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Mandi News: नेरचौक में सार्वजनिक मार्ग बाधित करने पर 200 रुपये जुर्माना
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अदालत ने दोष स्वीकार करने पर सुनाया फैसला, दोषी ने मौके पर जमा किया जुर्माना
संवाद न्यूज एजेंसी
मंडी। नेरचौक में सड़क किनारे रेहड़ी लगाकर सार्वजनिक मार्ग बाधित करने के मामले में न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी, कोर्ट नंबर-3 मंडी ने आरोपी गुरदास को दोषी करार देते हुए 200 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। गुरदास ने अदालत में अपना अपराध स्वीकार किया और जुर्माना मौके पर जमा कर दिया। मामला वर्ष 2015 का है। पुलिस थाना बल्ह में 17 दिसंबर 2015 को आईपीसी की धारा 283 के तहत प्राथमिकी दर्ज हुई थी। आरोप था कि गुरदास ने सड़क किनारे रेहड़ी लगाकर सार्वजनिक मार्ग पर बाधा उत्पन्न की। 24 सितंबर 2026 को सुनवाई के दौरान गुरदास ने स्वेच्छा से अपराध स्वीकार किया। अदालत ने बयान को स्वैच्छिक मानते हुए उसे दोषी करार दिया। बचाव पक्ष ने उसकी अधिक उम्र और परिवार का इकलौता कमाने वाला सदस्य होने के आधार पर नरमी की मांग की। अदालत ने प्रोबेशन का लाभ देने से इनकार करते हुए 200 रुपये जुर्माना लगाया।
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संवाद न्यूज एजेंसी
मंडी। नेरचौक में सड़क किनारे रेहड़ी लगाकर सार्वजनिक मार्ग बाधित करने के मामले में न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी, कोर्ट नंबर-3 मंडी ने आरोपी गुरदास को दोषी करार देते हुए 200 रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। गुरदास ने अदालत में अपना अपराध स्वीकार किया और जुर्माना मौके पर जमा कर दिया। मामला वर्ष 2015 का है। पुलिस थाना बल्ह में 17 दिसंबर 2015 को आईपीसी की धारा 283 के तहत प्राथमिकी दर्ज हुई थी। आरोप था कि गुरदास ने सड़क किनारे रेहड़ी लगाकर सार्वजनिक मार्ग पर बाधा उत्पन्न की। 24 सितंबर 2026 को सुनवाई के दौरान गुरदास ने स्वेच्छा से अपराध स्वीकार किया। अदालत ने बयान को स्वैच्छिक मानते हुए उसे दोषी करार दिया। बचाव पक्ष ने उसकी अधिक उम्र और परिवार का इकलौता कमाने वाला सदस्य होने के आधार पर नरमी की मांग की। अदालत ने प्रोबेशन का लाभ देने से इनकार करते हुए 200 रुपये जुर्माना लगाया।