{"_id":"681e5752ba619feaf1093508","slug":"india-pakistan-tension-has-a-huge-impact-on-industry-and-investment-in-the-district-kathua-news-c-201-1-knt1008-119973-2025-05-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kathua News: 15 हजार से ज्यादा ने शुरू किया घर का सफर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kathua News: 15 हजार से ज्यादा ने शुरू किया घर का सफर
Sat, 10 May 2025 12:58 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
Updated Sat, 10 May 2025 12:58 AM IST
विज्ञापन
लखनपुर में घर को लौटने के लिए बेचैन दिखे लोग। संवाद
- फोटो : kathua
कठुआ रेलवे स्टेशन से रोजाना औसतन ढाई हजार लोग करते थे सफर
संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। रात भर गोलाबारी की आवाज सुनने के बाद सुबह कठुआ रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों को पकड़ने के लिए मजदूरों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। दिनभर जम्मू से चलकर शेष भारत की ओर से जाने वाली ट्रेनों के सहारे लोग रवाना होते रहे। शाम तक रेलवे स्टेशन पर लोगों की भीड़ देखी गई।
स्थिति का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि कठुआ जिला के घाटी, भागथली, मरोली और गोविंदसर जैसे चार प्रमुख औद्योगिक क्षेत्रों हजारों की संख्या में मजदूरों का सुबह की पहली किरण के साथ रेलवे स्टेशन से आना शुरू हो गया था। यह सिलसिला देर शाम तक जारी रहा। इसमें कई कामगार सांबा जिला के भी रहे, जो ज्यादा ट्रेनों का स्टापेज होने के कारण कठुआ रेलवे स्टेशन पहुंचे थे।
अपने चार साथियों के साथ कठुआ रेलवे स्टेशन पर पहुंचे अरुण कुमार ने बताया कि वह लोग सांबा स्थित औद्योगिक इकाई में काम करते हैं। बीती रात काम खत्म कर उन्होंने अपना रात का भोजन वहां स्थित होटल से लिया और कमरे में पहुंचे ही थे कि गोलाबारी शुरू हो गई। उनके कमरे से मात्र तीन से चार किलोमीटर की दूरी पर होने वाली गोलाबारी से वह लोग इतने आतंकित हो गए कि उनमें से किसी ने न तो खाना खाया और न ही रात को सो पाए हैं। सुबह होने के साथ-साथ ही उन्होंने अपने घर वापस जाने का निर्णय किया और कठुआ रेलवे स्टेशन पर आ गए हैं।
विज्ञापन
हजारों की संख्या में लोगों के पहुंचने के कारण रेलवे स्टेशन की टिकट विंडो पर लोगों की लंबी कतार लग गई, जहां हर कोई किसी तरह से सुरक्षित निकलने के लिए तैयार दिखाई दिया। वहीं, इस दौरान हर आने वाली ट्रेन से हजारों की संख्या में यात्रा करने के लिए लगी लोगों कतार के कारण ट्रेनें भारी रही।
इस दौरान जहां जनरल टिकट पर यात्रा करने वाले लोग टीटी की ओर से भारी जुर्माना किए जाने की जानकारी के बाद भी स्लीपर क्लास में जहां घुसे। वहीं, कई लोग वहां तैनात पुलिस कर्मियों से ट्रेन में सिर्फ घुसने भर की जगह दिलाने के लिए मिन्नतें करते देखे गए। कठुआ रेलवे स्टेशन पर पहुंची स्वराज एक्सप्रेस ट्रेन में चढ़ने की जगह न मिलने से जब एक महिला बिलख पड़ी तो वहां खड़े पुलिस कर्मी ने गेट तक खड़े लोगों को हटाकर जगह बनाई और उसे किसी तरह से ट्रेन में जगह दिलाई।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
कठुआ। रात भर गोलाबारी की आवाज सुनने के बाद सुबह कठुआ रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों को पकड़ने के लिए मजदूरों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। दिनभर जम्मू से चलकर शेष भारत की ओर से जाने वाली ट्रेनों के सहारे लोग रवाना होते रहे। शाम तक रेलवे स्टेशन पर लोगों की भीड़ देखी गई।
स्थिति का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि कठुआ जिला के घाटी, भागथली, मरोली और गोविंदसर जैसे चार प्रमुख औद्योगिक क्षेत्रों हजारों की संख्या में मजदूरों का सुबह की पहली किरण के साथ रेलवे स्टेशन से आना शुरू हो गया था। यह सिलसिला देर शाम तक जारी रहा। इसमें कई कामगार सांबा जिला के भी रहे, जो ज्यादा ट्रेनों का स्टापेज होने के कारण कठुआ रेलवे स्टेशन पहुंचे थे।
विज्ञापन
अपने चार साथियों के साथ कठुआ रेलवे स्टेशन पर पहुंचे अरुण कुमार ने बताया कि वह लोग सांबा स्थित औद्योगिक इकाई में काम करते हैं। बीती रात काम खत्म कर उन्होंने अपना रात का भोजन वहां स्थित होटल से लिया और कमरे में पहुंचे ही थे कि गोलाबारी शुरू हो गई। उनके कमरे से मात्र तीन से चार किलोमीटर की दूरी पर होने वाली गोलाबारी से वह लोग इतने आतंकित हो गए कि उनमें से किसी ने न तो खाना खाया और न ही रात को सो पाए हैं। सुबह होने के साथ-साथ ही उन्होंने अपने घर वापस जाने का निर्णय किया और कठुआ रेलवे स्टेशन पर आ गए हैं।
विज्ञापन
हजारों की संख्या में लोगों के पहुंचने के कारण रेलवे स्टेशन की टिकट विंडो पर लोगों की लंबी कतार लग गई, जहां हर कोई किसी तरह से सुरक्षित निकलने के लिए तैयार दिखाई दिया। वहीं, इस दौरान हर आने वाली ट्रेन से हजारों की संख्या में यात्रा करने के लिए लगी लोगों कतार के कारण ट्रेनें भारी रही।
इस दौरान जहां जनरल टिकट पर यात्रा करने वाले लोग टीटी की ओर से भारी जुर्माना किए जाने की जानकारी के बाद भी स्लीपर क्लास में जहां घुसे। वहीं, कई लोग वहां तैनात पुलिस कर्मियों से ट्रेन में सिर्फ घुसने भर की जगह दिलाने के लिए मिन्नतें करते देखे गए। कठुआ रेलवे स्टेशन पर पहुंची स्वराज एक्सप्रेस ट्रेन में चढ़ने की जगह न मिलने से जब एक महिला बिलख पड़ी तो वहां खड़े पुलिस कर्मी ने गेट तक खड़े लोगों को हटाकर जगह बनाई और उसे किसी तरह से ट्रेन में जगह दिलाई।