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नशीली दवाइयों के तस्कर को 11 साल का कठोर कारावास सजा
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संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश- दो ऊना रणजीत सिंह की अदालत ने नशीली दवाइयों की तस्करी के मामले में आरोपी को दोषी करार देते हुए 11 साल के कठोर कारावास का फैसला सुनाया है। अदालत 1,00,000 रुपये जुर्माना राशि भरने के आदेश दिए हैं। जुर्माना राशि न भरने पर दो साल अतिरिक्त कठोर कैद भुगतनी होगी। यह फैसला अदालत ने शुक्रवार को सुनाया है।
जिला न्यायवादी सोहन सिंह कौंडल ने बताया कि 03 अप्रैल 2018 को करीब 5:30 बजे सब इंस्पेक्टर मदनलाल के नेतृत्व में हेड कांस्टेबल इंदरजीत सिंह, नरेश कुमार, राकेश पाल और कांस्टेबल मंगत राम टाहलीवाल में खनन को लेकर गश्त पर थे। इस दौरान टाहलीवाल में एक निजी होटल के नजदीक दुकानों के पीछे रेत और बजरी के ढेर के पास टीन शेड के नीचे एक व्यक्ति संदिग्ध अवस्था में मिला। जिस पर शक होने पर उसकी तलाशी ली गई। उसके पास से एक प्लास्टिक बैग में 29 पत्ते नशीली दवाइयों के पाए गए, जिसकी गिनती करने पर कुल 1740 गोलियां नशीली दवाई की मिली। दवाई का कुल वजन 204 ग्राम पाया गया।
इस संबंध में पुलिस ने आरोपी शाम लाल निवासी नंगल कला टाहलीवाल तहसील हरोली ऊना के खिलाफ केस दर्ज किया। सोहन सिंह कौंडल ने बताया कि पुलिस ने सभी औपचारिकताओं के बाद चालान कोर्ट पेश किया। अदालत में 12 गवाहों की गवाही और सबूतों के आधार पर अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायालय ऊना रणजीत सिंह की अदालत ने आरोपी के खिलाफ जुर्म साबित होना पाया और दोषी को 11 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई गई। बताया कि इस केस की तहकीकात एएसआई मदन लाल ने की, जबकि सरकार की तरफ से इस मुकदमे की पैरवी उप जिला न्यायवादी नवीन कुमार धीमान ने की।
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ऊना। अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश- दो ऊना रणजीत सिंह की अदालत ने नशीली दवाइयों की तस्करी के मामले में आरोपी को दोषी करार देते हुए 11 साल के कठोर कारावास का फैसला सुनाया है। अदालत 1,00,000 रुपये जुर्माना राशि भरने के आदेश दिए हैं। जुर्माना राशि न भरने पर दो साल अतिरिक्त कठोर कैद भुगतनी होगी। यह फैसला अदालत ने शुक्रवार को सुनाया है।
जिला न्यायवादी सोहन सिंह कौंडल ने बताया कि 03 अप्रैल 2018 को करीब 5:30 बजे सब इंस्पेक्टर मदनलाल के नेतृत्व में हेड कांस्टेबल इंदरजीत सिंह, नरेश कुमार, राकेश पाल और कांस्टेबल मंगत राम टाहलीवाल में खनन को लेकर गश्त पर थे। इस दौरान टाहलीवाल में एक निजी होटल के नजदीक दुकानों के पीछे रेत और बजरी के ढेर के पास टीन शेड के नीचे एक व्यक्ति संदिग्ध अवस्था में मिला। जिस पर शक होने पर उसकी तलाशी ली गई। उसके पास से एक प्लास्टिक बैग में 29 पत्ते नशीली दवाइयों के पाए गए, जिसकी गिनती करने पर कुल 1740 गोलियां नशीली दवाई की मिली। दवाई का कुल वजन 204 ग्राम पाया गया।
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इस संबंध में पुलिस ने आरोपी शाम लाल निवासी नंगल कला टाहलीवाल तहसील हरोली ऊना के खिलाफ केस दर्ज किया। सोहन सिंह कौंडल ने बताया कि पुलिस ने सभी औपचारिकताओं के बाद चालान कोर्ट पेश किया। अदालत में 12 गवाहों की गवाही और सबूतों के आधार पर अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायालय ऊना रणजीत सिंह की अदालत ने आरोपी के खिलाफ जुर्म साबित होना पाया और दोषी को 11 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई गई। बताया कि इस केस की तहकीकात एएसआई मदन लाल ने की, जबकि सरकार की तरफ से इस मुकदमे की पैरवी उप जिला न्यायवादी नवीन कुमार धीमान ने की।
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