{"_id":"40f13962a09e8edb5413802ca66e1dde","slug":"tourist-buisnessmen-are-happy-with-decision-of-ngt-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"एनजीटी के फैसले से पर्यटन कारोबारी खुश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एनजीटी के फैसले से पर्यटन कारोबारी खुश
ब्यूरो/अमर उजाला, कुल्लू/मनाली
Updated Thu, 20 Aug 2015 10:19 PM IST
विज्ञापन
माननीय एनजीटी ने मंगलवार को अपने फैसले पर पुनर्विचार करते हुए रोहतांग के लिए एक हजार वाहन जाने की अनुमति दी है। इसके लिए मनाली होटलियर्स एसोसिएशन ने न्यायालय के साथ-साथ प्रदेश सरकार का भी आभार प्रकट किया है। मनाली में प्रेस को जारी एक बयान में एसोसिएशन के अध्यक्ष अनूप ठाकुर ने कहा कि सरकार ने सही पक्ष कोर्ट के समक्ष रखा, जिसे स्वीकार किया गया। उन्होंने कहा कि फिलहाल यह राहत तीस नवंबर तक दी गई है।
विज्ञापन
एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री से वाहनों के अलावा रोहतांग पर सभी पर्यटन गतिविधियों को भी शुरू करने का आग्रह किया था। लेकिन, उस पर कोई फैसला नहीं हुआ है। इससे मनाली के सैकड़ों कारोबारी अभी भी परेशान हैं। उन्होंने कहा कि जो भी पर्यटक मनाली आते हैं, वे रोहतांग जाकर केवल बर्फ ही नहीं देखते, वहां साहसिक खेलों का भी आनंद उठाते हैं। लेकिन, गत छह जुलाई से मनाली के सभी पर्यटन स्थलों पर उक्त गतिविधियां बंद कर दी गई हैं। इसके चलते मनाली आने वाले सैलानियों की संख्या भी कम हुई है।
विज्ञापन
उन्होंने एनजीटी से आग्रह किया है कि अनछुए पर्यटन स्थलों को भी विकसित करने के लिए केंद्र सरकार को दिशानिर्देश जारी किए जाएं। एसोसिएशन के मुख्य संरक्षक गौतम ठाकुर ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण के लिए कोर्ट के सुझाव का स्वागत है, लेकिन जिस तरह सीएसआईआर की रिपोर्ट आई है, वह चिंताजनक है। रिपोर्ट में कहा गया है कि सीएनजी से कैंसर होता है, जबकि डीजल से अस्थमा। उन्होंने कहा कि माननीय एनजीटी मनाली-रोहतांग मार्ग पर सीएनजी बसें चलाने से पहले सीएसआईआर की रिपोर्ट पर भी गौर करे।
विज्ञापन