{"_id":"61fbd1d5fe246f14a55ed29c","slug":"nhm-employees-on-strike-tb-sputum-test-center-closed-chamba-news-sml398451520","type":"story","status":"publish","title_hn":"एनएचएम कर्मचारी हड़ताल पर, टीबी-बलगम जांच केंद्र बंद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एनएचएम कर्मचारी हड़ताल पर, टीबी-बलगम जांच केंद्र बंद
विज्ञापन
मांगों को लेकर उपायुक्त डीसी राणा को ज्ञापन देते एनएचएम कर्मचारी।
- फोटो : Chamba
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चंबा। एनएचएम (राज्य स्वास्थ्य समिति) कर्मचारियों के हड़ताल पर जाने से चंबा अस्पताल में टीबी टेस्ट बंद हो गए हैं। दो दिनों से केंद्र में टेस्ट नहीं हो रहे हैं। डॉक्टर खांसी वाले मरीजों को टीबी की जांच करवाने के लिए लिखते हैं। मगर जांच केंद्र में एनएचएम के तहत रखे लैब तकनीशियन हड़ताल पर होने से मरीजों के टेस्ट नहीं हो पा रहे हैं।
इसकी वजह से मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अस्पताल में रोजाना 15 से 20 मरीजों को टीबी जांच के लिए डॉक्टर लिखते हैं। पिछले दो दिनों से अस्पताल में बलगम जांच करवाने के लिए मरीजों को दरबदर भटकना पड़ रहा है। बलगम जांच केंद्र के अलावा कोरोना वैक्सीनेशन और सैंपलिंग कार्यों में भी बाधा पेश आ रही है। इन कार्यों को अमलीजामा पहनाने के लिए कई एनएचएम कर्मचारियों की ड्यूटी लगी है। यह कर्मचारी पिछले दो दिनों से सांकेतिक हड़ताल पर हैं। कर्मचारी कार्यालय तो आ रहे हैं, लेकिन अपना काम नहीं कर रहे हैं।
वीरवार को राज्य स्वास्थ्य समिति अनुबंध कर्मचारी संघ ने जिलाधीश चंबा के माध्यम से सरकार को ज्ञापन भेजा। इसमें उन्होंने सरकार को चेतावनी दी कि उनकी मांगें जल्द नहीं मानी गई तो वे काम का पूर्ण रूप से बहिष्कार कर देंगे। इसके बाद जो भी परिस्थिति पैदा होगी। उसकी जिम्मेदारी सरकार और प्रशासन की होगी।
विज्ञापन
संघ के जिला अध्यक्ष नरेंद्र कुमार ने बताया कि 23 सालों से कर्मचारी स्वास्थ्य विभाग में सेवाएं दे रहे हैं। लेकिन, आज तक किसी भी सरकार ने उन्हें नियमित करने की जहमत नहीं उठाई। इसके अलावा उन्हें नियमित पे स्केल भी नहीं दिया जा रहा है। सरकार की इस नजरअंदाजी से नाराज होकर कर्मचारियों को हड़ताल का रास्ता अपना पड़ा है। राज्य की ओर से उन्हें जो आदेश होंगे, उसके आधार पर जिला कार्यकारिणी आगामी रणनीति बनाएगी। उपायुक्त चंबा डीसी राणा ने कर्मचारियों को आश्वासन दिया कि उनके मांगपत्र को सरकार तक पहुंचा दिया जाएगा।
विज्ञापन
इसकी वजह से मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अस्पताल में रोजाना 15 से 20 मरीजों को टीबी जांच के लिए डॉक्टर लिखते हैं। पिछले दो दिनों से अस्पताल में बलगम जांच करवाने के लिए मरीजों को दरबदर भटकना पड़ रहा है। बलगम जांच केंद्र के अलावा कोरोना वैक्सीनेशन और सैंपलिंग कार्यों में भी बाधा पेश आ रही है। इन कार्यों को अमलीजामा पहनाने के लिए कई एनएचएम कर्मचारियों की ड्यूटी लगी है। यह कर्मचारी पिछले दो दिनों से सांकेतिक हड़ताल पर हैं। कर्मचारी कार्यालय तो आ रहे हैं, लेकिन अपना काम नहीं कर रहे हैं।
विज्ञापन
वीरवार को राज्य स्वास्थ्य समिति अनुबंध कर्मचारी संघ ने जिलाधीश चंबा के माध्यम से सरकार को ज्ञापन भेजा। इसमें उन्होंने सरकार को चेतावनी दी कि उनकी मांगें जल्द नहीं मानी गई तो वे काम का पूर्ण रूप से बहिष्कार कर देंगे। इसके बाद जो भी परिस्थिति पैदा होगी। उसकी जिम्मेदारी सरकार और प्रशासन की होगी।
विज्ञापन
संघ के जिला अध्यक्ष नरेंद्र कुमार ने बताया कि 23 सालों से कर्मचारी स्वास्थ्य विभाग में सेवाएं दे रहे हैं। लेकिन, आज तक किसी भी सरकार ने उन्हें नियमित करने की जहमत नहीं उठाई। इसके अलावा उन्हें नियमित पे स्केल भी नहीं दिया जा रहा है। सरकार की इस नजरअंदाजी से नाराज होकर कर्मचारियों को हड़ताल का रास्ता अपना पड़ा है। राज्य की ओर से उन्हें जो आदेश होंगे, उसके आधार पर जिला कार्यकारिणी आगामी रणनीति बनाएगी। उपायुक्त चंबा डीसी राणा ने कर्मचारियों को आश्वासन दिया कि उनके मांगपत्र को सरकार तक पहुंचा दिया जाएगा।