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गोहर में पीलिया पर वार : चैलचौक में सफाई और सैंपलिंग तेज
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तीन एसडीओ, छह जेई और 16 वर्कर तैनात; कुल मामले 239, दो नए मामले
ब्यास के पानी से की जा रही पीलिया प्रभावित इलाकों में पेयजल आपूर्ति
संवाद न्यूज एजेंसी
गोहर (मंडी)। उपमंडल में पीलिया के बढ़ते मामलों के बीच जल शक्ति विभाग ने सोमवार को चैलचौक क्षेत्र में व्यापक सफाई और निगरानी अभियान चलाया। विभाग की टीमों ने क्षेत्र में पेयजल स्रोतों की गहन जांच करते हुए स्थानीय लोगों के बोरवेल से छह सैंपल एकत्र किए। इसके साथ ही निजी मकानों, स्कूलों और अस्पतालों की पानी की टंकियों की सफाई भी सुनिश्चित करवाई गई।
विभाग ने बासा क्षेत्र में भी सक्रियता दिखाते हुए नलों से छह पानी के नमूने लिए हैं। जल गुणवत्ता की लगातार निगरानी की जा रही है। पीलिया की रोकथाम के लिए विभाग ने गोहर क्षेत्र में तीन एसडीओ, छह जूनियर इंजीनियर (जेई) और 16 वर्करों की तैनाती की है। ये टीमें दिन-रात फील्ड में रहकर जलापूर्ति योजनाओं, स्रोतों और वितरण व्यवस्था की निगरानी कर रही हैं। सोमवार को पीलिया के दो नए मामले सामने आए हैं। अब पीलिया के मरीजों की संख्या बढ़कर 239 पहुंच गई है। हालांकि, विभाग का दावा है कि हालात पर काबू पाने के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं। पीलिया प्रभावित इलाकों में लोगों को सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराने के लिए एनडीबी योजना के तहत सप्लाई दी जा रही है। जल शक्ति विभाग के अधिशासी अभियंता कृष्ण कुमार शर्मा स्वयं गोहर में डटे हुए हैं और सभी पेयजल योजनाओं की निगरानी कर रहे हैं। विभाग की इस सक्रियता से क्षेत्र में स्थिति को नियंत्रित करने की उम्मीद जताई जा रही है।
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ब्यास के पानी से की जा रही पीलिया प्रभावित इलाकों में पेयजल आपूर्ति
संवाद न्यूज एजेंसी
गोहर (मंडी)। उपमंडल में पीलिया के बढ़ते मामलों के बीच जल शक्ति विभाग ने सोमवार को चैलचौक क्षेत्र में व्यापक सफाई और निगरानी अभियान चलाया। विभाग की टीमों ने क्षेत्र में पेयजल स्रोतों की गहन जांच करते हुए स्थानीय लोगों के बोरवेल से छह सैंपल एकत्र किए। इसके साथ ही निजी मकानों, स्कूलों और अस्पतालों की पानी की टंकियों की सफाई भी सुनिश्चित करवाई गई।
विभाग ने बासा क्षेत्र में भी सक्रियता दिखाते हुए नलों से छह पानी के नमूने लिए हैं। जल गुणवत्ता की लगातार निगरानी की जा रही है। पीलिया की रोकथाम के लिए विभाग ने गोहर क्षेत्र में तीन एसडीओ, छह जूनियर इंजीनियर (जेई) और 16 वर्करों की तैनाती की है। ये टीमें दिन-रात फील्ड में रहकर जलापूर्ति योजनाओं, स्रोतों और वितरण व्यवस्था की निगरानी कर रही हैं। सोमवार को पीलिया के दो नए मामले सामने आए हैं। अब पीलिया के मरीजों की संख्या बढ़कर 239 पहुंच गई है। हालांकि, विभाग का दावा है कि हालात पर काबू पाने के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं। पीलिया प्रभावित इलाकों में लोगों को सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराने के लिए एनडीबी योजना के तहत सप्लाई दी जा रही है। जल शक्ति विभाग के अधिशासी अभियंता कृष्ण कुमार शर्मा स्वयं गोहर में डटे हुए हैं और सभी पेयजल योजनाओं की निगरानी कर रहे हैं। विभाग की इस सक्रियता से क्षेत्र में स्थिति को नियंत्रित करने की उम्मीद जताई जा रही है।
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