{"_id":"6a12bfadef30f12f720bcdf9","slug":"ladakh-achieved-in-7-years-what-jammu-and-kashmir-could-not-achieve-in-70-years-2026-05-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"पीडीपी नेता बोले: लद्दाख ने सात साल में कर दिखाया जो जम्मू-कश्मीर 70 साल में नहीं कर सका, बढ़ी सियासी चर्चा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पीडीपी नेता बोले: लद्दाख ने सात साल में कर दिखाया जो जम्मू-कश्मीर 70 साल में नहीं कर सका, बढ़ी सियासी चर्चा
Sun, 24 May 2026 02:37 PM IST
Nikita Gupta
अमर उजाला, नेटवर्क श्रीनगर
अमर उजाला, नेटवर्क श्रीनगर
Published by: Nikita Gupta
Updated Sun, 24 May 2026 02:37 PM IST
सार
पीडीपी नेता वहीद परा ने कहा कि लद्दाख ने सिर्फ सात वर्षों में वह हासिल कर लिया है जो जम्मू-कश्मीर पिछले 70 वर्षों में नहीं कर सका।
विज्ञापन
पीडीपी नेता वाहिद उर रहमान पारा
- फोटो : ANI
विस्तार
पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) के विधायक वहीद परा ने रविवार को कहा कि लद्दाख के लोगों ने सिर्फ सात वर्षों में वह उपलब्धि हासिल कर ली है, जो जम्मू-कश्मीर पिछले 70 वर्षों में नहीं कर सका।
विज्ञापन
यह बयान उन्होंने केंद्र सरकार द्वारा लद्दाख के लिए संवैधानिक सुरक्षा उपायों का प्रस्ताव दिए जाने के एक दिन बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर पोस्ट करते हुए दिया। परा ने कहा कि इसमें जम्मू-कश्मीर के लिए भी एक बड़ा सबक छिपा है। केंद्र सरकार ने लद्दाख के लिए अनुच्छेद 371 के तहत संवैधानिक सुरक्षा और एक विधायी निकाय का प्रस्ताव दिया है, हालांकि यह अभी चर्चा के चरण में है और कोई अंतिम समझौता नहीं हुआ है।
विज्ञापन
लद्दाख के कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने बताया कि सरकार ने क्षेत्र को अनुच्छेद 371A और 371G जैसी सुरक्षा देने और पूरे लद्दाख के लिए एक समान शासन व्यवस्था पर सहमति जताई है। वहीं कारगिल डेमोक्रेटिक अलायंस (केडीए) के सदस्य सज्जाद कारगिली ने बताया कि केंद्र ने लद्दाख के लिए विधायी, कार्यकारी, प्रशासनिक और वित्तीय अधिकारों का भी प्रस्ताव दिया है और इस पर कानूनी विशेषज्ञों से चर्चा जारी है।
विज्ञापन