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Una News: बारूद बनाने का तीन टन कच्चा माल नियमानुसार किया नष्ट
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हरोली के बाथू में अवैध पटाखा फैक्टरी में मिले सामान को नष्ट करते हुए। संवाद
- फोटो : Una
टाहलीवाल (ऊना)। औद्योगिक क्षेत्र बाथू में ब्लास्ट कांड के बाद सामने अवैध पटाखा फैक्टरी में पड़ा तीन टन बारूद बनाने का कच्चा मॉल बुधवार शाम को नष्ट किया गया। कोर्ट के आदेश पर यह मामला नियमानुसार प्रशासनिक टीम की मौजूदगी और विशेषज्ञों की निगरानी में ठिकाने लगाया गया।
हिमाचल-पंजाब सीमा पर स्थित सिंगा में आबादी से दूर खड्ड में जाकर चिह्नित जगह में कच्चे माल के काफी हिस्से को जलाया गया तो बड़ी मात्रा में सामान को दबाया भी गया है। अन्य कुछ माल को विशेषज्ञों ने गड्ढा कर बहाया है। यह तीन टन बारूद का कच्चा माल बाथू स्थित अवैध पटाखा फैक्टरी में था, जबकि एक अन्य फैक्टरी में रखा कच्चा माल जल्द नियमानुसार नष्ट किया गया।
बता दें कि बीते वर्ष फरवरी माह में बाथू में चल रहे एक पटाखा उद्योग में ब्लास्ट हो गया था। घटना में 13 लोगों की जान चली गई थी और काफी गंभीर रूप से घायल भी हुए थे। मामले में नंगल सहित अन्य राज्य के आरोपी भी पुलिस ने पकड़ कर जेल भेजे हैं।
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इसके बाद बाथू और बाथड़ी स्थित पटाखा उद्योगों को सील बंद कर दिया गया था। करीब 10 माह बाद यहां तीन टन बारूद बनाने का कच्चा माल नष्ट करने की प्रक्रिया अमल में लाई गई है। बुधवार को प्रक्रिया के दौरान पुलिस अधीक्षक अर्जित सेन ठाकुर, एसडीएम हरोली, डीएसपी हरोली अनिल पटियाल, तहसीलदार हरोली सहित अग्निशमन, राजस्व अधिकारियों की टीम मौजूद रही। इनके नेतृत्व में यहां बाथू के पटाखा उद्योग से पूरे सामान को निकाल कर नष्ट किया गया है तो बाथड़ी स्थित उद्योग में अभी काफी सामान बचा है।
कोर्ट के आदेश के अनुसार बारूद बनाने के कच्चे माल को नष्ट किया है। एक अन्य फैक्टरी में रखा माल भी जल्द तिथि मिलने पर नष्ट किया जाएगा। माल को नष्ट करते हुए सभी मानकों और नियमों का पूरा पालन किया गया है।
-अर्जित सेन ठाकुर, पुलिस अधीक्षक, ऊना
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हिमाचल-पंजाब सीमा पर स्थित सिंगा में आबादी से दूर खड्ड में जाकर चिह्नित जगह में कच्चे माल के काफी हिस्से को जलाया गया तो बड़ी मात्रा में सामान को दबाया भी गया है। अन्य कुछ माल को विशेषज्ञों ने गड्ढा कर बहाया है। यह तीन टन बारूद का कच्चा माल बाथू स्थित अवैध पटाखा फैक्टरी में था, जबकि एक अन्य फैक्टरी में रखा कच्चा माल जल्द नियमानुसार नष्ट किया गया।
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बता दें कि बीते वर्ष फरवरी माह में बाथू में चल रहे एक पटाखा उद्योग में ब्लास्ट हो गया था। घटना में 13 लोगों की जान चली गई थी और काफी गंभीर रूप से घायल भी हुए थे। मामले में नंगल सहित अन्य राज्य के आरोपी भी पुलिस ने पकड़ कर जेल भेजे हैं।
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इसके बाद बाथू और बाथड़ी स्थित पटाखा उद्योगों को सील बंद कर दिया गया था। करीब 10 माह बाद यहां तीन टन बारूद बनाने का कच्चा माल नष्ट करने की प्रक्रिया अमल में लाई गई है। बुधवार को प्रक्रिया के दौरान पुलिस अधीक्षक अर्जित सेन ठाकुर, एसडीएम हरोली, डीएसपी हरोली अनिल पटियाल, तहसीलदार हरोली सहित अग्निशमन, राजस्व अधिकारियों की टीम मौजूद रही। इनके नेतृत्व में यहां बाथू के पटाखा उद्योग से पूरे सामान को निकाल कर नष्ट किया गया है तो बाथड़ी स्थित उद्योग में अभी काफी सामान बचा है।
कोर्ट के आदेश के अनुसार बारूद बनाने के कच्चे माल को नष्ट किया है। एक अन्य फैक्टरी में रखा माल भी जल्द तिथि मिलने पर नष्ट किया जाएगा। माल को नष्ट करते हुए सभी मानकों और नियमों का पूरा पालन किया गया है।
-अर्जित सेन ठाकुर, पुलिस अधीक्षक, ऊना