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Kathua News: उज्ज दरिया से सटे भंबड़वां गांव में दिखे तीन संदिग्ध, तलाश जारी
Wed, 30 Jul 2025 12:43 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
Updated Wed, 30 Jul 2025 12:43 AM IST
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उज्ज दरिया से सटे इलाके में तलाशी अभियान चलाते हुए एसओजी। संवाद
पहाड़ों को जाने वाला रूट सील जगह-जगह लगाए औचक नाके
महिला ने सोमवार रात को संदिग्ध देखने के बाद ग्रामीणों और पुलिस को दी सूचना
कठुआ/हीरानगर। उज्ज दरिया के किनारे भंबड़वां गांव में एक महिला को तीन हथियारबंद संदिग्ध दिखने के बाद सुरक्षा बलों ने सर्च ऑपरेशन शुरू किया है। सोमवार रात नौ बजे की घटना के बाद सुरक्षा बलों ने पूरे इलाके में तलाशी अभियान चलाया।
उज्ज दरिया की घुसपैठ को लेकर संवेदनशीलता को देखते हुए सुरक्षाबल इनपुट को हल्के में नहीं ले रहे हैं। इलाके में रात भर घेराबंदी के बाद तलाशी अभियान चलाया गया। सेना ने उज्ज दरिया के रास्ते पहाड़ों को जाने वाले रूट को सील कर दिया है। जगह-जगह औचक नाके लगाए गए हैं।
बिलावर की ओर जाने वाले सभी मार्ग निगरानी में हैं। मंगलवार को दरिया और आसपास के इलाके में संदिग्धों की तलाश जारी रही। प्रत्यक्षदर्शी महिला ने बताया कि पति को खाना देने के बाद वह घर से बाहर निकली थी। उसने कुछ दूरी पर टाॅर्च लेकर जा रहे तीन संदिग्ध लोग देखे। पहले उसे लगा कि कोई ग्रामीण जा रहा होगा, लेकिन बाद में जब ध्यान से देखा तो उनकी पीठ पर पिटठू बैग और हथियार लदे हुए थे। घबराकर वह घर की तरफ लौट आई और डर के मारे घर का दरवाजा बंद कर लिया। महिला ने बताया कि उसने अपने पति को जानकारी दी। इसके बाद मोहल्ले के लोगों को बताया और फिर पुलिस को सूचित किया। मौके पर पहुंची पुलिस और अन्य बलों ने तलाशी अभियान शुरू कर दिया है। उन्होंने बताया कि घर के नजदीक हथियारबंद लोगों के दिखने से वह सहमे हुए हैं।
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बरसात और दरिया घुसपैठ के लिए बेहद संवेदनशील
हीरानगर सेक्टर से गुजरने वाले दरियाई नाले कई बार घुसपैठ के लिए इस्तेमाल हो चुके हैं। पिछले ढाई दशक से यह रूट संवेदनशील बने हुए हैं। हीरानगर सेक्टर में पहाड़पुर-मादा-भाग नाला से छब्बे चक-उज्ज राजबाग, पानसर-बसेरा नाला से हरियाचक, शाप नाला से किशनपुर, मनियारी-मंडियाल-तरनाह नाला से हाईवे, बेई नाला-जांडी नाला, तरनाह नाला-लोंडी मोड़, करोल कृष्णा-चकड़ा से चड़वाल हाईवे, चंदवां से हरिपुर-पाट्टल से हाईवे घुसपैठ के पुराने रूट रहे हैं। घुसपैठ के पुराने रूट को भले ही सुरक्षाबलों ने सील कर दिया हो, लेकिन आतंकी इस रूट का इस्तेमाल आज भी कर रहे हैं। खासकर उज्ज दरिया और इसके सहायक नालों का।
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महिला ने सोमवार रात को संदिग्ध देखने के बाद ग्रामीणों और पुलिस को दी सूचना
कठुआ/हीरानगर। उज्ज दरिया के किनारे भंबड़वां गांव में एक महिला को तीन हथियारबंद संदिग्ध दिखने के बाद सुरक्षा बलों ने सर्च ऑपरेशन शुरू किया है। सोमवार रात नौ बजे की घटना के बाद सुरक्षा बलों ने पूरे इलाके में तलाशी अभियान चलाया।
उज्ज दरिया की घुसपैठ को लेकर संवेदनशीलता को देखते हुए सुरक्षाबल इनपुट को हल्के में नहीं ले रहे हैं। इलाके में रात भर घेराबंदी के बाद तलाशी अभियान चलाया गया। सेना ने उज्ज दरिया के रास्ते पहाड़ों को जाने वाले रूट को सील कर दिया है। जगह-जगह औचक नाके लगाए गए हैं।
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बिलावर की ओर जाने वाले सभी मार्ग निगरानी में हैं। मंगलवार को दरिया और आसपास के इलाके में संदिग्धों की तलाश जारी रही। प्रत्यक्षदर्शी महिला ने बताया कि पति को खाना देने के बाद वह घर से बाहर निकली थी। उसने कुछ दूरी पर टाॅर्च लेकर जा रहे तीन संदिग्ध लोग देखे। पहले उसे लगा कि कोई ग्रामीण जा रहा होगा, लेकिन बाद में जब ध्यान से देखा तो उनकी पीठ पर पिटठू बैग और हथियार लदे हुए थे। घबराकर वह घर की तरफ लौट आई और डर के मारे घर का दरवाजा बंद कर लिया। महिला ने बताया कि उसने अपने पति को जानकारी दी। इसके बाद मोहल्ले के लोगों को बताया और फिर पुलिस को सूचित किया। मौके पर पहुंची पुलिस और अन्य बलों ने तलाशी अभियान शुरू कर दिया है। उन्होंने बताया कि घर के नजदीक हथियारबंद लोगों के दिखने से वह सहमे हुए हैं।
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बरसात और दरिया घुसपैठ के लिए बेहद संवेदनशील
हीरानगर सेक्टर से गुजरने वाले दरियाई नाले कई बार घुसपैठ के लिए इस्तेमाल हो चुके हैं। पिछले ढाई दशक से यह रूट संवेदनशील बने हुए हैं। हीरानगर सेक्टर में पहाड़पुर-मादा-भाग नाला से छब्बे चक-उज्ज राजबाग, पानसर-बसेरा नाला से हरियाचक, शाप नाला से किशनपुर, मनियारी-मंडियाल-तरनाह नाला से हाईवे, बेई नाला-जांडी नाला, तरनाह नाला-लोंडी मोड़, करोल कृष्णा-चकड़ा से चड़वाल हाईवे, चंदवां से हरिपुर-पाट्टल से हाईवे घुसपैठ के पुराने रूट रहे हैं। घुसपैठ के पुराने रूट को भले ही सुरक्षाबलों ने सील कर दिया हो, लेकिन आतंकी इस रूट का इस्तेमाल आज भी कर रहे हैं। खासकर उज्ज दरिया और इसके सहायक नालों का।