{"_id":"613a47618ebc3e1e655bf0d6","slug":"2-crore-cheated-on-the-name-of-doubling-the-money-in-arki-piplughat-solan-news-sml383244062","type":"story","status":"publish","title_hn":"अर्की में पैसा दोगुना करने का झांसा देकर दो करोड़ की ठगी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अर्की में पैसा दोगुना करने का झांसा देकर दो करोड़ की ठगी
विज्ञापन
2 Crore cheated on the name of doubling the money in Arki Piplughat
अर्की (सोलन)। उपमंडल अर्की में पैसा दोगुना करने का झांसा देकर लोगों से दो करोड़ रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। इसमें पिपलूघाट में निजी क्लीनिक चला रहा डॉक्टर और कोलकाता के कुछ लोग शामिल हैं। इन्होंने लोगों को पैसा दोगुना करने का झांसा दिया और उनका पैसा लेकर फरार हो गए। जब लोगों को उनका पैसा नहीं मिला तो इसकी शिकायत पुलिस को दी। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार मस्त राम पुत्र शेर सिंह निवासी गांव बुईला डाकघर सरयांज ने पुलिस को शिकायत दी है कि 2014-15 में पिपलूघाट में एक डॉक्टर बंगाली विश्वास अपना क्लीनिक चलाता था। इस बीच कोलकाता से उसके साथ कुछ लोग यहां आए थे।
डॉक्टर ने इसे बताया कि इसका साथी परमांशु राना कंपनी में प्रबंध निदेशक है और कंपनी बैंक में पैसा निवेश कर अच्छा मुनाफा कमा रहे हैं। उसने कंपनी बैंक के संबंध में अधिक जानकारी लेने के लिए दाड़लाघाट के बाघल होटल में एक मीटिंग रखी।
विज्ञापन
इसमें शिकायतकर्ता अपने साथ क्षेत्र के अन्य लोगों को भी साथ लाया। इस दौरान परमांशु ने शिकायतकर्ता को अपनी कंपनी बैंक के प्लान के बारे में बताया और विश्वास दिलाया कि यह इस कंपनी से अच्छा पैसा कमाएंगे।
परमांशु राना ने कहा कि पैसा जमा करवाने के लिए करंट अकाउंट चाहिए तो सभी ने यह फैसला किया कि डॉक्टर के अकाउंट से पैसा जमा करवाएंगे। फिर सभी लोग इसके अकाउंट में पैसा जमा करवाते रहे। शिकायतकर्ता ने अपने रिश्तेदारों से उधार लेकर कंपनी बैंक में करीब 15 से 20 लाख रुपये जमा करवा दिए। इस तरह लोगों के करीब डेढ़ से दो करोड़ जमा हो गए लेकिन पैसा जमा करवाने के कुछ समय बाद डॉक्टर समेत उसके अन्य साथी फरार हो गए। इसकी शिकायत पुलिस को दी गई है।
जांच के लिए बनाई पुलिस टीमें
एसपी सोलन वीरेंद्र शर्मा ने बताया कि पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस इसकी जांच के लिए टीमों का गठन कर रही है। क्षेत्र के अन्य लोगों से भी पूछताछ की जा रही है।
विज्ञापन
जानकारी के अनुसार मस्त राम पुत्र शेर सिंह निवासी गांव बुईला डाकघर सरयांज ने पुलिस को शिकायत दी है कि 2014-15 में पिपलूघाट में एक डॉक्टर बंगाली विश्वास अपना क्लीनिक चलाता था। इस बीच कोलकाता से उसके साथ कुछ लोग यहां आए थे।
विज्ञापन
डॉक्टर ने इसे बताया कि इसका साथी परमांशु राना कंपनी में प्रबंध निदेशक है और कंपनी बैंक में पैसा निवेश कर अच्छा मुनाफा कमा रहे हैं। उसने कंपनी बैंक के संबंध में अधिक जानकारी लेने के लिए दाड़लाघाट के बाघल होटल में एक मीटिंग रखी।
विज्ञापन
इसमें शिकायतकर्ता अपने साथ क्षेत्र के अन्य लोगों को भी साथ लाया। इस दौरान परमांशु ने शिकायतकर्ता को अपनी कंपनी बैंक के प्लान के बारे में बताया और विश्वास दिलाया कि यह इस कंपनी से अच्छा पैसा कमाएंगे।
परमांशु राना ने कहा कि पैसा जमा करवाने के लिए करंट अकाउंट चाहिए तो सभी ने यह फैसला किया कि डॉक्टर के अकाउंट से पैसा जमा करवाएंगे। फिर सभी लोग इसके अकाउंट में पैसा जमा करवाते रहे। शिकायतकर्ता ने अपने रिश्तेदारों से उधार लेकर कंपनी बैंक में करीब 15 से 20 लाख रुपये जमा करवा दिए। इस तरह लोगों के करीब डेढ़ से दो करोड़ जमा हो गए लेकिन पैसा जमा करवाने के कुछ समय बाद डॉक्टर समेत उसके अन्य साथी फरार हो गए। इसकी शिकायत पुलिस को दी गई है।
जांच के लिए बनाई पुलिस टीमें
एसपी सोलन वीरेंद्र शर्मा ने बताया कि पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस इसकी जांच के लिए टीमों का गठन कर रही है। क्षेत्र के अन्य लोगों से भी पूछताछ की जा रही है।