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दो बार शवयात्रा से सामना होने पर ठहरी जलेब, देवताओं का फासला बढ़ा

Wed, 21 Feb 2018 09:56 PM IST
Updated Wed, 21 Feb 2018 09:56 PM IST
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दो बार शवयात्रा से सामना होने पर ठहरी जलेब, देवताओं का फासला बढ़ा
देव परंपरा अनुसार शवयात्रा को देना पड़ता है रास्ता
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दो बार शवयात्रा से सामना होने पर ठहरी जलेब
पुल पर देवरथों को रोक कम किया गया फासला
अमर उजाला ब्यूरो
मंडी। राजदेवता माधोराय की तीसरी जलेब में बुधवार को दो बार शव यात्रा से देवी-देवताओं का सामना हुआ। इससे जलेब दो बार रुक गई। जलेब रुकने के कारण देवताओं में जलेब में दो सौ से तीन सौ मीटर का फासला हो गया। इस फासले को पूरा करने के लिए आईटीआई चौक और पुल के समीप देवी-देवताओं को रोका गया। लेकिन, शव यात्रा के चलते कई देवरथों के रुकने से फासला कम होने में समय लग गया। देव परंपरा अनुसार शवयात्रा को रास्ता देना पड़ता है।

सर्वदेवता सेवा समिति के अध्यक्ष पंडित शिवपाल ने कहा कि जलेब व्यवस्था में देवों की वरिष्ठता और क्रम का विशेष ध्यान रखा जाता है। बुधवार को अंतिम जलेब भी समय के अनुसार शुरू हुई। लेकिन, दो बार जलेब को शव यात्राओं का सामना करना पड़ा। शव यात्रा को रास्ता देने के चलते देव रथों में फासला बढ़ गया। उन्होंने कहा कि पहले मोती बाजार में शव यात्रा से देवरथ रुके। उसके बाद खुआरानी मंदिर के समीप दूसरी शव यात्रा मिलने से जलेब की रफ्तार धीमी हो गई। दोनों जगह ही 10 मिनट तक जलेब ठहर गई। उन्होंने कहा कि फासले को पूरा करने के लिए आईटीआई चौक पर पुल के पास देवरथों को कुछ समय के लिए रोका गया। इससे फासला कम हुआ और ऐतिहासिक पड्डल मैदान में देवरथ एक साथ पहुंचे।
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