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संशोधित-अब रोलनंबर के हिसाब से मिलेगा मिड डे मील
Updated Thu, 11 Oct 2018 10:20 PM IST
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अब रोलनंबर के हिसाब से मिलेगा मिड डे मील
सात माह पहले भी जिला मंडी में पेश आई थी ऐसी घटना
लंबे समय से आ रही है निदेशालयों को भेदभाव की शिकायतें
धर्म, जाति, लिंग को लेकर भेदभाव की मिल रही शिकायतें
इन्हीं शिकायतों को लेकर फिर हरकत में आया निदेशालय
शिक्षा निदेशालय ने जारी किए स्कूलों को सख्त निर्देश
मणिकुमार सरोआ
ऊना। शिक्षा निदेशालय ने सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों को अब मिड-डे मील रोल नंबर के हिसाब से बांटने के सख्त निर्देश जारी किए हैं। धर्म, जाति, लिंग और पंथ को लेकर विद्यार्थियों के साथ हो रहे भेदभाव को लेकर शिक्षा निदेशालय पास लंबे समय से शिकायतें आ रही थीं।
इस पर शिक्षा निदेशालय ने समय-समय पर सख्त कार्रवाई भी की। इसके चलते शिक्षा निदेशालय फिर से विद्यार्थियों के साथ भेदभाव की शंका को जताते हुए हरकत में आया है और सख्त निर्देश जारी किए हैं। इसके चलते स्कूल प्रबंधनों को धर्म, जाति, लिंग, पंथ आदि के भेदभाव को भुलाकर विद्यार्थियों को रोल नंबर के हिसाब से मिड-डे मील देना होगा। इसके साथ शिक्षा निदेशालय ने उपनिदेशक निरीक्षण विंग को भी स्कूलों में औचक निरीक्षण करने के भी निर्देश जारी किए हैं। आदेश न मानने तथा मनमानी करने पर स्कूल प्रबंधकों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी।
विद्यार्थियों को मिड-डे मील देने के लिए एमडीएम गाइड लाइन का विशेष रूप से ध्यान रखने के निर्देश दिए गए हैं। निदेशालय की ओर से जारी आदेशों में कहा है कि धर्म, जाति, लिंग और पंथ को लेकर हो रहे भेदभाव की शिकायतों से सरकारी स्कूलों की छवि खराब हो रही है। विद्यार्थियों के अनुशासन पर प्रभाव पड़ेगा।
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पहली से आठवीं तक मिलता है खाना
सरकारी स्कूलों में पहली से आठवीं तक के विद्यार्थियों को खाना दिया जा रहा है। विद्यार्थियों को कुपोषण से बचाव के लिए पौष्टिक खाना देने का प्रावधान किया गया है।
कानूनी तरीके से होगी कार्रवाई : धीमान
अगर जिले में किसी भी स्कूल की ऐसी शिकायत आती है तो स्कूल प्रबंधन के खिलाफ विभागीय सहित कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए शिक्षा निदेशालय ने सख्त निर्देश जारी किए हैं। इसमें किसी भी तरीके का समझौता नहीं किया जाएगा।
बीआर धीमान, शिक्षा उपनिदेशक
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सात माह पहले भी जिला मंडी में पेश आई थी ऐसी घटना
लंबे समय से आ रही है निदेशालयों को भेदभाव की शिकायतें
धर्म, जाति, लिंग को लेकर भेदभाव की मिल रही शिकायतें
इन्हीं शिकायतों को लेकर फिर हरकत में आया निदेशालय
शिक्षा निदेशालय ने जारी किए स्कूलों को सख्त निर्देश
मणिकुमार सरोआ
ऊना। शिक्षा निदेशालय ने सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों को अब मिड-डे मील रोल नंबर के हिसाब से बांटने के सख्त निर्देश जारी किए हैं। धर्म, जाति, लिंग और पंथ को लेकर विद्यार्थियों के साथ हो रहे भेदभाव को लेकर शिक्षा निदेशालय पास लंबे समय से शिकायतें आ रही थीं।
इस पर शिक्षा निदेशालय ने समय-समय पर सख्त कार्रवाई भी की। इसके चलते शिक्षा निदेशालय फिर से विद्यार्थियों के साथ भेदभाव की शंका को जताते हुए हरकत में आया है और सख्त निर्देश जारी किए हैं। इसके चलते स्कूल प्रबंधनों को धर्म, जाति, लिंग, पंथ आदि के भेदभाव को भुलाकर विद्यार्थियों को रोल नंबर के हिसाब से मिड-डे मील देना होगा। इसके साथ शिक्षा निदेशालय ने उपनिदेशक निरीक्षण विंग को भी स्कूलों में औचक निरीक्षण करने के भी निर्देश जारी किए हैं। आदेश न मानने तथा मनमानी करने पर स्कूल प्रबंधकों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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विद्यार्थियों को मिड-डे मील देने के लिए एमडीएम गाइड लाइन का विशेष रूप से ध्यान रखने के निर्देश दिए गए हैं। निदेशालय की ओर से जारी आदेशों में कहा है कि धर्म, जाति, लिंग और पंथ को लेकर हो रहे भेदभाव की शिकायतों से सरकारी स्कूलों की छवि खराब हो रही है। विद्यार्थियों के अनुशासन पर प्रभाव पड़ेगा।
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पहली से आठवीं तक मिलता है खाना
सरकारी स्कूलों में पहली से आठवीं तक के विद्यार्थियों को खाना दिया जा रहा है। विद्यार्थियों को कुपोषण से बचाव के लिए पौष्टिक खाना देने का प्रावधान किया गया है।
कानूनी तरीके से होगी कार्रवाई : धीमान
अगर जिले में किसी भी स्कूल की ऐसी शिकायत आती है तो स्कूल प्रबंधन के खिलाफ विभागीय सहित कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए शिक्षा निदेशालय ने सख्त निर्देश जारी किए हैं। इसमें किसी भी तरीके का समझौता नहीं किया जाएगा।
बीआर धीमान, शिक्षा उपनिदेशक