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Solan News: बेघर बुजुर्ग महिला तक पहुंचा प्रशासन, बरसात से बचाव को दिए तिरपाल
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पिछले साल बारिश में ढह गया था बुजुर्ग महिला का कच्चा मकान,रसोई में गुजार रही हैं जिंदगी
एक साल से लंबित सहायता की फाइल आगे बढ़ने की भी जगी उम्मीद
संवाद न्यूज एजेंसी
घुमारवीं (बिलासपुर)। नगर परिषद घुमारवीं के कल्याणा वार्ड की 75 वर्ष की विधवा कृष्णी देवी की पीड़ा को प्रमुखता से प्रकाशित किए जाने के बाद प्रशासन हरकत में आ गया। शुक्रवार को प्रकाशित मकान ढहा, रसोई बनी घर हर बारिश में छत छिनने का डर शीर्षक खबर के बाद राजस्व विभाग की टीम बुजुर्ग महिला के घर पहुंची और मौके का निरीक्षण कर उन्हें बरसात से बचाव के लिए दो तिरपाल उपलब्ध करवाए।
शुक्रवार को कानूनगो राकेश शर्मा कृष्णी देवी के घर पहुंचे। उन्होंने महिला की मौजूदा स्थिति का जायजा लिया और प्रशासन की ओर से दो तिरपाल सौंपे। इन तिरपालों की मदद से महिला अब अपनी बची हुई कच्ची रसोई को ढक सकेगी, जिससे बरसात के दौरान पानी टपकने और दीवारों को नुकसान पहुंचने का खतरा कुछ कम होगा। दरअसल, 3 सितंबर 2025 को हुई मूसलाधार बारिश में महिला का कच्चा मकान पूरी तरह ढह गया था। तब से वह करीब आठ गुणा आठ फुट की कच्ची रसोई में ही रहने को मजबूर हैं। इसी छोटे से कमरे में उनका चूल्हा भी जलता है, वहीं उनका बिस्तर भी बिछता है और पूरा दिन भी उसी में गुजरता है। हर बारिश के साथ उन्हें यह डर सताता है कि कहीं यह आखिरी सहारा भी न ढह जाए। मकान गिरने के बाद बुजुर्ग ने स्थानीय पार्षद के माध्यम से प्रशासन को सूचना दी थी। राजस्व विभाग ने मौके का निरीक्षण कर नुकसान का आकलन किया और सभी आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करवाईं। महिला के अनुसार, उन्होंने आठ अक्तूबर 2025 को मकान निर्माण सहायता के लिए जरूरी दस्तावेज भी संबंधित विभाग में जमा करवा दिए थे, लेकिन करीब एक वर्ष बीत जाने के बावजूद उन्हें कोई आर्थिक सहायता नहीं मिल सकी। प्रशासन की ओर से मिली तात्कालिक राहत से बुजुर्ग महिला को बरसात से कुछ राहत मिलने की उम्मीद जरूर जगी है, लेकिन उनका कहना है कि स्थायी समाधान तभी होगा, जब सरकार की ओर से मकान निर्माण के लिए आर्थिक सहायता स्वीकृत होगी। उन्होंने उम्मीद जताई कि अब खबर के बाद उनकी लंबे समय से लंबित फाइल पर भी जल्द सकारात्मक निर्णय लिया जाएगा, ताकि जीवन के इस अंतिम पड़ाव में उन्हें सुरक्षित आशियाना मिल सके।
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एक साल से लंबित सहायता की फाइल आगे बढ़ने की भी जगी उम्मीद
संवाद न्यूज एजेंसी
घुमारवीं (बिलासपुर)। नगर परिषद घुमारवीं के कल्याणा वार्ड की 75 वर्ष की विधवा कृष्णी देवी की पीड़ा को प्रमुखता से प्रकाशित किए जाने के बाद प्रशासन हरकत में आ गया। शुक्रवार को प्रकाशित मकान ढहा, रसोई बनी घर हर बारिश में छत छिनने का डर शीर्षक खबर के बाद राजस्व विभाग की टीम बुजुर्ग महिला के घर पहुंची और मौके का निरीक्षण कर उन्हें बरसात से बचाव के लिए दो तिरपाल उपलब्ध करवाए।
शुक्रवार को कानूनगो राकेश शर्मा कृष्णी देवी के घर पहुंचे। उन्होंने महिला की मौजूदा स्थिति का जायजा लिया और प्रशासन की ओर से दो तिरपाल सौंपे। इन तिरपालों की मदद से महिला अब अपनी बची हुई कच्ची रसोई को ढक सकेगी, जिससे बरसात के दौरान पानी टपकने और दीवारों को नुकसान पहुंचने का खतरा कुछ कम होगा। दरअसल, 3 सितंबर 2025 को हुई मूसलाधार बारिश में महिला का कच्चा मकान पूरी तरह ढह गया था। तब से वह करीब आठ गुणा आठ फुट की कच्ची रसोई में ही रहने को मजबूर हैं। इसी छोटे से कमरे में उनका चूल्हा भी जलता है, वहीं उनका बिस्तर भी बिछता है और पूरा दिन भी उसी में गुजरता है। हर बारिश के साथ उन्हें यह डर सताता है कि कहीं यह आखिरी सहारा भी न ढह जाए। मकान गिरने के बाद बुजुर्ग ने स्थानीय पार्षद के माध्यम से प्रशासन को सूचना दी थी। राजस्व विभाग ने मौके का निरीक्षण कर नुकसान का आकलन किया और सभी आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करवाईं। महिला के अनुसार, उन्होंने आठ अक्तूबर 2025 को मकान निर्माण सहायता के लिए जरूरी दस्तावेज भी संबंधित विभाग में जमा करवा दिए थे, लेकिन करीब एक वर्ष बीत जाने के बावजूद उन्हें कोई आर्थिक सहायता नहीं मिल सकी। प्रशासन की ओर से मिली तात्कालिक राहत से बुजुर्ग महिला को बरसात से कुछ राहत मिलने की उम्मीद जरूर जगी है, लेकिन उनका कहना है कि स्थायी समाधान तभी होगा, जब सरकार की ओर से मकान निर्माण के लिए आर्थिक सहायता स्वीकृत होगी। उन्होंने उम्मीद जताई कि अब खबर के बाद उनकी लंबे समय से लंबित फाइल पर भी जल्द सकारात्मक निर्णय लिया जाएगा, ताकि जीवन के इस अंतिम पड़ाव में उन्हें सुरक्षित आशियाना मिल सके।
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