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Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Solan News ›   Dozens of dependents in Baddi did not get ESI benefits for last one year

Solan News: बद्दी में एक साल से दर्जनों आश्रितों को नहीं मिला ईएसआई हित लाभ

Thu, 30 Jan 2025 11:25 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Thu, 30 Jan 2025 11:25 PM IST
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कहा- कामगारों की दुर्घटना में होने वाली मौत के मामले लटकाए जा रहे
संवाद न्यूज एजेंसी
बद्दी (सोलन)। कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ईएसआईसी) में पंजीकृत मजदूरों की कार्य के दौरान दुर्घटना में हुई मौत पर मामलों की जबरन लटकाया जा रहा है। तीन माह में मृतक के परिजनों को हित लाभ मिलना चाहिए लेकिन बद्दी में एक साल से भी अधिक समय हो जाने के बाद आधा दर्जन कामगारों के परिजनों को उनके हितलाभ नहीं मिला है। इससे कामगार कार्यालयों के चक्कर काट रहे हैं। भारतीय मजदूर संघ के पदाधिकारी इस मामले को लेकर निगम के क्षेत्रीय निदेशक से भी मिले हैं। भारतीय मजदूर संघ के प्रदेश इकाई के सदस्य मेला राम चंदेल व महासचिव राजू भारद्वाज ने बताया कि कर्मचारी बीमा निगम के अधिकारी इन मामलों को सुलझाने की बजाए लटका रहे हैं। कई मामले एक साल पूरा होने के बाद भी लंबित पड़े हैं। उन्होंने मांग उठाई कि जब कोई भी मजदूर ईएसआई एक्ट-1948 के तहत आता है, जिसका अंशदान दिया जा चुका है और रोजगार के दौरान हुई दुर्घटना में मृत्यु होती है। इस प्रकार के मामलों में स्पष्ट साक्ष्य उपलब्ध होने के उपरांत मामले तत्काल स्वीकृत होने चाहिए और उनके आश्रितों को अंत्येष्टि हितलाभ, उपचार पर हुए व्यय की प्रतिपूर्ति दी जानी चाहिए। उन्हाेंने कहा कि दुर्घटना में मारे गए मजदूरों के आश्रितों को यदि मृत्यु की तिथि से एक माह के अंदर सभी लंबित मामलों में हितलाभ नहीं दिए गए तो भारतीय मजदूर संघ ईएसआई क्षेत्रीय कार्यालय बद्दी के समक्ष प्रथम चरण में धरना प्रदर्शन, द्वितीय चरण में भूख हड़ताल व अंतिम चरण में आमरण अनशन करेगा, जिसके लिए सीधे-सीधे प्रशासन जिम्मेदार होगा।

निगम नहीं रोकता किसी का भी हित
उधर, कर्मचारी राज्य बीमा निगम के क्षेत्रीय निदेशक अशोक कुमार ने बताया कि निगम किसी भी आईपी को उसके हितलाभ के लिए कोई भी जानबूझ कर नहीं रोकता है। कई बार औपचारिकताएं पूरी न होने के कारण ऐसा हो जाता है। लेकिन निगम जानबूझ कर किसी को परेशान करना नहीं चाहता है। उन्होंने अपनी शक्तियों को प्रयोग करके डेढ़ साल के बाद भी अंत्येष्टि हित लाभ मृतक के परिजनों को दिया है। जबकि यह एक माह के भीतर होना चाहिए लेकिन कई बार कामगार अपने राज्य में चले जाते है और लंबे समय के बाद वापस लौटते है।
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ओमपाल सिंह
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