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टीजीटी संवर्ग संघ जिला मंडी के अध्यक्ष चुने गए कमल किशोर
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नेरचौक (मंडी)। प्रदेश टीजीटी संवर्ग संघ जिला मंडी का गठन राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला भंगरोटू में किया गया। यह चुनाव प्रक्रिया प्रधानाचार्य राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला भंगरोटू रामसरन नारंग की अध्यक्षता में हुई। इसमें रामसरन नारंग को संरक्षक एवं मुख्य सलाहकार, कमल किशोर शर्मा को अध्यक्ष और नरेंद्र ठाकुर, नंद कुमार वर्मा, राजेश गुप्ता तथा जीत राम को संघ का उपाध्यक्ष नियुक्त किया गया।
अशोक वालिया, प्रवीण गुलेरिया, दयाराम, बोधराज तथा वीरी सिंह को महासचिव नियुक्त किया गया। महेंद्र गुप्ता, देवराज शर्मा, लवलीन कुमार, संगीता शर्मा तथा रोशन लाल को सह सचिव नियुक्त किया गया। कोषाध्यक्ष के रूप में समीर तथा दर्शन सिंह राणा, धर्मपाल व सुभाष कुमार को लेखाकार चुना गया। इसके अलावा हिमाचल प्रदेश टीजीटी संवर्ग कोर कमेटी में 20 सदस्य चुने गए। इसमें नानक चंद, विजय कपूर, रूप सिंह, मिलाप चंद, दिनेश कुमार, मुख्त्यार गुलेरिया, जितेंद्र कुमार, सुखदेव, भूप सिंह सैनी, योगेश कुमार, प्रवीण पराशर, किशोरी लाल, ईश्वरदास, सुभाष, जय सिंह ठाकुर, नेत्र सिंह शामिल हैं।
बैठक में 50 टीजीटी संवर्ग के पदाधिकारियों ने भाग लिया। इस मौके पर कुछ मांगें उठाई गईं। इनमें मुख्य मांगें मुख्य अध्यापकों से प्रधानाचार्य पदों पर पदोन्नति कोटे को 70 प्रतिशत करने की मांग की गई। टीजीटी संवर्ग की संख्या 26 हजार और सीधी भर्ती वाले प्रवक्ताओं की संख्या 4500 है। दूसरी मांग 26 अप्रैल 2010 के बाद पदोन्नत पीजीटी को मुख्य अध्यापकों की भर्ती एवं पदोन्नति नियम में संशोधन करके मुख्य अध्यापक बनने का मौका प्रदान किया जाए। शिक्षा उपनिदेशक स्तर पर निरीक्षण में शिक्षा की गुणवत्ता के लिए मुख्याध्यापक निरीक्षण खंड के पद सृजित किए जाएं तथा राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला में वर्ष 2001 में सृजित मुख्य अध्यापकों के 236 पदों को शिक्षा की गुणवत्ता के लिए भरा जाए।
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अशोक वालिया, प्रवीण गुलेरिया, दयाराम, बोधराज तथा वीरी सिंह को महासचिव नियुक्त किया गया। महेंद्र गुप्ता, देवराज शर्मा, लवलीन कुमार, संगीता शर्मा तथा रोशन लाल को सह सचिव नियुक्त किया गया। कोषाध्यक्ष के रूप में समीर तथा दर्शन सिंह राणा, धर्मपाल व सुभाष कुमार को लेखाकार चुना गया। इसके अलावा हिमाचल प्रदेश टीजीटी संवर्ग कोर कमेटी में 20 सदस्य चुने गए। इसमें नानक चंद, विजय कपूर, रूप सिंह, मिलाप चंद, दिनेश कुमार, मुख्त्यार गुलेरिया, जितेंद्र कुमार, सुखदेव, भूप सिंह सैनी, योगेश कुमार, प्रवीण पराशर, किशोरी लाल, ईश्वरदास, सुभाष, जय सिंह ठाकुर, नेत्र सिंह शामिल हैं।
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बैठक में 50 टीजीटी संवर्ग के पदाधिकारियों ने भाग लिया। इस मौके पर कुछ मांगें उठाई गईं। इनमें मुख्य मांगें मुख्य अध्यापकों से प्रधानाचार्य पदों पर पदोन्नति कोटे को 70 प्रतिशत करने की मांग की गई। टीजीटी संवर्ग की संख्या 26 हजार और सीधी भर्ती वाले प्रवक्ताओं की संख्या 4500 है। दूसरी मांग 26 अप्रैल 2010 के बाद पदोन्नत पीजीटी को मुख्य अध्यापकों की भर्ती एवं पदोन्नति नियम में संशोधन करके मुख्य अध्यापक बनने का मौका प्रदान किया जाए। शिक्षा उपनिदेशक स्तर पर निरीक्षण में शिक्षा की गुणवत्ता के लिए मुख्याध्यापक निरीक्षण खंड के पद सृजित किए जाएं तथा राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला में वर्ष 2001 में सृजित मुख्य अध्यापकों के 236 पदों को शिक्षा की गुणवत्ता के लिए भरा जाए।
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