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36300 बच्चों ने पी दो बूंद जिंदगी की
Updated Sun, 28 Jan 2018 10:51 PM IST
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हमीरपुर। जिलाभर में रविवार को पल्स पोलियो अभियान के प्रथम चरण के तहत 36,300 बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाई गई। हालांकि स्वास्थ्य विभाग ने जिला के 0 से 5 वर्ष तक की आयु के 36,948 बच्चों को पल्स पोलियो प्रतिरक्षण की खुराक पिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया था, लेकिन 648 बच्चे खुराक पीने से वंचित रह गए। इन बच्चों को अब स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर जाकर पोलियो की दवाई पिलाएंगी। पल्स पोलियो प्रतिरक्षण अभियान दो चरणों में चलाया जाएगा। जिसमें पांच वर्ष तक की आयु के सभी बच्चों को दवाई पिलाई जाएगी। पहला चरण रविवार को चलाया गया। जिसमें बच्चों को खुराक पिलाई गई।
वहीं दूसरा चरण 11 मार्च को चलाया जाएगा। जिला में पोलियो खुराक पिलाने के लिए 282 बूथ स्थापित किए गए। इस अभियान को सफल बनाने के लिए 1128 सदस्यीय दल की तैनाती की गई। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. सवित्री कटवाल का कहना है कि अभियान के प्रथम चरण के तहत रविवार को 36,300 बच्चों को पोलियो प्रतिरक्षण की खुराक पिलाई गई। विभाग ने 36,948 बच्चों को खुराक पिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया था। शेष बचे बच्चों को विभाग की टीमें घर-घर जाकर पोलियो प्रतिरक्षण की दवाई पिलाएंगी ताकि कोई भी बच्चा इससे वंचित न रहे।
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वहीं दूसरा चरण 11 मार्च को चलाया जाएगा। जिला में पोलियो खुराक पिलाने के लिए 282 बूथ स्थापित किए गए। इस अभियान को सफल बनाने के लिए 1128 सदस्यीय दल की तैनाती की गई। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. सवित्री कटवाल का कहना है कि अभियान के प्रथम चरण के तहत रविवार को 36,300 बच्चों को पोलियो प्रतिरक्षण की खुराक पिलाई गई। विभाग ने 36,948 बच्चों को खुराक पिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया था। शेष बचे बच्चों को विभाग की टीमें घर-घर जाकर पोलियो प्रतिरक्षण की दवाई पिलाएंगी ताकि कोई भी बच्चा इससे वंचित न रहे।
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