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बीबीएन में ट्रकों के पहिये जाम, उद्योगों से नहीं उठा तैयार माल
Updated Fri, 20 Jul 2018 10:44 PM IST
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truck strike
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अमर उजाला ब्यूरो
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नालागढ़ (सोलन)। देशव्यापी चक्का जाम और अनिश्चितकालीन ट्रकों की हड़ताल के पहले दिन प्रदेश के उद्योगों में लोडिंग-अनलोडिंग का काम नहीं हो सका। उद्योगों में लोडिंग-अनलोडिंग की लेबर बैठ गई है। ट्रकों के पहिये थमने से उद्योगों में न तो कच्चा माल आया और न ही तैयार माल बाहर भेजा जा सका। हड़ताल जारी रही तो उद्योगों को कच्चे माल की दिक्कत होगी जबकि तैयार माल भी गोदामों में ही पड़ा रह जाएगा।
फिलहाल, हड़ताल का पहले दिन आवश्यक वस्तुओं और सेब-सब्जी की ढुलाई पर असर नहीं पड़ा लेकिन लोडिंग-अनलोडिंग का काम पहले ही दिन ठप हो गया। ऑल इंडिया मोटर ट्रांसपोर्ट कांग्रेस के आह्वान पर शुरू हड़ताल में उत्तर भारत की बड़ी यूनियनों में शुमार ट्रक ऑपरेटर यूनियन नालागढ़ के 10 हजार ट्रक खड़े हो गए हैं। पहले ही दिन यूनियनों में न तो कोई पुकार हुई और न ही लोडिंग-अनलोडिंग का काम हुआ।
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ऑल हिमाचल ट्रक ऑपरेटर्स फेडरेशन चेयरमैन और ट्रक यूनियन नालागढ़ के प्रधान चौधरी विद्यारतन ने कहा कि ऑपरेटरों की इन्हीं मांगों को लेकर शुक्रवार को देशव्यापी चक्का जाम और अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू हो गई है। उन्होंने सरकार से मांग की है कि उनकी मांगों को अतिशीघ्र पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि ऑल इंडिया मोटर ट्रांसपोर्ट कांग्रेस के आगामी निर्णय तक यह हड़ताल जारी रहेगी।
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यह है ऑपरेटरों की मुख्य मांगें
ऑपरेटरों की मुख्य मांगों में डीजल की कीमतों में कमी, त्रैमासिक संशोधन और राष्ट्रीय स्तर पर समान मूल्य, तृतीय पक्ष बीमा प्रीमियम में जीएसटी से छूट, एजेंट कमीशन समाप्त करने और वर्ष में बढ़ाया प्रीमियम वापिस लेना, आयकर अधिनियम की धारा 44ई को तर्कसंगत करने, टीडीएस को समाप्त और दर में कमी करने, कॉमर्शियल वाहनों पर टोल टैक्स समाप्त व कम करने, अनुबंध समय समाप्त होने पर टोल बंद करने, नेशनल हाईवे अथॉरिटी की अनुबंध की शर्तें लागू करना शामिल है।
बीबीएन उद्योग संघ के अध्यक्ष शैलेष अग्रवाल ने कहा कि इस हड़ताल का असर उद्योगों पर निश्चित रूप से पड़ेगा और हड़ताल आगे चलती रही तो उद्योगों के पास कच्चा माल समाप्त हो जाएगा। वहीं तैयार माल बाहर नहीं जा सकेगा। उन्होंने कहा कि हड़ताल के पहले ही दिन उद्योगों की लोडि़ंग-अनलोडिंग की लेबर बैठ चुकी है।