{"_id":"632d8ddc70644c3ea3614c92","slug":"cyclists-from-india-and-nepal-will-cover-a-distance-of-300-km-in-three-days-kashmir","type":"story","status":"publish","title_hn":"कश्मीर: तीन दिन में 300 किमी की दूरी तय करेंगे भारत और नेपाल के साइकिलिस्ट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कश्मीर: तीन दिन में 300 किमी की दूरी तय करेंगे भारत और नेपाल के साइकिलिस्ट
Fri, 23 Sep 2022 04:14 PM IST
kumar गुलशन कुमार
अमर उजाला नेटवर्क, श्रीनगर
अमर उजाला नेटवर्क, श्रीनगर
Published by: kumar गुलशन कुमार
Updated Fri, 23 Sep 2022 04:14 PM IST
सार
साइक्लोथॉन का उद्देश्य कश्मीर को बेहतर तरीके से जानना है। साइकिलिस्ट नशा मुक्त अभियान का संदेश भी लेकर जाएंगे। लगभग 60 वर्ष से अधिक आयु के साइकिलिस्ट को इस इवेंट में भाग लेते देखना अच्छा लग रहा है।
विज्ञापन
Srinagar
- फोटो : सोशल मीडिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
श्रीनगर के रॉयल स्प्रिंग गोल्फ कोर्स से कश्मीर साइक्लोथॉन को मुख्य सचिव डॉ. अरुण कुमार मेहता ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया है। यह साइक्लोथॉन इवेंट तीन दिन में घाटी के आठ अनछुए गंतव्यों को कवर करेगा। भारत और नेपाल के लगभग 60 साइकिलिस्ट इस साइक्लोथॉन में भाग ले रहे हैं।
विज्ञापन
इस अवसर पर पत्रकारों से बात करते हुए डॉ. मेहता ने कहा, साइक्लोथॉन का उद्देश्य कश्मीर को बेहतर तरीके से जानना है। साइकिलिस्ट नशा मुक्त अभियान का संदेश भी लेकर जाएंगे। लगभग 60 वर्ष से अधिक आयु के साइकिलिस्ट को इस इवेंट में भाग लेते देखना अच्छा लग रहा है। मेहता ने कहा कि प्रतिभागी तीन दिनों में 300 किलोमीटर की दूरी तय करेंगे।
विज्ञापन
वहीं पर्यटन सचिव सरमद हफीज ने कहा कि कश्मीर साइकिलिंग और माउंटेन बाइकिंग के लिए बेहतरीन स्थलों में से एक है। उन्होंने कहा, हमारे पास सुंदर गंतव्य हैं, जिनकी संभावनाओं का दोहन नहीं किया गया है। हमने कई नए स्थानों की पहचान की है ताकि पर्यटक वहां पहुंचे और लोगों को फायदा हो। साइकिलिस्ट इस इवेंट के लिए वेरीनाग, कुकरनाग, डक्सुम, वासकनाग, दुबजन, अहरबल, शिकारगाह से होकर निकलेंगेे।
विज्ञापन
श्रीनगर के जगजीत सिंह ने कहा, यह इवेंट हमें और साथ ही बाहरी राज्यों से आए साइकिलिस्ट को उन क्षेत्रों का पता लगाने का मौका देगा, जिनके बारे में हमने आमतौर पर नहीं सुना है। मैं इस आयोजन के लिए पर्यटन विभाग का शुक्रिया अदा करता हूं। उम्मीद है कि राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के साइकिलिंग इवेंट भी यहां आयोजित किए जाएं। वहीं दिल्ली से इस इवेंट में भाग लेने आए सुचंदा ने कहा कि साइकिल चलाना घाटी का पता लगाने का सबसे अच्छा तरीका है। उन्होंने कहा, यह हमारे लिए अनछुए स्थलों का पता लगाने का एक शानदार अवसर है। मुझे यकीन है कि यह एक शानदार अनुभव होगा।