{"_id":"5bbf943dbdec2250072e8b17","slug":"201539281981-kangra-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"ओलावृष्टि से धान की फसल तबाह","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
ओलावृष्टि से धान की फसल तबाह
Updated Thu, 11 Oct 2018 11:49 PM IST
विज्ञापन
खेतों में झड़ गए खड़ी फसल से धान
ओलावृष्टि से की फसल को भारी नुकसान
अमर उजाला ब्यूरो
धर्मशाला। वीरवार सुबह जिला मुख्यालय सहित आसपास के क्षेत्रों में हुई ओलावृष्टि ने खेतों में खड़ी धान की फसल को भारी नुकसान पहुंचाया है। ओले गिरने के कारण खेतों में खड़ी फसल से धान के बीज झड़ गए हैं। इसके चलते किसानों को काफी आर्थिक नुकसान होगा। जानकारी के मुताबिक वीरवार सुबह खनियारा, दाड़ी, पासू, भटेहड़, सकोह, घियाना, सुधेड़ और जटेहड़ आदि क्षेत्रों में इस ओलावृष्टि का खासा असर देखने को मिला है। इन क्षेत्रों में खेतों में खड़ी धान की फसल से आधा धान झड़ कर खेतों में गिर गया है। बारिश से खेत पूरी तरह पानी से भर गए, जिसके चलते किसानों की काटी गई धान की फसल भी पानी में तर हो गई है। इस संदर्भ में डिप्टी डायरेक्टर कृषि विभाग डॉ. एनके धीमान ने बताया कि ओलावृष्टि की सूचना मिली हैं लेकिन इस ओलावृष्टि से कितना नुकसान हुआ है, इस संदर्भ में अभी कुछ भी कह पाना गलत है। खेतों में हुए नुकसान का आकलन के करने के बाद ही पता चल पाएगा कि फसल को कितना फीसदी नुकसान पहुंचा है।
विज्ञापन
ओलावृष्टि से की फसल को भारी नुकसान
अमर उजाला ब्यूरो
धर्मशाला। वीरवार सुबह जिला मुख्यालय सहित आसपास के क्षेत्रों में हुई ओलावृष्टि ने खेतों में खड़ी धान की फसल को भारी नुकसान पहुंचाया है। ओले गिरने के कारण खेतों में खड़ी फसल से धान के बीज झड़ गए हैं। इसके चलते किसानों को काफी आर्थिक नुकसान होगा। जानकारी के मुताबिक वीरवार सुबह खनियारा, दाड़ी, पासू, भटेहड़, सकोह, घियाना, सुधेड़ और जटेहड़ आदि क्षेत्रों में इस ओलावृष्टि का खासा असर देखने को मिला है। इन क्षेत्रों में खेतों में खड़ी धान की फसल से आधा धान झड़ कर खेतों में गिर गया है। बारिश से खेत पूरी तरह पानी से भर गए, जिसके चलते किसानों की काटी गई धान की फसल भी पानी में तर हो गई है। इस संदर्भ में डिप्टी डायरेक्टर कृषि विभाग डॉ. एनके धीमान ने बताया कि ओलावृष्टि की सूचना मिली हैं लेकिन इस ओलावृष्टि से कितना नुकसान हुआ है, इस संदर्भ में अभी कुछ भी कह पाना गलत है। खेतों में हुए नुकसान का आकलन के करने के बाद ही पता चल पाएगा कि फसल को कितना फीसदी नुकसान पहुंचा है।