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Rampur Bushahar News: मूरंग में ओरमिंग पर्व शुरू, देवता के साथ झूमे लाेग
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पूह(किन्नौर)। किन्नौर जिले के मूरंग गांव में ऐतिहासिक ओरमिंग मेला शुरु हुआ। मेले के पहले दिन क्षेत्र के लोगों ने देवता के साथ जमकर नृत्य किया। मेले में देवता का आशीर्वाद प्राप्त करने के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचे हैं।
पांच जनवरी तक चलने वाले मेले में देवता की आदेश मनाया जाता है। हर साल देवता के स्वर्ग प्रवास से लौटने पर इस पर्व का आयोजन किया जाता है। मान्यता है कि आठ दिन तक चलने वाले ओमरिंग पर्व में नेसंग गांव से लेकर सुंगरा ग्रोसनम तक परियां वापिस आने के दौरान यह पर्व मनाया जाता है। मेले के दौरान सभी देवताओं के मंदिरों के कपाट खुल जाते हैं। इसके साथ ही पूजा अर्चना सहित अन्य मांगलिक कार्य भी शुरू होते हैं। देवता ओरमिंग शु के मोतमीन महेश्वर सिंह नेगी, गीतकार अनूप नेगी और माथस लोकेंद्र नेगी ने बताया कि गुप्त सर्वश्रेष्ठ गुरु डुवारस सूड़ देवता वर्ष में एक बार चार दिनों के लिए गांव के भ्रमण पर निकलते हैं। संध्या के समय ग्रामंड संनथंग में 18 वाद्ययंत्रों की थाप पर गालशीम कार होता है।
उन्होंने कहा कि हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी मेला धूमधाम से मनाया जा रहा है। मेले के पहले दिन शनिवार को दिनभर देवताओं के साथ नृत्य का आनंद लिया। इस दौरान का दृश्य देखते ही बनता है। इसके साथ ही लोग अपने आराध्य देवता से सालभर की सुख समृद्धि की कामना करते हैं।
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पांच जनवरी तक चलने वाले मेले में देवता की आदेश मनाया जाता है। हर साल देवता के स्वर्ग प्रवास से लौटने पर इस पर्व का आयोजन किया जाता है। मान्यता है कि आठ दिन तक चलने वाले ओमरिंग पर्व में नेसंग गांव से लेकर सुंगरा ग्रोसनम तक परियां वापिस आने के दौरान यह पर्व मनाया जाता है। मेले के दौरान सभी देवताओं के मंदिरों के कपाट खुल जाते हैं। इसके साथ ही पूजा अर्चना सहित अन्य मांगलिक कार्य भी शुरू होते हैं। देवता ओरमिंग शु के मोतमीन महेश्वर सिंह नेगी, गीतकार अनूप नेगी और माथस लोकेंद्र नेगी ने बताया कि गुप्त सर्वश्रेष्ठ गुरु डुवारस सूड़ देवता वर्ष में एक बार चार दिनों के लिए गांव के भ्रमण पर निकलते हैं। संध्या के समय ग्रामंड संनथंग में 18 वाद्ययंत्रों की थाप पर गालशीम कार होता है।
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उन्होंने कहा कि हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी मेला धूमधाम से मनाया जा रहा है। मेले के पहले दिन शनिवार को दिनभर देवताओं के साथ नृत्य का आनंद लिया। इस दौरान का दृश्य देखते ही बनता है। इसके साथ ही लोग अपने आराध्य देवता से सालभर की सुख समृद्धि की कामना करते हैं।
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