{"_id":"6ace9090a925f7796f0bdebf","slug":"convict-fined-1000-in-cheque-bounce-case-following-a-settlement-mandi-news-c-90-1-mnd1001-217465-2026-10-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mandi News: समझौते के बाद चेक बाउंस मामले में दोषी को एक हजार रुपये जुर्माना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mandi News: समझौते के बाद चेक बाउंस मामले में दोषी को एक हजार रुपये जुर्माना
विज्ञापन
2017 से लंबित था मामला, शिकायतकर्ता ने पूरी राशि मिलने के बाद नहीं मांगी सजा
संवाद न्यूज एजेंसी
मंडी। चेक बाउंस मामले में आपसी समझौते के बाद जेएमएफसी कोर्ट नंबर-3 मंडी ने सोमवार को सलिंदर मोहन बनाम नानक चंद मामले में दोषी को एक हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। दोषी ने जुर्माना अदा कर दिया, जिसके बाद उसके जमानत और मुचलका बांड मुक्त कर दिए गए।
सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं ने अदालत को बताया कि विवाद का आपसी सहमति से निपटारा हो चुका है। शिकायतकर्ता ने शपथपत्र और बयान के माध्यम से पूरी राशि मिलने तथा कोई दावा शेष न होने की पुष्टि की।
अदालत ने माना कि मामला वर्ष 2017 से लंबित था और न्यायिक समय व संसाधनों के उपयोग को देखते हुए दोषी पर एक हजार रुपये का सांकेतिक जुर्माना लगाना उचित है। जुर्माना न देने पर तीन दिन के साधारण कारावास का प्रावधान था।
विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
मंडी। चेक बाउंस मामले में आपसी समझौते के बाद जेएमएफसी कोर्ट नंबर-3 मंडी ने सोमवार को सलिंदर मोहन बनाम नानक चंद मामले में दोषी को एक हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई। दोषी ने जुर्माना अदा कर दिया, जिसके बाद उसके जमानत और मुचलका बांड मुक्त कर दिए गए।
सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं ने अदालत को बताया कि विवाद का आपसी सहमति से निपटारा हो चुका है। शिकायतकर्ता ने शपथपत्र और बयान के माध्यम से पूरी राशि मिलने तथा कोई दावा शेष न होने की पुष्टि की।
विज्ञापन
अदालत ने माना कि मामला वर्ष 2017 से लंबित था और न्यायिक समय व संसाधनों के उपयोग को देखते हुए दोषी पर एक हजार रुपये का सांकेतिक जुर्माना लगाना उचित है। जुर्माना न देने पर तीन दिन के साधारण कारावास का प्रावधान था।
विज्ञापन