फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Mandi News ›   मंडी जोनल अस्पताल में प्रसव के ऑपरेशन बंद

मंडी जोनल अस्पताल में प्रसव के ऑपरेशन बंद

Wed, 13 Mar 2019 10:23 PM IST
tajinder singh tajinder singh
Updated Wed, 13 Mar 2019 10:23 PM IST
विज्ञापन
मंडी जोनल अस्पताल में प्रसव के ऑपरेशन बंद
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

मंडी। क्षेत्रीय अस्पताल मंडी में प्रसव के ऑपरेशन बंद हो गए हैं। यही नहीं, सामान्य केस भी मेडिकल कॉलेज नेरचौक के लिए रेफर किए जा रहे हैं। एक माह से स्त्री विशेषज्ञ की तैनाती नहीं होने के खामियाजा गर्भवती महिलाओं और उनके परिजनों को भुगतना पड़ रहा है। सोमवार, मंगलवार और बुधवार को ऐसे कई केस मेडिकल नेरचौक कॉलेज में रेफर हुए हैं। जबकि, सरकार की ओर से मंडी जोनल अस्पताल में सभी सुविधाएं मुहैया करवाई गई हैं। यहां गायनी विशेषज्ञ की कमी से परेशानी हो हो रही है। उधर, गर्भवती महिलाओं ने बताया कि वे सामान और परिजनों के साथ यहां पहुंची थीं, लेकिन उन्हें कहा गया कि यहां पर कोई भी स्त्री विशेषज्ञ नहीं है। इसलिए उन्हें मेडिकल अस्पताल में जाना पड़ेगा। ऐसे में उन्हें दोबारा सामान के साथ नेरचौक पहुंचना पड़ा। दूसरी ओर अन्य रोगों से ग्रसित महिलाओं का भी यह कहना है कि अस्पताल में उन्हें उचित स्वास्थ्य सेवा नहीं मिल पा रही है। वहीं अस्पताल प्रबंधन हाथ पर हाथ धरे बैठा है। गायनी विशेष की तैनाती के लिए महज औपचारिकताएं निभाई जा रही हैं। गौरतलब है कि मंडी अस्पताल में तैनात गायनी विशेषज्ञ केएस मल्होत्रा की हृदय आघात से मौत हो गई थी। इसके बाद यहां विशेषज्ञ तैनात नहीं हो सका है।
गायनी ओपीडी का ग्राफ गिरा
आलम यह है कि जोनल अस्पताल का गायनी वार्ड पूरी तरह से खाली हो गया है। यहां पर एक भी डिलीवरी नहीं हो रही है। कुछ माह पहले जहां हर रोज 250 से 300 ओपीडी होती थी, अब यहां पर ओपीडी 70 से 80 पहुंच गई है। वार्ड के अधिकतर बेड खाली पड़े हैं। हालांकि, अस्पताल में प्रशिक्षु चिकित्सक सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन प्रसव के लिए महिलाओं को सीधे नेरचौक मेडिकल कॉलेज रेफर किया जा रहा है।
विज्ञापन

छह पद पड़े हैं खाली
गौरतलब है कि यहां पर स्त्री रोग विशेषज्ञ के छह पद स्वीकृत हैं लेकिन मौजूदा समय में यहां पर एक भी स्त्री विशेषज्ञ नहीं होने के चलते दूर दराज क्षेत्रों से आने वाली महिलाओं को परेशानी उठानी पड़ रही है। सीएम का गृह जिला होने के बावजूद एक माह से यहां पर स्त्री रोग विशेषज्ञ की नियुक्ति नहीं हो पाई है। लिहाजा, इसका खामियाजा यहां पर प्रसव करवाने के लिए दूर क्षेत्रों से आने वाली महिलाओं को भुगतना पड़ रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

मंडी से पंद्रह किमी दूर है नेरचौक कॉलेज
मंडी से नेरचौक मेडिकल कॉलेज की दूरी 15 किलोमीटर दूर है। ऐसे में मरीज को यहां तक पहुंचाने से पहले ही कोई अनहोनी हो सकती है। उधर, इसके बारे मेें एमएस मंडी केएस मल्होत्रा ने बताया कि अस्पताल में स्त्री रोग विशेषज्ञों के खाली पदों के बारे में उच्चाधिकारियों को अवगत करवा दिया गया है। जल्द नए स्त्री रोग विशेषज्ञ की तैनाती होने की उम्मीद है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed