फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Hamirpur (Himachal) News ›   Forest guard suffering from jaundice died two months ago

Hamirpur (Himachal) News: दो माह पहले पीलिया से ग्रस्त वन रक्षक की मौत

Tue, 12 Sep 2023 12:13 AM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Tue, 12 Sep 2023 12:13 AM IST
विज्ञापन
हमीरपुर। पीलिया से ग्रसित युवक ने दो माह के बाद अस्पताल में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया है। सोमवार को मृतक का ग्राम पंचायत सराहकड़ के श्मशानघाट में अंतिम संस्कार किया गया। मृतक की पहचान जतिन रांगड़ा पुत्र कुलदीप सिंह निवासी सराहकड़ के रूप में हुई है। 21 वर्षीय युवक के असमय निधन के कारण पूरी पंचायत में शोक की लहर है। जतिन रांगड़ा बीते वर्ष ही हिमाचल प्रदेश वन विभाग में वन रक्षक के पद पर भर्ती हुआ था।
विज्ञापन


वह अपने पीछे माता-पिता और एक बहन छोड़ गया है। युवक के निधन से परिवार गम में डूबा हुआ है। 26 जून 2023 को सराहकड़ और भरनांग पंचायत में दूषित पानी के सेवन से पीलिया के 101 मामले सामने आए थे। इसी दौरान कोट में मेले का आयोजन भी हुआ था। वहीं, कराड़ा पेयजल योजना के पानी को लेकर तरह-तरह के सवाल उठे थे। इसके बाद सुजानपुर के विधायक राजेंद्र राणा, उपायुक्त हमीरपुर हेमराज बैरवा, जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. संजय जगोता, बीएमओ टौणी देवी डॉ. अभिनीत शर्मा और जलशक्ति विभाग के अधिकारी मौके पर पहुंचे थे। जल शक्ति विभाग ने दावा किया था कि उनके द्वारा भरे गए पानी के सैंपल सही पाए गए। जबकि स्वास्थ्य विभाग के द्वारा लिए गए पानी के सैंपल में बैक्टीरिया पाया गया था। करीब 54 गांवों में स्वास्थ्य विभाग ने मरीजों की स्क्रीनिंग कर दवाइयां वितरित की थीं। उसी समय वन रक्षक जतिन रांगड़ा भी पीलिया की चपेट में आया, लेकिन टौणी देवी अस्पताल में उपचार के बाद वह ठीक हो गया था। इसके बाद उसने ड्यूटी पर जाना शुरू किया तो अचानक फिर से उसकी तबीयत खराब हो गई। परिजन उसे लुधियाना के एक निजी अस्पताल ले गए थे। अस्पताल में उपचार के दौरान रविवार रात को युवक की मौत हो गई।
विज्ञापन

पता नहीं चल पाए पीलिया होने के कारण
जून माह में आए पीलिया के मामलों में अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि 101 लोगों को पीलिया कराड़ा पेयजल योजना के सेवन से हुआ या किसी अन्य कारण से। क्योंकि इसी दौरान कोट में मेले का आयोजन भी हुआ था और जल शक्ति विभाग और स्वास्थ्य विभाग के लिए गए पानी के सैंपलों की अलग-अलग रिपोर्ट ने भी इस मामले को उलझा दिया है। कुल मिलाकर जिला प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग और जल शक्ति विभाग तीन माह बीतने के बाद भी किसी नतीजे तक नहीं पहुंच पाए।
विज्ञापन
विज्ञापन

ठीक होने के बाद फिर बिगड़ी थी तबीयत
सराहकड़ पंचायत की प्रधान पूनम ने कहा कि जब पंचायत में पीलिया फैला था तो जतिन रांगड़ा को पीलिया हुआ था, लेकिन वह कुछ दिन के बाद ठीक हो गया था। बीते रोज फिर से उसकी तबीयत खराब हो गई थी। युवक के निधन से पूरे गांव में शोक की लहर है। प्रभावित परिवार काफी गरीब है।


मामले की जांच के लिए बनाई कमेटी
ग्राम पंचायत सराहकड़ और भरनांग समेत दर्जनों गांवों में बीते माह पीलिया फैला था। इसमें जतिन भी चपेट में आया था। युवक की मौत की सूचना मिली है। मौत किन कारणों से हुई, इसके लिए कमेटी गठित कर दी गई है। जिला स्वास्थ्य अधिकारी इस कमेटी के अध्यक्ष होंगे, जबकि बीएमओ और कार्यक्रम अधिकारी कमेटी के सदस्य होंगे। शीघ्र ही मौत के कारणों का पता चल जाएगा। इसके बाद आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

-डॉ. आरके अग्निहोत्री, सीएमओ, मुख्य चिकित्सा अधिकारी हमीरपुर
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed