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धगेड़ा में मनरेगा मजदूरी व पत्थर खरीद का नहीं हुआ भुगतान
Updated Fri, 09 Jun 2017 12:15 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
नाहन (सिरमौर)।
विकास खंड नाहन के तहत आने वाली धगेड़ा पंचायत में मनरेगा में कार्यरत मजदूरों को एक साल से उनकी दिहाड़ी का भुगतान नहीं हो पाया है। वहीं मनरेगा कार्य के लिए की गई पत्थर की खरीद की राशि भी लंबित पड़ी है। इस मामले को लेकर ग्रामीणों का एक प्रतिनिधिमंडल वीरवार को उपायुक्त सिरमौर से मिला।
प्रतिनिधिमंडल में शामिल बलवंत सिंह ने बताया कि मनरेगा कार्य के लिए उनसे पत्थर की खरीद की गई थी। खरीद की राशि 20 हजार रुपये बैठती है। इस पंचायत के पूर्व प्रधान के समय में पत्थर खरीद का बिल पंचायत को सौंपा गया था लेकिन वर्तमान पंचायत प्रधान व सचिव ने इस बिल की राशि का भुगतान नहीं किया है।
उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि पत्थर की खरीद के बिल को फाड़ दिया है। पत्थर खरीद की राशि को हासिल करने के लिए वह पंचायत के दर्जनों चक्कर काट चुके हैं लेकिन उन्हें राशि की अदायगी नहीं की जा रही है। उन्होंने जिला प्रशासन से इस मामले पर तुरंत कार्रवाई की मांग की है। साथ ही उनके लंबित भुगतान की जल्द अदायगी की भी मांग की। वहीं मनरेगा में कार्यरत मजदूर रघुवीर, राजेंद्र सिंह व रघुवीर सिंह ने बताया कि उन्हें भी मजदूरी का भुगतान नहीं हुआ है। इससे मजदूरों को अपने परिवार का पालन-पोषण करना मुश्किल हो गया है। उन्होंने बताया कि 2016-17 में बने धगेड़ा मैन रोड से चंबा मंदिर के लिए बने संपर्क मार्ग के निर्माण के लिए वह पत्थर निकालने का कार्य कर रहे थे लेकिन उन्हें भी उनकी दिहाड़ी का भुगतान नहीं किया गया है।
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उधर, डीसी सिरमौर बीसी बडालिया ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि जल्द ही इस मामले में उचित कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
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------------हितेश
नाहन (सिरमौर)।
विकास खंड नाहन के तहत आने वाली धगेड़ा पंचायत में मनरेगा में कार्यरत मजदूरों को एक साल से उनकी दिहाड़ी का भुगतान नहीं हो पाया है। वहीं मनरेगा कार्य के लिए की गई पत्थर की खरीद की राशि भी लंबित पड़ी है। इस मामले को लेकर ग्रामीणों का एक प्रतिनिधिमंडल वीरवार को उपायुक्त सिरमौर से मिला।
प्रतिनिधिमंडल में शामिल बलवंत सिंह ने बताया कि मनरेगा कार्य के लिए उनसे पत्थर की खरीद की गई थी। खरीद की राशि 20 हजार रुपये बैठती है। इस पंचायत के पूर्व प्रधान के समय में पत्थर खरीद का बिल पंचायत को सौंपा गया था लेकिन वर्तमान पंचायत प्रधान व सचिव ने इस बिल की राशि का भुगतान नहीं किया है।
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उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि पत्थर की खरीद के बिल को फाड़ दिया है। पत्थर खरीद की राशि को हासिल करने के लिए वह पंचायत के दर्जनों चक्कर काट चुके हैं लेकिन उन्हें राशि की अदायगी नहीं की जा रही है। उन्होंने जिला प्रशासन से इस मामले पर तुरंत कार्रवाई की मांग की है। साथ ही उनके लंबित भुगतान की जल्द अदायगी की भी मांग की। वहीं मनरेगा में कार्यरत मजदूर रघुवीर, राजेंद्र सिंह व रघुवीर सिंह ने बताया कि उन्हें भी मजदूरी का भुगतान नहीं हुआ है। इससे मजदूरों को अपने परिवार का पालन-पोषण करना मुश्किल हो गया है। उन्होंने बताया कि 2016-17 में बने धगेड़ा मैन रोड से चंबा मंदिर के लिए बने संपर्क मार्ग के निर्माण के लिए वह पत्थर निकालने का कार्य कर रहे थे लेकिन उन्हें भी उनकी दिहाड़ी का भुगतान नहीं किया गया है।
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उधर, डीसी सिरमौर बीसी बडालिया ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि जल्द ही इस मामले में उचित कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
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------------हितेश