गिरफ्तार करने का निर्देश दिया गया है।
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सैयद सलाहुद्दीन 1993 में पाकिस्तान भाग गया था और 2020 में भारत सरकार द्वारा उसे आतंकवादी घोषित किया गया। वह वर्तमान में पाकिस्तान से ही सक्रिय है और संयुक्त जिहाद काउंसिल (यूजेसी) का भी प्रमुख है जो कई आतंकवादी संगठनों का समूह है।
एनआईए ने 2023 में सलाहुद्दीन और उसके दो बेटों से जुड़े संपत्तियों को भी जब्त किया था। उनके बेटों को 2021 में आतंकवादी फंडिंग मामले में गिरफ्तार होने के बाद सरकारी सेवाओं से हटा दिया गया था।