फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Rampur Bushahar News ›   agriculture news rohru

Rampur Bushahar News: हिमपात के बाद खुला मौसम, बगीचों में काम में जुटे बागवान

Fri, 02 Feb 2024 05:17 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Fri, 02 Feb 2024 05:17 PM IST
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

रोहड़ू। हिमपात के बाद मौसम खुलते ही बागवान सेब के बगीचों में कार्य करने में जुट गए हैं। पुराने पौधे नष्ट होने के बाद अब बागवान उनकी जगह नए पौधे लगाने की तैयारी कर रहे हैं। विशेषज्ञों की सलाह है कि बागवान वैज्ञानिक तरीके से बगीचों की देखरेख का कार्य करें। इस महीने के अंत तक इन कार्यों को पूरा करने के लिए बागवानों के पास अभी समय शेष है। बागवानी विशेषज्ञों का कहना है कि प्रदेश के कई इलाकों में बागवानों ने दिसंबर में ही सेब के पेड़ों की काटछांट करने का काम शुरू कर दिया था। दिसंबर से फरवरी तक पेड़ों की काटछांट पौधे की सुप्त अवस्था में ही की जाती है। समय से पहले या बाद में काटछांट से कई तरह की समस्याएं पैदा हो सकती हैं, इसलिए बगीचों की देखरेख पौधे लगाने और प्रूनिंग के लिए उचित समय का इंतजार जरूरी है।

कृषि विज्ञान केंद्र रोहड़ू के पूर्व वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं बागवानी विशेषज्ञ डॉ. नरेंद्र कायथ का कहना है कि सेब के बगीचों में काटछांट का फल की गुणवत्ता बनाए रखने में विशेष योगदान रहता है। पेड़ों की काटछांट को सही समय पर करने से कैंकर और वूली एफिड की समस्या कम हो जाती है। अब बारिश के बाद नमी होने पर बागवान बगीचों में तौलिए बना सकते हैं।
विज्ञापन

नए पौधे लगाने के लिए चयनित वैरायटी के अनुसार गड्ढे तैयार कर सकते हैं। नए बगीचे को लगाने के लिए पौधों के बीच की दूरी, भूमि की ढलान सहित कई आवश्यक जानकारी होना जरूरी है। इसके लिए लोग विशेषज्ञ से भी संपर्क कर सकते हैं। उन्होंने कहा सेब के काटछांट के बाद लोग घाव पर पेस्ट लगाएं। इससे पेड़ों के जख्म जल्दी भरेंगे, पेड़ों को कैंकर और वूली एफिड की बीमारी का असर भी नहीं होगा। उन्होंने कहा कि बागवान बगीचों में उर्वरकों का प्रयोग अब बारिश होने के बाद कर सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed