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ऑर्थो विभाग ने रीढ़ की हड्डी के किए तीन सफल ऑपरेशन
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हमीरपुर। डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज और अस्पताल हमीरपुर के हड्डी रोग विभाग में रीढ़ की हड्डी के तीन सफल ऑपरेशन किए गए हैं। अब मेडिकल कॉलेज में ही मरीजों को ऑपरेशन की आधुनिक सुविधाएं मिल रही हैं।
हाल ही में अस्पताल में शुरू हुए आधुनिक ऑपरेशनों के करीब एक माह में ही ऑर्थो विभाग ने रीढ़ की हड्डी के तीन ऑपरेशन कर मरीजों को चलने-फिरने योग्य किया है। इसके अलावा घुटनों और कूल्हों का ट्रासंप्लांट भी यहां किया है। कूल्हों के करीब दो दर्जन ऑपरेशन चिकित्सकों ने किए हैं।
ऑर्थो संबंधी गंभीर सर्जरी के लिए अब तक मरीजों को टांडा या शिमला जाना पड़ता था। अब मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में ही इन ऑपरेशन की सुविधा मिल रही है। इससे मरीजों को बाहर के अस्पतालों में जाने की जरूरत नहीं है।
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ऑर्थो विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. संजय ठाकुर ने कहा कि रीढ़ की हड्डी के तीन सफल ऑपरेशन किए गए हैं। रीढ़ की हड्डी समेत कूल्हों और घुटनों के ट्रांसप्लांट की सुविधा हमीरपुर में ही मिलेगी। उन्हें किसी अन्य असपताल जाने की जरूरत नहीं है।
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हाल ही में अस्पताल में शुरू हुए आधुनिक ऑपरेशनों के करीब एक माह में ही ऑर्थो विभाग ने रीढ़ की हड्डी के तीन ऑपरेशन कर मरीजों को चलने-फिरने योग्य किया है। इसके अलावा घुटनों और कूल्हों का ट्रासंप्लांट भी यहां किया है। कूल्हों के करीब दो दर्जन ऑपरेशन चिकित्सकों ने किए हैं।
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ऑर्थो संबंधी गंभीर सर्जरी के लिए अब तक मरीजों को टांडा या शिमला जाना पड़ता था। अब मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में ही इन ऑपरेशन की सुविधा मिल रही है। इससे मरीजों को बाहर के अस्पतालों में जाने की जरूरत नहीं है।
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ऑर्थो विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. संजय ठाकुर ने कहा कि रीढ़ की हड्डी के तीन सफल ऑपरेशन किए गए हैं। रीढ़ की हड्डी समेत कूल्हों और घुटनों के ट्रांसप्लांट की सुविधा हमीरपुर में ही मिलेगी। उन्हें किसी अन्य असपताल जाने की जरूरत नहीं है।