{"_id":"691e26b93625a06d900c31a2","slug":"natural-maize-purchased-in-fatehpur-dana-mandi-kangra-news-c-95-1-ssml1020-206717-2025-11-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kangra News: पौंग झील की खाली जमीन पर रात में हो रही गेंहू की बिजाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kangra News: पौंग झील की खाली जमीन पर रात में हो रही गेंहू की बिजाई
विज्ञापन
बरियाल (कांगड़ा)। पौंग झील की खाली जमीन पर रात के अंधेरे में ट्रैक्टरों से धड़ल्ले से गेहूं की बिजाई हो रही है। जिनके पास ट्रैक्टर नहीं है उनको अवैध खेती करने वाले गेहूं बीजने नहीं दे रहे हैं। स्थानीय निवासी एवं पर्यावरण प्रेमी प्रकाश चौधरी, दिलावर चौधरी व सिंधु चौधरी ने बताया कि पौंग झील की खाली जमीन पर रात के अंधेरे में तथाकथित धन्नासेठ ट्रैक्टरों से अवैध खेती कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि नगरोटा सूरियां के बलोहड, लुदरेट, नंदपुर, बरियाल, धाडजरोट के साथ लगती पौंग झील की खाली जमीन पर गेहूं की बिजाई की जा रही है।
पौंग झील बर्ड सेंक्चुरी क्षेत्र होने के कारण खेती करना प्रतिबंधित है। आजकल प्रवासी पक्षियों का भी झील में आगमन शुरू हो गया है। अवैध खेती करने वाले गेहूं में कीटनाशक दवाई डाल देते हैं, जिससे प्रवासी पक्षियों की सुरक्षा पर भी प्रश्न चिह्न लग गया है। वन्य प्राणी विभाग के डीएफओ रॉयस्टन रेजिग्नाल्ड ने कहा कि किसी भी व्यक्ति को बर्ड सेंक्चुरी क्षेत्र में खेती नहीं करने दी जाएगी। जो कोई भी ट्रैक्टर के साथ पकड़ा गया, उसका ट्रैक्टर जब्त कर मामला दर्ज किया जाएगा।
विज्ञापन
पौंग झील बर्ड सेंक्चुरी क्षेत्र होने के कारण खेती करना प्रतिबंधित है। आजकल प्रवासी पक्षियों का भी झील में आगमन शुरू हो गया है। अवैध खेती करने वाले गेहूं में कीटनाशक दवाई डाल देते हैं, जिससे प्रवासी पक्षियों की सुरक्षा पर भी प्रश्न चिह्न लग गया है। वन्य प्राणी विभाग के डीएफओ रॉयस्टन रेजिग्नाल्ड ने कहा कि किसी भी व्यक्ति को बर्ड सेंक्चुरी क्षेत्र में खेती नहीं करने दी जाएगी। जो कोई भी ट्रैक्टर के साथ पकड़ा गया, उसका ट्रैक्टर जब्त कर मामला दर्ज किया जाएगा।
विज्ञापन