{"_id":"6244aadb2afcb00d6712ad9d","slug":"water-crisis-in-dehara-and-nither-panchayat-rampur-hp-news-sml4041759185","type":"story","status":"publish","title_hn":"नित्थर और देहरा पंचायत में पेयजल संकट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नित्थर और देहरा पंचायत में पेयजल संकट
विज्ञापन
नित्थर (कुल्लू)। उपतहसील मुख्यालय नित्थर और देहरा पंचायत के लोग पेयजल समस्या से जूझ रहे हैं। इसकी वजह यह है कि बीते एक वर्ष से जलशक्ति विभाग यहां खस्ताहाल पेयजल टैंक की मरम्मत नहीं कर पाया है। इससे क्षेत्र के हजारों लोग पेयजल किल्लत से जूझने को मजबूर हैं। ग्रामीणों की बार-बार मांग के बाद भी विभाग समस्या का स्थायी समाधान करने में विफल साबित हो रहा है।
देहरा पंचायत उपप्रधान यशपाल कटोच ने बताया कि नित्थर में जल शक्ति विभाग के पानी छोड़ने और वितरण की समस्या लंबे अरसे से चली आ रही है। पंचायत के कई गांवों में लोगों को रात दो बजे पेयजल आपूर्ति की जाती रही है। कई गांवों में ग्रामीणों को पांच दिन के बाद पेयजल आपूर्ति की जा रही है। नया पेयजल टैंक जो अभी एक साल पहले ही बना है, उसकी हालत बेहद खराब है। लाखों रुपये से बने टैंक में रिसाव के कारण पानी के भंडारण में दिक्कतें आ रही हैं। पुराने टैंक की मरम्मत के लिए तीन साल पहले टेंडर लगाया गया, लेकिन अभी भी टैंक की मरम्मत का कार्य कछुआ गति से चल रहा है।
गर्मियों का मौसम शुरू होते ही नित्थर और देहरा पंचायत के ग्रामीण पानी के लिए तरसने को मजबूर हैं। उन्होंने जलशक्ति विभाग की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल उठाए हैं। स्थानीय निवासी हरीश ठाकुर, संतोष, राकेश, टेक चंद, प्रदीप कुमार, अजय और नवीन सहित अन्यों ने मांग उठाई कि विभाग दिन में 12 घंटे लिफ्ट चलाए ताकि ग्रामीणों को पेयजल किल्लत की समस्या से न जूझना पड़े। उपप्रधान कटोच ने चेताया कि अगर जल्द समस्या का स्थायी समाधान नहीं किया गया तो ग्रामीणों को आंदोलन कर रुख अपनाना पड़ेगा।
विज्ञापन
जलशक्ति विभाग नित्थर के सहायक अभियंता केडी विमल ने बताया कि पुराने पेयजल टैंक का निर्माण कार्य लगभग पूरा हो चुका है। पानी की आपूर्ति का समय भी ठीक है। अगर अब भी किन्हीं गांव में पेयजल दिक्कत चल रही है तो उसे जल्द दूर किया जाएगा। पानी लिफ्ट करने के लिए मोटर खराब थी, जो अब दुरुस्त करवा दी गई है।
विज्ञापन
देहरा पंचायत उपप्रधान यशपाल कटोच ने बताया कि नित्थर में जल शक्ति विभाग के पानी छोड़ने और वितरण की समस्या लंबे अरसे से चली आ रही है। पंचायत के कई गांवों में लोगों को रात दो बजे पेयजल आपूर्ति की जाती रही है। कई गांवों में ग्रामीणों को पांच दिन के बाद पेयजल आपूर्ति की जा रही है। नया पेयजल टैंक जो अभी एक साल पहले ही बना है, उसकी हालत बेहद खराब है। लाखों रुपये से बने टैंक में रिसाव के कारण पानी के भंडारण में दिक्कतें आ रही हैं। पुराने टैंक की मरम्मत के लिए तीन साल पहले टेंडर लगाया गया, लेकिन अभी भी टैंक की मरम्मत का कार्य कछुआ गति से चल रहा है।
विज्ञापन
गर्मियों का मौसम शुरू होते ही नित्थर और देहरा पंचायत के ग्रामीण पानी के लिए तरसने को मजबूर हैं। उन्होंने जलशक्ति विभाग की कार्यप्रणाली को लेकर सवाल उठाए हैं। स्थानीय निवासी हरीश ठाकुर, संतोष, राकेश, टेक चंद, प्रदीप कुमार, अजय और नवीन सहित अन्यों ने मांग उठाई कि विभाग दिन में 12 घंटे लिफ्ट चलाए ताकि ग्रामीणों को पेयजल किल्लत की समस्या से न जूझना पड़े। उपप्रधान कटोच ने चेताया कि अगर जल्द समस्या का स्थायी समाधान नहीं किया गया तो ग्रामीणों को आंदोलन कर रुख अपनाना पड़ेगा।
विज्ञापन
जलशक्ति विभाग नित्थर के सहायक अभियंता केडी विमल ने बताया कि पुराने पेयजल टैंक का निर्माण कार्य लगभग पूरा हो चुका है। पानी की आपूर्ति का समय भी ठीक है। अगर अब भी किन्हीं गांव में पेयजल दिक्कत चल रही है तो उसे जल्द दूर किया जाएगा। पानी लिफ्ट करने के लिए मोटर खराब थी, जो अब दुरुस्त करवा दी गई है।