हाईवे की जगह अब रेलवे: घाटी में कार पहुंचाने का रास्ता हुआ आसान, पहली बार रेल से पहुंची मारुति की कारें
मारुति सुजुकी की 116 नई कारों की पहली खेप मानेसर प्लांट से ट्रेन के जरिए कश्मीर के अनंतनाग पहुंची, जिससे घाटी में ऑटोमोबाइल सप्लाई का नया दौर शुरू हुआ। रेल मार्ग से वाहन भेजे जाने से अब जम्मू-कश्मीर हाईवे की दिक्कतों से राहत मिलेगी।
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जम्मू-कश्मीर में पहली बार घाटी को सीधे रेल मार्ग से कारों की आपूर्ति शुरू हो गई है। शुक्रवार सुबह दक्षिण कश्मीर के अनंतनाग स्थित गुड्स शेड पर मारुति सुजुकी के 116 नए वाहन लेकर पहली ऑटोमोबाइल रेक पहुंची।
ये सभी वाहन मारुति सुजुकी के मानेसर (हरियाणा) स्थित संयंत्र से लाए गए हैं। अधिकारियों ने बताया कि अब तक घाटी में कारों की आपूर्ति मुख्य रूप से जम्मू से सड़क मार्ग से होती थी, जो तकरीबन 300 किलोमीटर लंबा है और अक्सर खराब मौसम या भूस्खलन के कारण बाधित रहता है, खासकर सर्दियों में।
अब इस नई शुरुआत के साथ, मारुति सुजुकी भारत की पहली ऑटोमोबाइल कंपनी बन गई है, जिसने भारतीय रेल के माध्यम से कश्मीर घाटी में कारों की आपूर्ति शुरू की है।
यह पहली खेप मानेसर प्लांट की नई इन-प्लांट रेलवे साइडिंग से रवाना हुई थी, जिसमें ब्रेजा, डिजायर, वैगनआर, एस-प्रेसो समेत कई मॉडल शामिल हैं।
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इस मौके पर कहा, जम्मू-कश्मीर के लिए रेलवे लाइन गेम चेंजर साबित हो रही है। पहले कश्मीर से सेब रेल मार्ग से भेजे जा रहे थे, अब कारें भी घाटी तक पहुंच रही हैं।
मारुति सुजुकी इंडिया के प्रबंध निदेशक और सीईओ, हिसाशी ताकेउचि ने कहा, रेल परिवहन हमारी लॉजिस्टिक्स रणनीति का अहम हिस्सा है। पीएम गति शक्ति योजना के तहत हमने मानेसर और गुजरात प्लांट में रेलवे साइडिंग स्थापित की है, जिससे देशभर में गाड़ियों की सप्लाई आसान होती है।
श्रीनगर में मारुति के सबसे बड़े डीलर जमकाश व्हीकलड्स (कश्मीर) प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक इर्फान अहमद नारवरू ने बताया, सड़क की स्थिति खराब रहती है, ऐसे में रेल परिवहन से कारें सीधी घाटी में आना एक बड़ी राहत है। इससे ग्राहकों को बिल्कुल नई गाड़ियां मिलेंगी, जिनमें 300 किलोमीटर तक की ड्राइविंग नहीं हुई होगी। साथ ही समय की भी बचत होगी।
यह कदम न केवल लॉजिस्टिक्स को किफायती बनाएगा, बल्कि ग्राहकों के अनुभव को भी बेहतर बनाएगा। विशेषज्ञों के अनुसार, आने वाले समय में घाटी में कारों की उपलब्धता में तेजी से सुधार होगा।