फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Chamba News ›   Rain blocked the way; teacher reached school with bananas loaded on his scooter.

Chamba News: बारिश ने रोकी राह, शिक्षक स्कूटी पर केले लाद पहुंचा स्कूल

Fri, 04 Sep 2026 05:53 AM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Fri, 04 Sep 2026 05:53 AM IST
विज्ञापन
Rain blocked the way; teacher reached school with bananas loaded on his scooter.
सलूणी (चंबा)। बारिश ने सड़क बंद कर दी और सप्लाई वाहन रास्ते में ही रुक गया। अंदवास स्कूल के बच्चों के लिए केले की सप्लाई स्कूल तक नहीं पहुंच पाई। बच्चों का पौष्टिक आहार न रुके, इसके लिए राजकीय प्राथमिक पाठशाला अंदवास के जेबीटी शिक्षक पवन कुमार खन्ना खुद मैदान में उतर गए। करीब पांच किलोमीटर दूर मंद्रवाड़ घारे पहुंचे और वहां से अपनी निजी स्कूटी पर दो क्रेट केले लादकर स्कूल पहुंच गए। शिक्षक की इस पहल से बच्चों को समय पर फल मिल सका।
विज्ञापन

शिक्षा खंड सलूणी के तहत राजकीय प्राथमिक पाठशाला अंदवास में मुख्यमंत्री बाल पौष्टिक आहार योजना के तहत सप्ताह में दो दिन बच्चों को मिड-डे मील के साथ फल के रूप में केले दिए जाते हैं। बीती रात हुई भारी बारिश से अंदवास की सड़क बंद हो गई। इसके चलते सप्लाई वाहन स्कूल तक नहीं पहुंच सका। ऐसे में बच्चों को निर्धारित दिन में फल न मिल पाने की स्थिति पैदा हो गई थी। बच्चों को इंतजार करवाने के बजाय शिक्षक पवन कुमार खन्ना करीब पांच किलोमीटर दूर मंद्रवाड़ घारे पहुंचे। वहां से दो क्रेट केले अपनी स्कूटी पर लादे और मुश्किल रास्ते से उन्हें अंदवास स्कूल तक पहुंचाया। इसके बाद सभी बच्चों को समय पर केले वितरित किए गए। अंदवास स्कूल में प्री-प्राइमरी से पांचवीं कक्षा तक कुल 73 बच्चे पढ़ते हैं। इन्हें मुख्यमंत्री बाल पौष्टिक आहार योजना के तहत केले मिलते हैं। स्कूल परिसर में ही चल रहे आंगनबाड़ी केंद्र के करीब 12 बच्चे इस योजना के दायरे से बाहर हैं, क्योंकि उनकी उम्र तीन वर्ष से कम है। इन 12 नौनिहालों के लिए भी शिक्षक पवन कुमार खन्ना पिछले कुछ महीनों से अपनी जेब से केले खरीदकर ला रहे हैं। उनका कहना है कि जब सभी बच्चे एक ही परिसर में हैं तो फल खाते समय किसी बच्चे को यह महसूस नहीं होना चाहिए कि वह किसी योजना का हिस्सा नहीं हैं। उनका प्रयास रहता है कि 85 बच्चों को एक साथ बैठाकर फल खिलाया जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed