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शिल्ली में बगीचे की खातिर पेड़ काटने के मामले में एफआईआर दर्ज
Updated Fri, 16 Mar 2018 10:10 PM IST
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सोलन। शिल्ली गांव में बगीचा लगाने के लिए बिना इजाजत काटे गए पेड़ों की जांच अब पुलिस करेगी। वन विभाग की शिकायत पर पुलिस ने जमीन के मालिक के खिलाफ भूमि सुरक्षा और वन अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस इस पूरे मामले की छानबीन कर रही है। पुलिस की टीम ने मौके पर जाकर सभी साक्ष्य जुटा लिए हैं। मामले में प्राथमिकी दर्ज होने के बाद वन विभाग ने जांच लगभग बंद कर दी है। मामले के पहले दिन ही भूमि के मालिक ने यह मान लिया था कि उसने बगीचा लगाने के लिए जमीन से पेड़ काटे हैं। वन विभाग की टीम ने मौके पर जाकर 129 पेड़ों की शिनाख्त की थी। मामला उजागर होने के बाद इसे पुलिस के हवाले कर दिया गया। शिल्ली गांव में बगीचा लगाने के लिए राजेंद्र कुमार ने अपनी जमीन में लगे 129 पेड़ बिना इजाजत काटे डाले थे। वन विभाग को इस पूरे घटनाक्रम की भनक 12 दिन बाद उस समय लगी जब किसी स्थानीय व्यक्ति ने पेड़ काटने की सूचना विभाग को दी थी। सूचना मिलने के बाद विभाग की टीम मौके पर पहुंची और काटे गए पेड़ों को कब्जे में लेकर जांच शुरू की। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शिव कुमार ने मामला दर्ज होने की पुष्टि की है। वन विभाग ने निजी भूमि पर पेड़ काटे जाने की शिकायत पुलिस से की थी। इस पर जांच करने के बाद शिकायत को सही पाया गया।
बिना इजाजत काटे हैं पेड़ : वन विभाग
वन मंडल अधिकारी आरपी जसवाल ने बताया कि पेड़ निजी भूमि पर लगे थे। लेकिन मालिक को इन्हें काटने से पूर्व वन विभाग की इजाजत लेनी चाहिए थी। यदि विभाग की इजाजत ली गई होती तो शायद इतना बड़ा बवाल नहीं होता। अब विभाग ने इस मामले की कार्रवाई पुलिस के सुपुर्द कर दी है। यह मामला बिना इजाजत निजी भूमि पर पेड़ काटने से जुड़ा है।
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बिना इजाजत काटे हैं पेड़ : वन विभाग
वन मंडल अधिकारी आरपी जसवाल ने बताया कि पेड़ निजी भूमि पर लगे थे। लेकिन मालिक को इन्हें काटने से पूर्व वन विभाग की इजाजत लेनी चाहिए थी। यदि विभाग की इजाजत ली गई होती तो शायद इतना बड़ा बवाल नहीं होता। अब विभाग ने इस मामले की कार्रवाई पुलिस के सुपुर्द कर दी है। यह मामला बिना इजाजत निजी भूमि पर पेड़ काटने से जुड़ा है।
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