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Chamba News: जरूरतमंद बच्चों का संवर रहा भविष्य
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‘इंदिरा गांधी सुख शिक्षा योजना’ बनी वरदान
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। ‘इंदिरा गांधी सुख शिक्षा योजना’ से जरूरतमंद बच्चों का भविष्य संवर रहा है। योजना के तहत आर्थिक सहायता के रूप में 18 वर्ष से कम आयु के पात्र बच्चों को प्रति माह एक हजार रुपये की राशि प्रदान की जा रही है। 18 से 27 वर्ष आयु के विद्यार्थियों को हिमाचल प्रदेश के किसी भी राजकीय संस्थान में डिग्री-डिप्लोमा या विभिन्न व्यावसायिक पाठ्यक्रमों के अंतर्गत निशुल्क शिक्षा उपलब्ध करवाई जाती है। साथ ही हॉस्टल की सुविधा नहीं मिलने वाले विद्यार्थियों को पीजी शुल्क के रूप में तीन हजार रुपये की राशि प्रतिमाह उपलब्ध करवाने का भी विशेष प्रावधान है।
योजना का लाभ लेने वाला आवेदक हिमाचल का स्थायी निवासी और वार्षिक आय एक लाख से कम होनी चाहिए। जिला कार्यक्रम अधिकारी बाल विकास कमल किशोर शर्मा ने बताया कि जिले में ‘इंदिरा गांधी सुख शिक्षा योजना’ का प्रभावी कार्यान्वयन सुनिश्चित बनाया जा रहा है। योजना के तहत 1043 आवेदन स्वीकृत किए गए हैं। साथ में 700 के करीब मामले विभागीय प्रक्रिया में हैं।
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संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। ‘इंदिरा गांधी सुख शिक्षा योजना’ से जरूरतमंद बच्चों का भविष्य संवर रहा है। योजना के तहत आर्थिक सहायता के रूप में 18 वर्ष से कम आयु के पात्र बच्चों को प्रति माह एक हजार रुपये की राशि प्रदान की जा रही है। 18 से 27 वर्ष आयु के विद्यार्थियों को हिमाचल प्रदेश के किसी भी राजकीय संस्थान में डिग्री-डिप्लोमा या विभिन्न व्यावसायिक पाठ्यक्रमों के अंतर्गत निशुल्क शिक्षा उपलब्ध करवाई जाती है। साथ ही हॉस्टल की सुविधा नहीं मिलने वाले विद्यार्थियों को पीजी शुल्क के रूप में तीन हजार रुपये की राशि प्रतिमाह उपलब्ध करवाने का भी विशेष प्रावधान है।
योजना का लाभ लेने वाला आवेदक हिमाचल का स्थायी निवासी और वार्षिक आय एक लाख से कम होनी चाहिए। जिला कार्यक्रम अधिकारी बाल विकास कमल किशोर शर्मा ने बताया कि जिले में ‘इंदिरा गांधी सुख शिक्षा योजना’ का प्रभावी कार्यान्वयन सुनिश्चित बनाया जा रहा है। योजना के तहत 1043 आवेदन स्वीकृत किए गए हैं। साथ में 700 के करीब मामले विभागीय प्रक्रिया में हैं।
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