{"_id":"6ab2bad77988d49acc0a60fe","slug":"mock-drill-at-bhuntar-airport-two-out-of-three-terrorists-neutralized-kullu-news-c-89-1-klu1002-187446-2026-09-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kullu News: भुंतर हवाई अड्डे पर मॉक ड्रिल तीन में से दो आतंकी मार गिराए","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kullu News: भुंतर हवाई अड्डे पर मॉक ड्रिल तीन में से दो आतंकी मार गिराए
विज्ञापन
भुंतर हवाई अड्डे की सुरक्षा को हुई मॉक ड्रिल से पहले तैयार सीआईएसएफ के जवान। स्त्रोत एयरपोर्ट
भुंतर (कुल्लू)। हवाई अड्डा भुंतर में मंगलवार को वार्षिक मॉक ड्रिल आयोजित की गई। अभ्यास के दौरान हवाई अड्डे की सुरक्षा व्यवस्था, त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता और विभिन्न सुरक्षा एवं आपातकालीन एजेंसियों के बीच समन्वय को परखा गया।
मॉक ड्रिल में विभिन्न एजेंसियों के 83 अधिकारियों और जवानों ने हिस्सा लिया। अभ्यास के दौरान हवाई अड्डे के सिटी साइड क्षेत्र में तीन आतंकवादियों के हमले का काल्पनिक परिदृश्य तैयार किया गया। आतंकवादी वाहन में सवार होकर प्रस्थान द्वार के सामने पहुंचे और फायरिंग के बाद पार्किंग क्षेत्र की ओर भाग गए।
सूचना मिलते ही सीएएसओ एवं सहायक कमांडेंट नंदन सिंह बिष्ट ने मोर्चा संभाला और मॉक ड्रिल का नेतृत्व किया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए नियंत्रण कक्ष के माध्यम से राज्य पुलिस, स्वास्थ्य विभाग, राज्य बीडीडीएस टीम और आईटीबीपी बबेली को सूचना दी गई।
विज्ञापन
इसके साथ ही त्वरित कार्रवाई दल (क्यूआरटी) को सक्रिय किया गया। निर्धारित प्रक्रिया के तहत कार्रवाई करते हुए क्यूआरटी ने अभ्यास के दौरान दो आतंकवादियों को मार गिराया, जबकि एक को जीवित पकड़ लिया।
मॉक ड्रिल में एक सीआईएसएफ जवान के घायल होने का भी काल्पनिक परिदृश्य तैयार किया गया। इसके बाद आतंकवादियों द्वारा इस्तेमाल किए गए वाहन की हवाई अड्डे के डॉग स्क्वायड ने गहन जांच की। जांच के दौरान संदिग्ध विस्फोटक का पता लगाया गया। संबंधित टीमों ने निर्धारित एसओपी के तहत कार्रवाई करते हुए विस्फोटक को सुरक्षित रूप से निष्क्रिय करने की प्रक्रिया पूरी की। अभ्यास के बाद आयोजित डी-ब्रीफिंग सत्र में एपीडी मृत्युंजय चौहान ने सभी भागीदार एजेंसियों की त्वरित प्रतिक्रिया और आपसी समन्वय की सराहना की।
उन्होंने मॉक ड्रिल को आपात स्थिति से निपटने की तैयारियों को परखने के लिए महत्वपूर्ण बताया।
विज्ञापन
मॉक ड्रिल में विभिन्न एजेंसियों के 83 अधिकारियों और जवानों ने हिस्सा लिया। अभ्यास के दौरान हवाई अड्डे के सिटी साइड क्षेत्र में तीन आतंकवादियों के हमले का काल्पनिक परिदृश्य तैयार किया गया। आतंकवादी वाहन में सवार होकर प्रस्थान द्वार के सामने पहुंचे और फायरिंग के बाद पार्किंग क्षेत्र की ओर भाग गए।
विज्ञापन
सूचना मिलते ही सीएएसओ एवं सहायक कमांडेंट नंदन सिंह बिष्ट ने मोर्चा संभाला और मॉक ड्रिल का नेतृत्व किया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए नियंत्रण कक्ष के माध्यम से राज्य पुलिस, स्वास्थ्य विभाग, राज्य बीडीडीएस टीम और आईटीबीपी बबेली को सूचना दी गई।
विज्ञापन
इसके साथ ही त्वरित कार्रवाई दल (क्यूआरटी) को सक्रिय किया गया। निर्धारित प्रक्रिया के तहत कार्रवाई करते हुए क्यूआरटी ने अभ्यास के दौरान दो आतंकवादियों को मार गिराया, जबकि एक को जीवित पकड़ लिया।
मॉक ड्रिल में एक सीआईएसएफ जवान के घायल होने का भी काल्पनिक परिदृश्य तैयार किया गया। इसके बाद आतंकवादियों द्वारा इस्तेमाल किए गए वाहन की हवाई अड्डे के डॉग स्क्वायड ने गहन जांच की। जांच के दौरान संदिग्ध विस्फोटक का पता लगाया गया। संबंधित टीमों ने निर्धारित एसओपी के तहत कार्रवाई करते हुए विस्फोटक को सुरक्षित रूप से निष्क्रिय करने की प्रक्रिया पूरी की। अभ्यास के बाद आयोजित डी-ब्रीफिंग सत्र में एपीडी मृत्युंजय चौहान ने सभी भागीदार एजेंसियों की त्वरित प्रतिक्रिया और आपसी समन्वय की सराहना की।
उन्होंने मॉक ड्रिल को आपात स्थिति से निपटने की तैयारियों को परखने के लिए महत्वपूर्ण बताया।