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तीन करोड़ रुपये से मूरंग किले का होगा जीर्णोद्धार
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उपायुक्त किन्नौर आबिद हुसैन सादिक जिला के मूरंग में श्यामा प्रसाद मुखर्जी रू-बर्न मिशन के तहत कि
- फोटो : RAMPUR-HP
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पूह (किन्नौर)। जिले का ऐतिहासिक मूरंग किला अपने वैभव और शिल्प से एक बार फिर देश-विदेश के सैलानियों को आकर्षित करेगा। श्यामा प्रसाद मुखर्जी अर्बन मिशन के तहत करीब तीन करोड़ से किले का जीर्णोद्धार किया जाएगा। उपायुक्त किन्नौर आबिद हुसैन सादिक ने वीरवार को मूरंग में मिशन के तहत किए जा रहे विभिन्न विकास कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि इसका मुख्य उद्देश्य इन गांवों में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देकर स्थानीय ग्रामीणों की आर्थिकी को सुदृढ़ करना है।
गतिविधियों के लिए मिशन के तहत मूरंग कलस्टर के लिए 17 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है। इसके तहत 17 विकासात्मक योजनाएं क्रियान्वित की जा रही हैं। मूरंग क्षेत्र में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं। इसको देखते हुए क्षेत्र को पर्यटन की दृष्टि से विकसित किया जाएगा। मूरंग के प्राचीन किले के जीर्णोद्धार के लिए करीब 3 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है।
उन्होंने किले का जीर्णोद्धार करते समय इसके प्राचीन वैभव और शिल्प को बनाए रखने पर भी बल दिया। प्राचीन वास्तु शिल्प में किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ न करने के निर्देश दिए। जिससे इसका प्राचीन वैभव सुरक्षित किया जा सके। उन्होंने किले के निर्माण में लगी एजेंसियों को भी निर्देश दिए कि वे किले के जीर्णोद्धार के लिए ऐसे वास्तुकारों की सेवाएं लें, जिन्हें प्राचीन किलों और प्राचीन भवनों के जीर्णोद्धार का अनुभव हो। इस किले को पर्यटन की दृष्टि से भी विकसित किया जाएगा, ताकि यहां आने वाले पर्यटकों को किले से संबंधित ऐतिहासिक जानकारी उपलब्ध हो सके।
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उन्होंने स्थानीय लोगों विशेषकर युवाओं को पर्यटकों की सुविधाओं के लिए होम स्टे तैयार करने के लिए प्रोत्साहित किया। लोक निर्माण विभाग को किले को जोड़ने वाले संपर्क मार्ग के कार्य को शीघ्र पूरा करने और जलशक्ति विभाग को किले के लिए पेयजल सुविधा शीघ्र उपलब्ध करवाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने इस दौरान किले के साथ हो रहे निर्माण कार्यों के अलावा स्थानीय देवता ओर्मिक के परिसर में विभिन्न निर्माणाधीन कार्य और बौद्ध मंदिर के साथ निर्माणाधीन अधोसंरचना का भी निरीक्षण किया।
उन्होंने इन कार्यों में शामिल विभागों के अधिकारियों को निर्माणाधीन कार्य में और तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मिशन के तहत मूरंग कलस्टर की 4 पंचायतें हैं। इसमें मूरंग, कुन्नो-चारंग, रिस्पा और ठंगी को शामिल किया गया है। उन्होंने इस दौरान राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला मूरंग का भी औचक निरीक्षण किया और विद्यार्थियों से विभिन्न विषयों से संबंधित प्रश्न भी पूछे।
उन्होंने लोक निर्माण विभाग को स्कूल परिसर में स्वीकृत चहारदीवारी के कार्य को शीघ्र पूरा करने के भी निर्देश दिए। इस दौरान विश्वकर्मा महिला मंडल मूरंग ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों की मनमोहक प्रस्तुत दी। इस मौके पर अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी पूह अश्वनी कुमार, परियोजना अधिकारी एकीकृत जनजातीय विकास बिमला देवी, मूरंग पंचायत प्रधान अनूप कुमार सहित कई अन्य मौजूद रहे।
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गतिविधियों के लिए मिशन के तहत मूरंग कलस्टर के लिए 17 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है। इसके तहत 17 विकासात्मक योजनाएं क्रियान्वित की जा रही हैं। मूरंग क्षेत्र में पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं। इसको देखते हुए क्षेत्र को पर्यटन की दृष्टि से विकसित किया जाएगा। मूरंग के प्राचीन किले के जीर्णोद्धार के लिए करीब 3 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है।
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उन्होंने किले का जीर्णोद्धार करते समय इसके प्राचीन वैभव और शिल्प को बनाए रखने पर भी बल दिया। प्राचीन वास्तु शिल्प में किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ न करने के निर्देश दिए। जिससे इसका प्राचीन वैभव सुरक्षित किया जा सके। उन्होंने किले के निर्माण में लगी एजेंसियों को भी निर्देश दिए कि वे किले के जीर्णोद्धार के लिए ऐसे वास्तुकारों की सेवाएं लें, जिन्हें प्राचीन किलों और प्राचीन भवनों के जीर्णोद्धार का अनुभव हो। इस किले को पर्यटन की दृष्टि से भी विकसित किया जाएगा, ताकि यहां आने वाले पर्यटकों को किले से संबंधित ऐतिहासिक जानकारी उपलब्ध हो सके।
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उन्होंने स्थानीय लोगों विशेषकर युवाओं को पर्यटकों की सुविधाओं के लिए होम स्टे तैयार करने के लिए प्रोत्साहित किया। लोक निर्माण विभाग को किले को जोड़ने वाले संपर्क मार्ग के कार्य को शीघ्र पूरा करने और जलशक्ति विभाग को किले के लिए पेयजल सुविधा शीघ्र उपलब्ध करवाने के भी निर्देश दिए। उन्होंने इस दौरान किले के साथ हो रहे निर्माण कार्यों के अलावा स्थानीय देवता ओर्मिक के परिसर में विभिन्न निर्माणाधीन कार्य और बौद्ध मंदिर के साथ निर्माणाधीन अधोसंरचना का भी निरीक्षण किया।
उन्होंने इन कार्यों में शामिल विभागों के अधिकारियों को निर्माणाधीन कार्य में और तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मिशन के तहत मूरंग कलस्टर की 4 पंचायतें हैं। इसमें मूरंग, कुन्नो-चारंग, रिस्पा और ठंगी को शामिल किया गया है। उन्होंने इस दौरान राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला मूरंग का भी औचक निरीक्षण किया और विद्यार्थियों से विभिन्न विषयों से संबंधित प्रश्न भी पूछे।
उन्होंने लोक निर्माण विभाग को स्कूल परिसर में स्वीकृत चहारदीवारी के कार्य को शीघ्र पूरा करने के भी निर्देश दिए। इस दौरान विश्वकर्मा महिला मंडल मूरंग ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों की मनमोहक प्रस्तुत दी। इस मौके पर अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी पूह अश्वनी कुमार, परियोजना अधिकारी एकीकृत जनजातीय विकास बिमला देवी, मूरंग पंचायत प्रधान अनूप कुमार सहित कई अन्य मौजूद रहे।