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दस गांवों को सड़क बनने की जगी उम्मीद
Updated Tue, 31 Jul 2018 10:00 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
न्यूली (कुल्लू)। उपमंडल बंजार के अंतर्गत आने वाले सैंज की गाड़ापारली पंचायत के दुर्गम दस गांवों को अब सड़क निकलने की उम्मीद जगी है। गाड़ापारली पंचायत के अंतर्गत आने वाली बिहाली-मझाण सड़क का वर्षों बाद सर्वे शुरू हो गया है। सर्वे शुरू होने को लेकर ग्रामीणों में खुशी की लहर है। ग्रामीण अब उम्मीद कर रहे हैं कि जल्द ही उनका सड़क का सपना पूरा हो जाएगा।
कई गांव आज भी सड़क से नहीं जुड़ पाए हैं। यहां के लोगों को इतने सालों से सड़क को लेकर महज आश्वासन ही मिले हैं। ग्रामीण आज भी सड़क को लेकर सरकार व विभाग की ओर टकटकी लगाए हैं। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत मार्ग बन जाने से दुर्गम गांव जोखा, खाईण, भाजीमान, चंद्र थुआरी, बनाउगी, वशैड़ी, लाईनी डुआर, मैल, मझाण आदि लाभान्वित होेंगे। लोगों को सड़क सुविधा का लाभ मिल पाएगा। स्थानीय निवासी ध्यान सिंह, ज्ञानचंद, गेहरू राम, गीतू देवी, इंद्रू, डावे राम, देवराज, जवाहर लाल, प्रेम सिंह ने कहा कि विभाग की ओर से दुर्गम क्षेत्र में सड़क का सर्वे शुरू कर दिया गया है। लोक निर्माण विभाग की एक टीम यह सर्वे कर रही है। सड़क बनने से लोगों को पीठ पर बोझा ढोने से राहत मिल जाएगी। बिना सड़क के लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। मरीजों को पीठ पर उठाकर कई किलोमीटर चलकर दूर मुख्य सड़क तक पहुंचाना पड़ता है। कई बार तो मरीज आधा रास्ते में ही दम तोड़ देते हैं। कृषि उत्पादों को भी मंडियों तक पहुंचाने में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि सड़क को लेकर किए जाने वाले सर्वे के बाद जल्द निर्माण भी शुरू किया जाए। उधर, लोक निर्माण के एसडीओ लारजी टहल सिंह शर्मा ने कहा कि सड़क का सर्वे शुरू कर दिया गया है। सड़क की सभी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद आगामी प्रक्रिया अमल में लाई जाएगी।
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न्यूली (कुल्लू)। उपमंडल बंजार के अंतर्गत आने वाले सैंज की गाड़ापारली पंचायत के दुर्गम दस गांवों को अब सड़क निकलने की उम्मीद जगी है। गाड़ापारली पंचायत के अंतर्गत आने वाली बिहाली-मझाण सड़क का वर्षों बाद सर्वे शुरू हो गया है। सर्वे शुरू होने को लेकर ग्रामीणों में खुशी की लहर है। ग्रामीण अब उम्मीद कर रहे हैं कि जल्द ही उनका सड़क का सपना पूरा हो जाएगा।
कई गांव आज भी सड़क से नहीं जुड़ पाए हैं। यहां के लोगों को इतने सालों से सड़क को लेकर महज आश्वासन ही मिले हैं। ग्रामीण आज भी सड़क को लेकर सरकार व विभाग की ओर टकटकी लगाए हैं। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत मार्ग बन जाने से दुर्गम गांव जोखा, खाईण, भाजीमान, चंद्र थुआरी, बनाउगी, वशैड़ी, लाईनी डुआर, मैल, मझाण आदि लाभान्वित होेंगे। लोगों को सड़क सुविधा का लाभ मिल पाएगा। स्थानीय निवासी ध्यान सिंह, ज्ञानचंद, गेहरू राम, गीतू देवी, इंद्रू, डावे राम, देवराज, जवाहर लाल, प्रेम सिंह ने कहा कि विभाग की ओर से दुर्गम क्षेत्र में सड़क का सर्वे शुरू कर दिया गया है। लोक निर्माण विभाग की एक टीम यह सर्वे कर रही है। सड़क बनने से लोगों को पीठ पर बोझा ढोने से राहत मिल जाएगी। बिना सड़क के लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है। मरीजों को पीठ पर उठाकर कई किलोमीटर चलकर दूर मुख्य सड़क तक पहुंचाना पड़ता है। कई बार तो मरीज आधा रास्ते में ही दम तोड़ देते हैं। कृषि उत्पादों को भी मंडियों तक पहुंचाने में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने कहा कि सड़क को लेकर किए जाने वाले सर्वे के बाद जल्द निर्माण भी शुरू किया जाए। उधर, लोक निर्माण के एसडीओ लारजी टहल सिंह शर्मा ने कहा कि सड़क का सर्वे शुरू कर दिया गया है। सड़क की सभी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद आगामी प्रक्रिया अमल में लाई जाएगी।
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