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नवजात बच्चों को चंबा मेडिकल कॉलेज नहीं देना चाहता पालना
Updated Sun, 26 Nov 2017 10:32 PM IST
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पंकज सलारिया
चंबा। चंबा मेडिकल कॉलेज प्रशासन बेसहारा नवजात बच्चों को पालना गृह देने में लापरवाही बरत रहा है। एक साल पहले जिला बाल संरक्षण इकाई ने चंबा मेडिकल कॉलेज में पालना गृह खोलने के लिए पत्राचार किया था। मगर अभी तक चंबा मेडिकल कॉलेज में पालना गृह शुरू नहीं हो पाया है। पालना गृह के मामले में सिविल अस्पताल डलहौजी का रिस्पांस काफी बेहतर रहा। जिला बाल संरक्षण इकाई ने डलहौजी सिविल अस्तपाल में पालना गृह खोलने के बारे में पत्राचार 11 सितंबर को किया था। इस मामले को गंभीरता से लेते हुए सिविल अस्पताल डलहौजी ने मात्र ढाई घंटो में ही पालना गृह शुरू कर दिया है। जबकि इस मामले में जिले का सबसे बड़ा स्वास्थ्य संस्थान मेडिकल कॉलेज चंबा अब तक पीछे है।
गौरतलब है कि जिला बाल संरक्षण इकाई ने पिछले साल चंबा मेडिकल कॉलेज में पालना गृह खोलने के लिए पत्राचार किया था। इस बारे मुख्य चिकित्सा अधिकारी को भी पत्र जारी किया गया था। चार महीने बाद फिर से जिला बाल संरक्षण इकाई ने मेडिकल कॉलेज प्रबंधन को रिमाइंडर भेजा। मगर पालना गृह शुरू करने को लेकर कदम ताल शुरू नहीं हुई। करीब दो सप्ताह पहले ही जिला बाल संरक्षण अधिकारी इस मामले को लेकर उपायुक्त से मिले। उपायुक्त ने चंबा मेडिकल कॉलेज को जल्द पालना गृह खोलने के निर्देश दिए। बावजूद इसके अभी तक अस्पताल में पालना गृह शुरू नहीं हो पाया हैै।
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क्या है पालना गृह शुरू करने का मकसद
अगर कोई परिवार नवजात शिशु को अपनाना नहीं चाहते हैं या किसी व्यक्ति को नवजात शिशु मिलता है तो वे उसे पालना गृह में छोड़ सकता है। बच्चें को छोड़ने वाले व्यक्ति की पहचान गुप्त रहेगी। पालना गृह का मकसद लावारिस मिलने वाले बच्चों को बेहतर पालन पोषण प्रदान करना है।
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एक साल से कर रहे हैं प्रयास: गुप्ता
जिला बाल संरक्षण अधिकारी डॉ. पीके गुप्ता ने बताया कि पालना गृह को लेकर पिछले एक साल से चंबा मेडिकल कॉलेज प्रबंधन से पत्राचार किया जा रहा है। मगर अभी तक मेडिकल कॉलेज में पालना गृह नहीं खुला पाया है। उन्होंने कहा कि डलहौजी सिविल अस्पताल में पालना गृह शुरू हो चुका है।इस मामले को लेकर उपायुक्त ने भी पत्र मेडिकल कॉलेज को भेजा है। बावजूद इसके अभी तक मेडिकल कॉलेज प्रशासन इस मामले को लेकर खामोश है।
एक माह पहले मिला पत्र: ओहरी
चंबा मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. अनिल ओहरी कहते है कि उन्हें इस बारे में पत्र एक माह पहले ही मिला है। उन्होंने कहा कि इस बारे में व्यवस्था बनाई जा रही है। जल्द ही पालना गृह कॉलेज में शुरू करवा दिया जाएगा।
अस्पताल प्रशासन को दिए हैं निर्देश : सुदेश मोख्टा
डीसी चंबा सुदेश मोख्टा का कहना है कि मेडिकल कॉलेज चंबा में पालना गृह खोलने के बारे में मेडिकल कॉलेज प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि अगर पालना गृह नहीं खुला है तो पालना गृह न खुलने की वजह का पता लगाया जाएगा।