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Kullu News: ईकेवाईसी के लिए 14 किमी पैदल चले सैंज घाटी के लोग
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बसों के अभाव में उठानी पड़ी दिक्कतें
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संवाद न्यूज एजेंसी
न्यूली (कुल्लू)। सैंज घाटी की दुर्गम ग्राम पंचायतों की जनता की परेशानियां कम नहीं हो रही हैं। बसों के अभाव में ग्रामीणों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। सैंज में विद्युत बोर्ड ने मंगलवार को उपभोक्ताओं के दस्तावेजों का सत्यापन किया। ई-केवाईसी करवाने के लिए ग्राम पंचायत देहुरीधार और शैंशर से भी ग्रामीण आए, लेकिन बसों के अभाव में ग्रामीणों को करीब 14 किलोमीटर पैदल चलकर शैंशर से न्यूली पहुंचना पड़ा।
एचआरटीसी की बस सेवा सैंंज-न्यूली-शैंशर रूट पर दो सालों से बंद है। निगम रूट परमिट न होने का हवाला देता है। निजी बसों का संचालन भी सुबह और शाम को ही किया जाता है। इस कारण दो ग्राम पंचायतों के ग्रामीणों को परेशान होना पड़ता है। ग्रामीण सोमदेव, मोहित, पन्नालाल, आकाश, सौरव ने कहा कि बिजली बोर्ड की ओर से करवाई जा रही ई-केवाईसी के लिए सैंज जाना जरूरी था। सुबह 10:00 बजे के बाद बस और टैक्सियां न मिलने के कारण पैदल ही शैंशर से न्यूली तक आना पड़ा। ग्राम पंचायत देहुरीधार और शैंशर के प्रधान भगत राम और यमुना देवी ने कहा कि पंचायत की ओर से सरकार, निगम को प्रस्ताव भेजा गया है। बस सेवा शुरू करने की लगातार मांग उठाई जा रही है, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो पाया है। संवाद
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संवाद न्यूज एजेंसी
न्यूली (कुल्लू)। सैंज घाटी की दुर्गम ग्राम पंचायतों की जनता की परेशानियां कम नहीं हो रही हैं। बसों के अभाव में ग्रामीणों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। सैंज में विद्युत बोर्ड ने मंगलवार को उपभोक्ताओं के दस्तावेजों का सत्यापन किया। ई-केवाईसी करवाने के लिए ग्राम पंचायत देहुरीधार और शैंशर से भी ग्रामीण आए, लेकिन बसों के अभाव में ग्रामीणों को करीब 14 किलोमीटर पैदल चलकर शैंशर से न्यूली पहुंचना पड़ा।
एचआरटीसी की बस सेवा सैंंज-न्यूली-शैंशर रूट पर दो सालों से बंद है। निगम रूट परमिट न होने का हवाला देता है। निजी बसों का संचालन भी सुबह और शाम को ही किया जाता है। इस कारण दो ग्राम पंचायतों के ग्रामीणों को परेशान होना पड़ता है। ग्रामीण सोमदेव, मोहित, पन्नालाल, आकाश, सौरव ने कहा कि बिजली बोर्ड की ओर से करवाई जा रही ई-केवाईसी के लिए सैंज जाना जरूरी था। सुबह 10:00 बजे के बाद बस और टैक्सियां न मिलने के कारण पैदल ही शैंशर से न्यूली तक आना पड़ा। ग्राम पंचायत देहुरीधार और शैंशर के प्रधान भगत राम और यमुना देवी ने कहा कि पंचायत की ओर से सरकार, निगम को प्रस्ताव भेजा गया है। बस सेवा शुरू करने की लगातार मांग उठाई जा रही है, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो पाया है। संवाद
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