चौपाल (रोहड़ू)। ग्राम पंचायत गोरली मड़ावग में विधिक सेवा प्राधिकरण चौपाल की ओर से महिला सशक्तिकरण पर जागरुकता शिविर लगाया गया। शिविर में सिविल जज श्रुति बंसल ने महिलाओं को उनके अधिकारों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि यौन उत्पीड़न, महिला से मारपीट, घर से निकाल देना व नाबालिग बच्चियों से छेड़छाड़, बलात्कार, अपहरण, शारीरिक व मानसिक शोषण जैसी घटनाएं समाज में हिंसा को बढ़ावा दे रही हैं। इन सभी अपराधों को भारतीय न्याय संहिता के अनुसार अपराध की श्रेणी में रखा गया है। महिलाओं को आवश्यकता है कि वे उनके साथ होने वाली हिंसा के खिलाफ आवाज उठाएं। अपनी रिपोर्ट दर्ज करवाएं व सुरक्षित रहें। इसके लिए निशुल्क कानूनी सहायता का प्रावधान है। उन्होंने पारिवारिक, वैवाहिक, फैमिली झगड़े किस तरह से फैमिली कोर्ट में चलाए जा सकते हैं, इस बारे में जानकारी दी। वरिष्ठ अधिवक्ता धीरेंद्र चौहान ने महिला सशक्तिकरण, महिलाओं को भारतीय न्याय संहिता के प्रावधानों के अलावा मिशन शक्ति के तहत चल रही विभिन्न स्कीमों के बारे में जानकारी दी। महिलाओं के खिलाफ यौन अपराध, बलात्कार, ताक-झांक, पीछा करना और महिला की गरिमा को ठेस पहुंचाने जैसे विषयों पर विस्तृत जानकारी दी गई। इसके अलावा अधिवक्ता मनोज गाजटा ने भी महिलाओं के खिलाफ यौन अपराध आदि विभिन्न विषयों पर जानकारी प्रदान की। इस अवसर पर प्रधान प्रेम डोगरा, पूर्व पंचायत समिति अध्यक्ष सुशील चौहान, हेमंत डोगरा, मनीष दीवान, पीएलवी सुरेश कुमार उपस्थित रहे।