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डीएसपी लिंचिंग मामले में जेल में बंद युवकों के परिजनों का प्रदर्शन
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श्रीनगर। डीएसपी की हत्या मामले में जेल में बंद युवाओं के परिजनों ने रिहाई की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। उन्होंने उपराज्यपाल से न्याय करने की अपील की। उन्होंने कहा कि अगर हमारे बेटे अधिकारी की हत्या में शामिल हैं तो उन्हें दंडित किया जाना चाहिए, नहीं तो उन्हें रिहा किया जाए। लंबी कानूनी प्रक्रिया के चलते युवक जेल में बंद हैं और परिजन परेशान हैं। उन्होंने मांग की कि कानूनी प्रक्रिया में तेजी लाई जाए।
डीएसपी मोहम्मद अयूब पंडित की 23 जून 2017 को श्रीनगर के डाउनटाउन इलाके नौहट्टा में स्थित जामिया मस्जिद में भीड़ ने पीट-पीटकर हत्या कर दी थी। घटना के बाद पुलिस ने दावा किया था कि पुलिस अधिकारी की लिंचिंग के मामले में 20 से अधिक आरोपियों को गिरफ्तार किया है, हालांकि, गिरफ्तार युवक के परिवारों ने उन्हें बेगुनाह बताकर रिहाई की मांग की थी।
बुधवार को कुछ परिवारों ने श्रीनगर के प्रेस एन्क्लेव में शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया। उन्होंने डीएसपी की तस्वीर वाला बैनर पकड़ रखा था। उसमें लिखा था, कानूनी प्रक्रिया में तेजी लाई जाए और बेगुनाहों को रिहा और दोषियों को सजा दी जाए।
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डीएसपी मोहम्मद अयूब पंडित की 23 जून 2017 को श्रीनगर के डाउनटाउन इलाके नौहट्टा में स्थित जामिया मस्जिद में भीड़ ने पीट-पीटकर हत्या कर दी थी। घटना के बाद पुलिस ने दावा किया था कि पुलिस अधिकारी की लिंचिंग के मामले में 20 से अधिक आरोपियों को गिरफ्तार किया है, हालांकि, गिरफ्तार युवक के परिवारों ने उन्हें बेगुनाह बताकर रिहाई की मांग की थी।
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बुधवार को कुछ परिवारों ने श्रीनगर के प्रेस एन्क्लेव में शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया। उन्होंने डीएसपी की तस्वीर वाला बैनर पकड़ रखा था। उसमें लिखा था, कानूनी प्रक्रिया में तेजी लाई जाए और बेगुनाहों को रिहा और दोषियों को सजा दी जाए।
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