{"_id":"5c2d0576bdec2256ab4fce1c","slug":"41546454390-kangra-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पर्यटन स्थल त्रियूंड-छोटा बंगाल में हुई बर्फबारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पर्यटन स्थल त्रियूंड-छोटा बंगाल में हुई बर्फबारी
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
त्रियुंड और छोटा बंगाल में बर्फबारी, निचले इलाकों में शीतलहर
अमर उजाला ब्यूरो
धर्मशाला। मंगलवार रात से खराब हुए मौसम के कारण बुधवार को जिला की पहाड़ियों पर बर्फबारी हुई। इस दौरान धौलाधार की पहाड़ियों सहित अंतरराष्ट्रीय ट्रैकिंग स्थल त्रियुंड, पालमपुर, छोटा बंगाल और बीड़ बिलिंग में हल्की बर्फबारी दर्ज हुई। वहीं बुधवार को जिला के ऊपरी इलाकों में बूंदाबांदी का दौर जारी रहा। इसके अलावा निचले क्षेत्रों में शीतलहर चलने के कारण ठंड का माहौल रहा। वहीं, बुधवार को धर्मशाला का अधिकतम तापमान 12.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि मंगलवार को धर्मशाला का तापमान 13.2 डिग्री सेल्सियस रहा था, जो कि धौलाधार की पहाड़ियों पर हुई बर्फबारी के कारण एक डिग्री सेल्सियस तक नीचे चला गया है। वहीं कांगड़ा का तापमान 17.1 डिग्री सेल्सियस रहा।
इनसेट
मुंह ताकते रह गए किसान
बुधवार सुबह आसमान पर छाए काले बादलों को देख कर किसानों के चेहरे खिल गए। लेकिन यह बादल बिना बरसे ही लौट गए। इसके चलते उनके चेहरों पर मायूसी छा गई। हालांकि मौसम विभाग ने बारिश की होने का अनुमान जताया है। वहीं किसानों संजय चौधरी, राज कुमार, विक्रांत, कर्मपाल, विजय आदि का कहना है कि अगर बारिश हो जाती तो यह फसलों के लिए काफी लाभदायक होती। उन्होंने कहा कि इस दौरान निचले क्षेत्रों में कोरा पड़ रहा है, जो कि उनकी नकदी फसलों के लिए नुकसानदायक है। किसानों के अनुसार अभी गोभी, पालक और धनिया आदि नकदी फसलों का सीजन चला हुआ है, जो कि पानी की वजह से और फल-फूल सकती हैं।
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
धर्मशाला। मंगलवार रात से खराब हुए मौसम के कारण बुधवार को जिला की पहाड़ियों पर बर्फबारी हुई। इस दौरान धौलाधार की पहाड़ियों सहित अंतरराष्ट्रीय ट्रैकिंग स्थल त्रियुंड, पालमपुर, छोटा बंगाल और बीड़ बिलिंग में हल्की बर्फबारी दर्ज हुई। वहीं बुधवार को जिला के ऊपरी इलाकों में बूंदाबांदी का दौर जारी रहा। इसके अलावा निचले क्षेत्रों में शीतलहर चलने के कारण ठंड का माहौल रहा। वहीं, बुधवार को धर्मशाला का अधिकतम तापमान 12.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि मंगलवार को धर्मशाला का तापमान 13.2 डिग्री सेल्सियस रहा था, जो कि धौलाधार की पहाड़ियों पर हुई बर्फबारी के कारण एक डिग्री सेल्सियस तक नीचे चला गया है। वहीं कांगड़ा का तापमान 17.1 डिग्री सेल्सियस रहा।
इनसेट
मुंह ताकते रह गए किसान
बुधवार सुबह आसमान पर छाए काले बादलों को देख कर किसानों के चेहरे खिल गए। लेकिन यह बादल बिना बरसे ही लौट गए। इसके चलते उनके चेहरों पर मायूसी छा गई। हालांकि मौसम विभाग ने बारिश की होने का अनुमान जताया है। वहीं किसानों संजय चौधरी, राज कुमार, विक्रांत, कर्मपाल, विजय आदि का कहना है कि अगर बारिश हो जाती तो यह फसलों के लिए काफी लाभदायक होती। उन्होंने कहा कि इस दौरान निचले क्षेत्रों में कोरा पड़ रहा है, जो कि उनकी नकदी फसलों के लिए नुकसानदायक है। किसानों के अनुसार अभी गोभी, पालक और धनिया आदि नकदी फसलों का सीजन चला हुआ है, जो कि पानी की वजह से और फल-फूल सकती हैं।
विज्ञापन