{"_id":"59f474404f1c1bcf538b98a7","slug":"111509192768-kullu-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"उपेक्षा के दंश झेल रहे कुल्लू-मनाली के अनछुए पर्यटन स्थल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
उपेक्षा के दंश झेल रहे कुल्लू-मनाली के अनछुए पर्यटन स्थल
Updated Sat, 28 Oct 2017 10:23 PM IST
विज्ञापन
tourism
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमी चंद भंडारी
विज्ञापन
खराहल कुल्लू।
जिला के कई दर्जन अनछुए पर्यटक स्थल आज तक विकसित नहीं किए गए हैं। कुल्लू-मनाली की हसीन वादियों में कई ऐसे रमणीय स्थल हैं, जहां पर पर्यटक पैदल मनोरम स्थलों का दीदार कर रहे हैं। मूलभूत सुविधा के अभाव में सैलानियों की मजबूरी है कि वे कुछ देर ही यहां रुक पाते हैं। विकसित न होने के कारण इन स्थलों पर पर्यटक अधिक देर तक रुकना मुनासिब नहीं समझते। विदेशी पर्यटक तो इन रमणीक स्थलों पर डेरा डाले रहते हैं। इन स्थलों तक सरकार ने सड़क की सुविधा मुहैया नहीं करवाई है। न ही यहां पर ठहरने के लिए रेस्ट हाउस उपलब्ध हैं।
दस सालों से हर पार्टी के नुमाइंदे आश्वासन देकर वोट लेते हैं, लेकिन बाद में इस ओर कोई ठोस पहल नहीं करते है। ऐसे में कुल्लू-मनाली के कई मनोरम स्थल की उपेक्षा ही दशकों से हो रही है। कई नेता तो दस सालों से विधायक है लेकिन विधान सभा में अनछुए स्थलों के लिए विकसित करने का मामला ही नहीं उठा पाए हैं। कुल्लू के पर्यटक कारोबारी चंदन, शमशेर, मणिकर्ण किशन ठाकुर, बंजार के डोला सिंह, मनाली के चंद्रसेन ठाकुर, पंकज ठाकुर, केहर सिंह, पूर्ण ठाकुर का कहना है कि इन मनोरम स्थलों को विकसित करना चाहिए। यहां तक सड़क और अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध करवानी चाहिए। इससे कुल्लू-मनाली में पर्यटक अधिक दिनों तक रुक सकें। ऐसे में लोगों का आर्थिकी और मजबूत होगी। मनाली होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष एवं मनाली विस क्षेत्र से निर्दलीय प्रत्याशाी गजेंद्र ठाकुर ने कहा कि चुने हुए नुमाइंदों को कुल्लू-मनाली के अनछुए पर्यटन स्थलों को संवारना चाहिए। इस ओर कोई ध्यान नही दिया जा रहा है।
विज्ञापन
यह पर्यटक स्थल नहीं किए विकसित
कुल्लू-मनाली के हामटा पीक, भृगु एरिया, चंद्रखनी, दससौर लेक, बिजली महादेव, सरयोलसर लेक मणिकर्ण घाटी की खीरगंगा, सोझा, जलौडी, जागा, कालगा, शांघड, तकशसी वंगला, मठासौर, काईस धार, वाहु मलाना और लगवैली के मनोरम स्थलों को पर्यटकों की दृष्टि से विकसित नहीं किया है।
विज्ञापन
सरकार इन स्थलों को विकसित करने का हर संभव प्रयास कर रही है। इन स्थलों को विकसित करने के लिए विशेष बजट के तहत दोबारा सत्ता में आने पर प्रयास किए जाएंगे।
-हरि चंद शर्मा, कांग्रेस प्रत्याशी मनाली विस क्षेत्र।
प्रदेश में भाजपा की सरकार बनने पर ऐसे तमाम स्थलों को प्राथमिकता के आधार पर विकसित किया जाएगा। सत्ता में रहते हुए इस ओर प्रयास किए जा चुके हैं।
गोविंद ठाकुर, भाजपा प्रत्याशी मनाली विस क्षेत्र।