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Hamirpur (Himachal) News: गेहूं की बिजाई से पहले खाद का संकट, किसानों की बढ़ी चिंता
Sat, 03 Oct 2026 12:51 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
Updated Sat, 03 Oct 2026 12:51 AM IST
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हमीरपुर। गेहूं की बिजाई का समय नजदीक आते ही जिले में किसानों की चिंता बढ़ गई है। 12:32:16 खाद का स्टॉक खत्म होने से किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
समय पर खाद उपलब्ध नहीं हुई तो गेहूं की बिजाई प्रभावित होने की आशंका है। जिले में इस सीजन करीब 27 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में गेहूं की बिजाई होती है और इस दौरान 12:32:16 खाद की मांग अधिक रहती है।
खाद की उपलब्धता में कमी के पीछे कच्चे माल की उपलब्धता में दिक्कत और विदेशों में चल रहे युद्ध के कारण आपूर्ति शृंखला पर पड़े असर को वजह बताया जा रहा है। खेतों में नमी और मौसम अनुकूल होने पर किसान जल्द बिजाई करना चाहते हैं, लेकिन खाद की कमी से उनकी तैयारियां प्रभावित हो रही हैं।
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किसानों ने कृषि विभाग से 12:32:16 की पर्याप्त मात्रा जल्द उपलब्ध करवाने की मांग की है। उनका कहना है कि समय रहते खाद की आपूर्ति नहीं हुई तो जिले के हजारों गेहूं उत्पादकों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
पौधे के शुरुआती विकास में आवश्यक
गेहूं की बिजाई के समय 12:32:16 खाद का प्रयोग पौधे के शुरुआती विकास, मजबूत जड़ों और संतुलित पोषण के लिए किया जाता है। नाइट्रोजन पौधे की शुरुआती वृद्धि, तनों और हरी पत्तियों के विकास में मदद करती है। फास्फोरस जड़ों को गहराई तक मजबूत बनाती है, जिससे पौधे मिट्टी से पानी और पोषक तत्व आसानी से ले पाते हैं। पोटाशियम फसल को रोगों, कीटों और सूखे से लड़ने की ताकत देता है तथा दानों की गुणवत्ता सुधारता है।
कोट
फिलहाल 12:32:16 खाद का स्टॉक खत्म है। किसान इफ्को के उत्पादों का प्रयोग कर सकते हैं। -रोहन कश्यप, फील्ड ऑफिसर, इफ्को हमीरपुर
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समय पर खाद उपलब्ध नहीं हुई तो गेहूं की बिजाई प्रभावित होने की आशंका है। जिले में इस सीजन करीब 27 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में गेहूं की बिजाई होती है और इस दौरान 12:32:16 खाद की मांग अधिक रहती है।
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खाद की उपलब्धता में कमी के पीछे कच्चे माल की उपलब्धता में दिक्कत और विदेशों में चल रहे युद्ध के कारण आपूर्ति शृंखला पर पड़े असर को वजह बताया जा रहा है। खेतों में नमी और मौसम अनुकूल होने पर किसान जल्द बिजाई करना चाहते हैं, लेकिन खाद की कमी से उनकी तैयारियां प्रभावित हो रही हैं।
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किसानों ने कृषि विभाग से 12:32:16 की पर्याप्त मात्रा जल्द उपलब्ध करवाने की मांग की है। उनका कहना है कि समय रहते खाद की आपूर्ति नहीं हुई तो जिले के हजारों गेहूं उत्पादकों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।
पौधे के शुरुआती विकास में आवश्यक
गेहूं की बिजाई के समय 12:32:16 खाद का प्रयोग पौधे के शुरुआती विकास, मजबूत जड़ों और संतुलित पोषण के लिए किया जाता है। नाइट्रोजन पौधे की शुरुआती वृद्धि, तनों और हरी पत्तियों के विकास में मदद करती है। फास्फोरस जड़ों को गहराई तक मजबूत बनाती है, जिससे पौधे मिट्टी से पानी और पोषक तत्व आसानी से ले पाते हैं। पोटाशियम फसल को रोगों, कीटों और सूखे से लड़ने की ताकत देता है तथा दानों की गुणवत्ता सुधारता है।
कोट
फिलहाल 12:32:16 खाद का स्टॉक खत्म है। किसान इफ्को के उत्पादों का प्रयोग कर सकते हैं। -रोहन कश्यप, फील्ड ऑफिसर, इफ्को हमीरपुर