{"_id":"68d6e72cc8efb7d602059b76","slug":"a-milk-plant-is-being-built-at-a-cost-of-rs-11-crore-in-reet-nadaun-hamirpur-hp-news-c-94-1-hmp1026-168035-2025-09-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hamirpur (Himachal) News: नादौन के रिट में 11 करोड़ रुपये से बन रहा मिल्क प्लांट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hamirpur (Himachal) News: नादौन के रिट में 11 करोड़ रुपये से बन रहा मिल्क प्लांट
Sat, 27 Sep 2025 09:13 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
Updated Sat, 27 Sep 2025 09:13 PM IST
विज्ञापन
हमीरपुर। औद्योगिक क्षेत्र नादौन के रिट में हिमाचल का पहला मिल्क प्लांट बनेगा। इससे जहां हिमाचल के पशुपालकों को लाभ मिलेगा, वहीं युवाओं के लिए रोजगार के द्वार भी खुलेंगे। इस प्लांट में प्रत्यक्ष रूप से 50 लोगों को रोजगार मिलेगा जबकि इसके अलावा अप्रत्यक्ष रूप से भी लोगों को रोजगार मिलेगा। इस प्रोजेक्ट पर करीब 11 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। शुरुआती दौर में इस मिल्क प्लांट में दूध, दही व लस्सी तैयार किए जाएंगे तथा आने वाले समय में इसमें मिठाइयां भी तैयार की जाएंगी। इससे न केवल हमीरपुर बल्कि बिलासपुर, ऊना, मंडी, सिरमौर आदि जिलों के लोगों को भी लाभ मिलेगा। करीब एक एकड़ भूमि में मिल्क प्लांट का निर्माण कार्य 90 फीसदी तक पूरा हो चुका है तथा आने वाले दो माह के भीतर इसे पूरा करके यहां पर प्रोडक्शन भी शुरू हो जाएगा। शुरुआती दौर में यहां पर दूध की सप्लाई बिलासपुर, ऊना तथा सिरमौर से की जाएगी तथा मांग बढ़ने पर अन्य जिला के पशुपालक भी अपना दूध यहां भेज सकेंगे। अमूल कंपनी का हिमाचल का पहला मिल्क प्लांट स्थापित हो रहा है। ऐसे में यहां पर युवाओं के लिए रोजगार के द्वार भी खुलेंगे। आने वाले समय में औद्योगिक क्षेत्र नादौन के विकास को भी पंख लंगेगे।
मिल्क प्लांट के प्रमुख पारस ने बताया कि प्लांट का निर्माण कार्य 90 फीसदी पूरा हो चुका है तथा आगामी दो माह के भीतर इसे शुरू कर दिया जाएगा। उनका उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र में रोजगार के अवसर प्रदान करना है। यहां पर दूध, लस्सी, दही के अलावा मिठाइयां भी बनाई जाएंगी।
विज्ञापन
मिल्क प्लांट के प्रमुख पारस ने बताया कि प्लांट का निर्माण कार्य 90 फीसदी पूरा हो चुका है तथा आगामी दो माह के भीतर इसे शुरू कर दिया जाएगा। उनका उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र में रोजगार के अवसर प्रदान करना है। यहां पर दूध, लस्सी, दही के अलावा मिठाइयां भी बनाई जाएंगी।
विज्ञापन