{"_id":"64b934d15b06a6581c014387","slug":"health-checkup-of-truck-drivers-in-barmana-bilaspur-news-c-92-1-bls1002-2771-2023-07-20","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bilaspur News: बरमाणा में ट्रक चालकों का जांचा स्वास्थ्य","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bilaspur News: बरमाणा में ट्रक चालकों का जांचा स्वास्थ्य
विज्ञापन
बिलासपुर के बरमाणा में आयोजित स्वास्थ्य जांच शिविर में ट्रक चालकों के स्वास्थ्य की जांच करता डॉ
हेपेटाइटिस के बारे में दी जानकारी
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। ट्रकर परियोजना-बरमाणा ने बरमाणा में स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया। शिविर में डॉक्टर विवेक ने ट्रक चालकों के स्वास्थ्य की जांच की और उन्हें स्वास्थ्य संबंधी सलाह भी दी।
परियोजना प्रबंधक राजेश शर्मा ने बताया कि ट्रकर परियोजना लायुल ट्राइबल वेलफेयर एसोसिएशन हिमाचल प्रदेश राज्य एड्स नियंत्रण समिति-शिमला के सहयोग से चलाई जा रही है ताकि ट्रक चालकों को एचआईवी/एड्स और यौन रोगों के बारे में जागरूक किया गया। इसके साथ ही उन्हें हेपेटाइटिस के बारे में जागरूक किया गया। उन्होंने बताया कि हेपेटाइटिस लीवर से जुड़ी बीमारी है, जो वायरल इंफेक्शन के कारण होती है। इस बीमारी में लीवर में सूजन आ जाती है। हेपाटाइटिस ए, बी, सी, डी और ई पांच प्रकार का होता हैं। इन पांच वायरस को गंभीरता से लेना चाहिए। इन्हीं के कारण ही हेपेटाइटिस एक महामारी बनती जा रही है। हर साल इसकी वजह से होने वाली मौतों का आंकड़ा भी बढ़ता जा रहा है। हेपेटाइटिस का टाइप बी और सी लाखों लोगों में क्रोनिक बीमारी का कारण बन रहे हैं। इनके कारण लीवर सिरोसिस और कैंसर होता हैं।
उन्होंने बताया कि पीलिया होना, पेशाब का रंग बदलना, बहुत अधिक थकान महसूस होना, उल्टी या जी मचलाना, पेट में दर्द, सूजन महसूस होना, खुजली, भूख न लगना या कम लगना, अचानक से वजन कम हो जाना इत्यादि लक्षण महसूस होने पर शीघ्रता से अपनी जांच करवाए। स्वास्थ्य शिक्षक मीना शर्मा ने एचआईवी, एड्स और यौन रोगों के बारे में जानकारी प्रदान की। इस अवसर पर सुरेंद्र कुमार और मीना शर्मा भी उपस्थित रही।
विज्ञापन
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। ट्रकर परियोजना-बरमाणा ने बरमाणा में स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया। शिविर में डॉक्टर विवेक ने ट्रक चालकों के स्वास्थ्य की जांच की और उन्हें स्वास्थ्य संबंधी सलाह भी दी।
परियोजना प्रबंधक राजेश शर्मा ने बताया कि ट्रकर परियोजना लायुल ट्राइबल वेलफेयर एसोसिएशन हिमाचल प्रदेश राज्य एड्स नियंत्रण समिति-शिमला के सहयोग से चलाई जा रही है ताकि ट्रक चालकों को एचआईवी/एड्स और यौन रोगों के बारे में जागरूक किया गया। इसके साथ ही उन्हें हेपेटाइटिस के बारे में जागरूक किया गया। उन्होंने बताया कि हेपेटाइटिस लीवर से जुड़ी बीमारी है, जो वायरल इंफेक्शन के कारण होती है। इस बीमारी में लीवर में सूजन आ जाती है। हेपाटाइटिस ए, बी, सी, डी और ई पांच प्रकार का होता हैं। इन पांच वायरस को गंभीरता से लेना चाहिए। इन्हीं के कारण ही हेपेटाइटिस एक महामारी बनती जा रही है। हर साल इसकी वजह से होने वाली मौतों का आंकड़ा भी बढ़ता जा रहा है। हेपेटाइटिस का टाइप बी और सी लाखों लोगों में क्रोनिक बीमारी का कारण बन रहे हैं। इनके कारण लीवर सिरोसिस और कैंसर होता हैं।
विज्ञापन
उन्होंने बताया कि पीलिया होना, पेशाब का रंग बदलना, बहुत अधिक थकान महसूस होना, उल्टी या जी मचलाना, पेट में दर्द, सूजन महसूस होना, खुजली, भूख न लगना या कम लगना, अचानक से वजन कम हो जाना इत्यादि लक्षण महसूस होने पर शीघ्रता से अपनी जांच करवाए। स्वास्थ्य शिक्षक मीना शर्मा ने एचआईवी, एड्स और यौन रोगों के बारे में जानकारी प्रदान की। इस अवसर पर सुरेंद्र कुमार और मीना शर्मा भी उपस्थित रही।
विज्ञापन