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Rampur Bushahar News: युवाओं को नेतृत्व क्षमता पर किया प्रशिक्षित
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कल्पा में आयोजित आदि कर्मयोगी अभियान कार्यशाला के समापन अवसर पर मौजूद मुख्यातिथि और अन्य। संवाद
कल्पा में तीन दिवसीय आदि कर्मयोगी अभियान कार्यशाला का समापन
संवाद न्यूज एजेंसी
रिकांगपिओ (किन्नौर)। कल्पा में तीन दिवसीय आदि कर्मयोगी अभियान कार्यशाला का बुधवार को समापन हो गया। समापन के अवसर पर एसडीएम अमित कल्थाईक बतौर मुख्यातिथि मौजूद रहे। कार्यशाला में जनजातीय क्षेत्र के युवाओं को नेतृत्व क्षमता विकसित करने पर प्रशिक्षित किया गया। एसडीएम कल्थाईक ने कहा कि यह अभियान न केवल जनजातीय समाज में नेतृत्व को बढ़ावा दे रहा है, बल्कि विशेष रूप से ग्रामीण महिलाओं को उनके मौलिक अधिकारों और क्षमता निर्माण के प्रति जागरूक भी कर रहा है। उन्होंने बताया कि इस पहल का लक्ष्य समाज के वंचित और गरीब वर्गों को केंद्र और राज्य सरकार की कल्याणकारी योजनाओं से जोड़कर उनकी आर्थिक स्थिति और प्रति व्यक्ति आय में सुधार लाना है। कार्यशाला के दौरान कुल 14 प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिन्होंने जनजातीय गांवों में सामुदायिक भागीदारी के माध्यम से अपना गांव समृद्धि का सपना विषय पर दृष्टि निर्माण (वीजन बिल्डिंग) की प्रक्रिया को समझा। कार्यशाला में अभ्यास भी करवाए गए। इन अभ्यासों का उद्देश्य स्थानीय चुनौतियों और अवसरों को पहचानना और पारंपरिक ज्ञान का लाभ उठाना है, ताकि समुदाय संचालित विकास योजनाओं को साकार किया जा सके। समापन समारोह में आदि कर्मयोगी अभियान के पदाधिकारी और विभिन्न जनजातीय स्वयंसेवी संगठनों के कार्यकर्ता भी मौजूद रहे।
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संवाद न्यूज एजेंसी
रिकांगपिओ (किन्नौर)। कल्पा में तीन दिवसीय आदि कर्मयोगी अभियान कार्यशाला का बुधवार को समापन हो गया। समापन के अवसर पर एसडीएम अमित कल्थाईक बतौर मुख्यातिथि मौजूद रहे। कार्यशाला में जनजातीय क्षेत्र के युवाओं को नेतृत्व क्षमता विकसित करने पर प्रशिक्षित किया गया। एसडीएम कल्थाईक ने कहा कि यह अभियान न केवल जनजातीय समाज में नेतृत्व को बढ़ावा दे रहा है, बल्कि विशेष रूप से ग्रामीण महिलाओं को उनके मौलिक अधिकारों और क्षमता निर्माण के प्रति जागरूक भी कर रहा है। उन्होंने बताया कि इस पहल का लक्ष्य समाज के वंचित और गरीब वर्गों को केंद्र और राज्य सरकार की कल्याणकारी योजनाओं से जोड़कर उनकी आर्थिक स्थिति और प्रति व्यक्ति आय में सुधार लाना है। कार्यशाला के दौरान कुल 14 प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिन्होंने जनजातीय गांवों में सामुदायिक भागीदारी के माध्यम से अपना गांव समृद्धि का सपना विषय पर दृष्टि निर्माण (वीजन बिल्डिंग) की प्रक्रिया को समझा। कार्यशाला में अभ्यास भी करवाए गए। इन अभ्यासों का उद्देश्य स्थानीय चुनौतियों और अवसरों को पहचानना और पारंपरिक ज्ञान का लाभ उठाना है, ताकि समुदाय संचालित विकास योजनाओं को साकार किया जा सके। समापन समारोह में आदि कर्मयोगी अभियान के पदाधिकारी और विभिन्न जनजातीय स्वयंसेवी संगठनों के कार्यकर्ता भी मौजूद रहे।