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Bilaspur News: कला में कैसे माहिर हों बच्चे 8 साल से अध्यापक ही नहीं

Wed, 09 Aug 2023 04:14 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Wed, 09 Aug 2023 04:14 PM IST
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How to be expert in art Children are not only teachers for 8 years
छंछयार मिडिल स्कूल में कई सालों से कला और शारीरिक अध्यापक का पद खाली
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-सरकार के बेहतरीन शिक्षा के दावे धरातल पर खोखले
-स्कूल में बच्चों की संख्या में हो रही लगातार कमी

संवाद न्यूज एजेंसी
घुमारवीं (बिलासपुर)। सरकार के दावों के विपरीत घुमारवीं उपमंडल की राजकीय माध्यमिक पाठशाला छंछयार में लगभग आठ सालों से कला अध्यापक का पद खाली चल रहा है। साथ ही शारीरिक अध्यापक का पद करीब दस साल से खाली चल रहा है।

सरकार बेशक हर मंच और कार्यक्रम में शिक्षा के बड़े-बड़े दावे करती हाे कि गुणवत्ता शिक्षा से किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जा सकता है। बच्चों को सरकारी स्कूलों में अच्छी शिक्षा उपलब्ध करवाई जाएगी। यह दावे छंछयार स्कूल में खोखले साबित हो रही हैं। अध्यापक न होने से बच्चों की संख्या में लगातार कमी हो रही है। स्कूल में नौ बच्चे शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। तीन शिक्षक स्कूल में सेवाएं दे रहे हैं। अध्यापकों के रिक्त पदों के कारण मजबूर हो कर अभिभावक अपने बच्चों को निजी स्कूलों में पढ़ाने के लिए मजबूर हो रहे हैं। इससे साल दर साल बच्चों की संख्या में निरंतर कमी हो रही है। स्थानीय लोगों ने भी कई बार इस संदर्भ में अध्यापकों से बात की तो उनकी तरफ से भी आश्वासन मिलता रहा है कि शीघ्र तैनाती हो जाएगी, लेकिन आज शिक्षक की तैनाती नहीं हुई है। उधर, उपनिदेशक शिक्षा विभाग बीडी शर्मा ने बताया कि स्कूल में रिक्त पदों के बारे में उच्च अधिकारियों को अवगत करवाया गया है, जैसे ही अध्यापकों की नई भर्ती होगी तो वहां पर पदों को भर दिया जाएगा।
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