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अश्वनी खड्ड में उड़ेल दी होटल की सीवरेज, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने पकड़ा
Updated Tue, 29 May 2018 10:48 PM IST
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कंडाघाट के पास साधु पुल में एक होटल समेत दो लोगों को प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीम ने मौके पर पकड़ा
सोलन शहर में पेयजल का मुख्य स्रोत है अश्वनी खड्ड
राकेश शर्मा
सोलन।
लाखों लोगों की प्यास बुझा रही अश्वनी खड्ड में सीवरेज की गंदगी उड़ेली जा रही है। एक या दो नहीं बल्कि नदी किनारे बने कई होटल और संस्थान अश्वनी खड्ड के पानी को मैला कर रहे हैं। शिमला से सोलन शहर तक पहुंचते-पहुंचते खड्ड का पानी काफी दूषित हो जाता है। इसे लेकर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने साधु पुल के एक होटल मालिक और एक अन्य व्यक्ति को नोटिस जारी किया है। आधा दर्जन लोगों को चेतावनी दी है।
साधु पुल में चल रहे 12 कमरों के एक होटल को नोटिस भेजा गया है। होटल मालिक ने सभी कमरों की सीवरेज अश्वनी खड्ड में खोल रखी थी। साथ ही होटल से निकलने वाली गंदगी को भी खड्ड के किनारे ही ठिकाने लगा रहा था। पास ही एक अन्य निर्माणकर्ता ने अश्वनी खड्ड में ही पानी का सप्टिक टैंक बना दिया था। इससे पानी दूषित हो रहा था। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने यहां रेड कंडाघाट एसडीएम की शिकायत के आधार पर की है। मौके पर दोनों को पानी दूषित करते पाया गया। इसके आधार पर नोटिस जारी किए हैं। इसके अलावा करीब आधा दर्जन लोगों को पानी से दूर रहने की चेतावनी दी है।
अश्वनी खड्ड सोलन शहर की पेयजल आपूर्ति का मुख्य स्रोत है। शहर की करीब 60 प्रतिशत से ज्यादा सप्लाई अश्वनी से पूरी होती है। अश्वनी खड्ड प्वाइंट में सिंचाई एवं जनस्वास्थ्य विभाग की उठाऊ पेयजल योजना स्थापित है। यहां से लाखों गैलेन पानी विभाग नगर परिषद को सौंपता है। नगर परिषद शहर में पंजीकृत करीब 60 हजार आबादी समेत करीब एक लाख लोगों को पानी मुहैया करवाता है। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने अश्वनी खड्ड से पानी के सैंपल भी उठाए हैं। इनकी रिपोर्ट 15 दिन में आएगी। लेकिन सरेआम खड्ड में मिल रही गंदगी की वजह से शहर में भयानक बीमारी फैलने का खतरा बन गया है। होटल मालिक को प्रदूषण बोर्ड ने सीवरेज कनेक्शन बंद करने का नोटिस दिया है। इस संबंध में जानकारी प्रशासन और बोर्ड के आला अधिकारियों को दे दी है। इससे पूर्व करीब दो साल पहले भी सोलन शहर में पीलिया और डायरिया फैल चुका है। इससे गंभीर रूप से बीमार होकर लोगों को आईजीएमसी तथा पीजीआई में उपचार करवाना पड़ा था।
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होटल और एक अन्य व्यक्ति को दिया है नोटिस
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिशासी अभियंता अतुल परमार ने कहा कि अश्वनी खड्ड में एक होटल और अन्य व्यक्ति सीवरेज की गंदगी डाल रहे थे। इन्हें मौके पर जाकर रंगे हाथ पकड़ा है। दो लोगों को नोटिस भेजा है जबकि अन्य को चेतावनी दी है। बताया कि अश्वनी खड्ड से पानी का सैंपल उठाया है। इसकी रिपोर्ट 15 दिन में आ जाएगी। इसके बाद कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से की थी शिकायत : एसडीएम
एसडीएम कंडाघाट संजीव धीमान ने कहा कि अश्वनी खड्ड में पेयजल दूषित करने को लेकर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से शिकायत की थी। इसके आधार पर टीम मौके पर आई थी। बताया कि अश्वनी खड्ड का पानी पीने में इस्तेमाल होता है और इसे दूषित करने की इजाजत किसी को नहीं दी जाएगी। कहा कि जो लोग पानी को प्रदूषित कर रहे हैं उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
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सोलन शहर में पेयजल का मुख्य स्रोत है अश्वनी खड्ड
राकेश शर्मा
सोलन।
लाखों लोगों की प्यास बुझा रही अश्वनी खड्ड में सीवरेज की गंदगी उड़ेली जा रही है। एक या दो नहीं बल्कि नदी किनारे बने कई होटल और संस्थान अश्वनी खड्ड के पानी को मैला कर रहे हैं। शिमला से सोलन शहर तक पहुंचते-पहुंचते खड्ड का पानी काफी दूषित हो जाता है। इसे लेकर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने साधु पुल के एक होटल मालिक और एक अन्य व्यक्ति को नोटिस जारी किया है। आधा दर्जन लोगों को चेतावनी दी है।
साधु पुल में चल रहे 12 कमरों के एक होटल को नोटिस भेजा गया है। होटल मालिक ने सभी कमरों की सीवरेज अश्वनी खड्ड में खोल रखी थी। साथ ही होटल से निकलने वाली गंदगी को भी खड्ड के किनारे ही ठिकाने लगा रहा था। पास ही एक अन्य निर्माणकर्ता ने अश्वनी खड्ड में ही पानी का सप्टिक टैंक बना दिया था। इससे पानी दूषित हो रहा था। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने यहां रेड कंडाघाट एसडीएम की शिकायत के आधार पर की है। मौके पर दोनों को पानी दूषित करते पाया गया। इसके आधार पर नोटिस जारी किए हैं। इसके अलावा करीब आधा दर्जन लोगों को पानी से दूर रहने की चेतावनी दी है।
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अश्वनी खड्ड सोलन शहर की पेयजल आपूर्ति का मुख्य स्रोत है। शहर की करीब 60 प्रतिशत से ज्यादा सप्लाई अश्वनी से पूरी होती है। अश्वनी खड्ड प्वाइंट में सिंचाई एवं जनस्वास्थ्य विभाग की उठाऊ पेयजल योजना स्थापित है। यहां से लाखों गैलेन पानी विभाग नगर परिषद को सौंपता है। नगर परिषद शहर में पंजीकृत करीब 60 हजार आबादी समेत करीब एक लाख लोगों को पानी मुहैया करवाता है। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने अश्वनी खड्ड से पानी के सैंपल भी उठाए हैं। इनकी रिपोर्ट 15 दिन में आएगी। लेकिन सरेआम खड्ड में मिल रही गंदगी की वजह से शहर में भयानक बीमारी फैलने का खतरा बन गया है। होटल मालिक को प्रदूषण बोर्ड ने सीवरेज कनेक्शन बंद करने का नोटिस दिया है। इस संबंध में जानकारी प्रशासन और बोर्ड के आला अधिकारियों को दे दी है। इससे पूर्व करीब दो साल पहले भी सोलन शहर में पीलिया और डायरिया फैल चुका है। इससे गंभीर रूप से बीमार होकर लोगों को आईजीएमसी तथा पीजीआई में उपचार करवाना पड़ा था।
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होटल और एक अन्य व्यक्ति को दिया है नोटिस
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिशासी अभियंता अतुल परमार ने कहा कि अश्वनी खड्ड में एक होटल और अन्य व्यक्ति सीवरेज की गंदगी डाल रहे थे। इन्हें मौके पर जाकर रंगे हाथ पकड़ा है। दो लोगों को नोटिस भेजा है जबकि अन्य को चेतावनी दी है। बताया कि अश्वनी खड्ड से पानी का सैंपल उठाया है। इसकी रिपोर्ट 15 दिन में आ जाएगी। इसके बाद कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से की थी शिकायत : एसडीएम
एसडीएम कंडाघाट संजीव धीमान ने कहा कि अश्वनी खड्ड में पेयजल दूषित करने को लेकर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से शिकायत की थी। इसके आधार पर टीम मौके पर आई थी। बताया कि अश्वनी खड्ड का पानी पीने में इस्तेमाल होता है और इसे दूषित करने की इजाजत किसी को नहीं दी जाएगी। कहा कि जो लोग पानी को प्रदूषित कर रहे हैं उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।