{"_id":"67deec4e1f01f345fe0305ae","slug":"rhododendron-flowers-are-adding-color-to-the-economy-of-the-unemployed-chamba-news-c-88-1-ssml1004-146692-2025-03-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chamba News: बुरांस के फूलों ने बेरोजगारों की आर्थिकी में भर रहे रंग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chamba News: बुरांस के फूलों ने बेरोजगारों की आर्थिकी में भर रहे रंग
विज्ञापन
लेंटर पर सूखने के लिए रखे गए बुरांस के फूल
साहो (चंबा)। बुरांस के फूलों ने बेरोजगारों की आर्थिकी में रंग भर दिए हैं। ठेकेदार जिले के ग्रामीण क्षेत्रों साहो, गुवाड़, कीड़ी, सराहण और रजिंडू में ग्रामीणों से दस से लेकर बीस रुपये प्रति किलोग्राम के हिसाब से से बुरांस के फूल खरीद कर इन्हें जिला से बाहर निर्यात कर मोटी कमाई कर रहे हैं। ये बुरांस के फूल प्रोटीन, फाइबर, विटामिन ए, सी और विटामिन ई से भरपूर माने जाते हैं। ये फूल स्वास्थ्यवर्धक होने के साथ-साथ अब बेरोजगारों के लिए रोजगार का साधन बनते नजर आ रहे हैं।
युवाओं हुसैन अली, गुलाम नवी, रफीक मोहम्मद, यूसुफ मोहम्मद, हरीश कुमार, प्रमोद कुमार, किशन चंद, दलीप कुमार आदि ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में खिलने वाला बुरांस का फूल रोजगार का साधन भी बन गया है। ग्रामीण क्षेत्रों में ठेकेदार इसे 10 से 20 रुपये प्रति किलोग्राम के हिसाब से खरीद रहे हैं। इससे ग्रामीणों को घर-द्वार ही रोजगार मिला है। उन्होंने बताया कि बुरांस के फूल एकत्रित कर उन्हें सूखा कर बेचने के अलावा लोग बुरांस का जूस, चटनी और स्क्वैश के रूप में इस्तेमाल कर रहे हैं।
बुरांस के फूल के लाभ
बुरांस फूल प्राकृतिक रूप से स्वास्थ्यवर्धक पोषक तत्वों प्रोटीन, फाइबर, विटामिन ए, सी और विटामिन ई से भरपूर होता है। इसे आमतौर पर जूस या स्क्वैश के रूप में इस्तेमाल किया जाता है। यह जूस सूजन, लीवर की बीमारियों को ठीक करने, गठिया के दर्द, ब्रोंकाइटिस और ग्राउट को कम करने के लिए लाभकारी माना जाता है। बुरांस फूल का स्क्वैश और जूस इंसुलिन असंतुलन को सही करने और त्वचा, हृदय और लीवर की समस्याओं को ठीक करने के लिए भी जाना जाता है।
विज्ञापन
आयुर्वेदिक चिकित्सक एवं वर्तमान में आयुष जिला अधिकारी ऊना डॉ. किरण ने बताया कि बुरांस का फूल का इस्तेमाल चटनी, जूस और स्क्वैश के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है। बुरांस के फूल के कई औषधीय गुणों से भरपूर हैं।
विज्ञापन
युवाओं हुसैन अली, गुलाम नवी, रफीक मोहम्मद, यूसुफ मोहम्मद, हरीश कुमार, प्रमोद कुमार, किशन चंद, दलीप कुमार आदि ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में खिलने वाला बुरांस का फूल रोजगार का साधन भी बन गया है। ग्रामीण क्षेत्रों में ठेकेदार इसे 10 से 20 रुपये प्रति किलोग्राम के हिसाब से खरीद रहे हैं। इससे ग्रामीणों को घर-द्वार ही रोजगार मिला है। उन्होंने बताया कि बुरांस के फूल एकत्रित कर उन्हें सूखा कर बेचने के अलावा लोग बुरांस का जूस, चटनी और स्क्वैश के रूप में इस्तेमाल कर रहे हैं।
विज्ञापन
बुरांस के फूल के लाभ
बुरांस फूल प्राकृतिक रूप से स्वास्थ्यवर्धक पोषक तत्वों प्रोटीन, फाइबर, विटामिन ए, सी और विटामिन ई से भरपूर होता है। इसे आमतौर पर जूस या स्क्वैश के रूप में इस्तेमाल किया जाता है। यह जूस सूजन, लीवर की बीमारियों को ठीक करने, गठिया के दर्द, ब्रोंकाइटिस और ग्राउट को कम करने के लिए लाभकारी माना जाता है। बुरांस फूल का स्क्वैश और जूस इंसुलिन असंतुलन को सही करने और त्वचा, हृदय और लीवर की समस्याओं को ठीक करने के लिए भी जाना जाता है।
विज्ञापन
आयुर्वेदिक चिकित्सक एवं वर्तमान में आयुष जिला अधिकारी ऊना डॉ. किरण ने बताया कि बुरांस का फूल का इस्तेमाल चटनी, जूस और स्क्वैश के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है। बुरांस के फूल के कई औषधीय गुणों से भरपूर हैं।